बंगाल चुनाव: भाजपा ने आरजी कर पीड़िता की मां को प्रत्याशी बनाया, टीएमसी ने उठाए गंभीर सवाल
सारांश
Key Takeaways
- भाजपा ने आरजी कर पीड़िता की मां को पानीहाटी से प्रत्याशी बनाया।
- टीएमसी ने इस निर्णय पर कड़ी प्रतिक्रिया दी।
- सीबीआई जांच को लेकर विवाद बढ़ा।
- राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है।
- भाजपा ने १९ सीटों पर अपने उम्मीदवारों की घोषणा की।
कोलकाता, २५ मार्च (राष्ट्र प्रेस)। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा ने बुधवार को १९ उम्मीदवारों की तीसरी सूची जारी की। इस सूची में भाजपा ने आरजी कर पीड़िता की मां को पानीहाटी से चुनावी लड़ाई में शामिल किया है। इसके चलते राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। टीएमसी के नेता कुणाल घोष ने इस पर प्रतिक्रिया दी है।
कुणाल घोष ने एक वीडियो में कहा कि आरजी कर पीड़िता की मां भाजपा की उम्मीदवार बन गई हैं। हम इसका सम्मान करते हैं और उनकी सहानुभूति है, लेकिन उन्होंने खुद का सम्मान खो दिया है। पीड़िता के साथ हुए दुष्कर्म की हम कड़ी निंदा करते हैं। कोलकाता पुलिस ने २४ घंटे के भीतर दोषी को गिरफ्तार किया था। पीड़िता के माता-पिता ने सीबीआई जांच की मांग की थी और इस पर सीबीआई ने जांच की।
कुणाल घोष ने कहा कि सीबीआई ने कोलकाता पुलिस की जांच को सही ठहराया। ट्रायल कोर्ट, हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट ने भी जांच को मॉनिटर किया और इसे सही माना। इसके बाद माता-पिता सीबीआई जांच से भी संतुष्ट नहीं थे। उन्होंने कहा कि सीबीआई किसके अधीन है? सीबीआई भाजपा के अधीन आती है। अब भाजपा की उम्मीदवार बन गईं।
उन्होंने कहा कि पीड़िता के माता-पिता ने राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और गृह मंत्री से मिलने की कोशिश की थी। उन्होंने एक मिनट नहीं दिया और आपका अपमान किया। आप भाजपा की उम्मीदवार बनकर न्याय की मांग कर रही हैं। एक लड़की की मौत को लेकर आप राजनीति में आ गईं। उन्होंने कहा कि आपको इस सवाल का जवाब देना होगा कि आप जिस सीबीआई के खिलाफ थी, उसी पार्टी का उम्मीदवार बन गईं।
भाजपा की केंद्रीय चुनाव समिति ने पश्चिम बंगाल की १९ सीटों पर प्रत्याशियों के नामों की घोषणा की। इस सूची में कूचबिहार दक्षिण, राजगंज, इस्लामपुर, हेमताबाद, इंग्लिश बाजार, शांतिपुर, पानीहाटी, हावड़ा मध्य, उत्तरपाड़ा, सिंगूर, चंदननगर, चूंचुड़ा, हरिपाल, तमलुक, मेदिनीपुर, पूर्वस्थली दक्षिण, कटवा, सैंथिया और नलहाटी शामिल हैं।