सीएम धामी के जन्मदिन पर स्वामी अवधेशानंद गिरि ने गिनाईं उत्तराखंड की उपलब्धियाँ — UCC से कुंभ तक
सारांश
मुख्य बातें
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के जन्मदिन के अवसर पर हरिद्वार में आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि ने उन्हें शुभकामनाएँ देते हुए राज्य की प्रमुख उपलब्धियों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री धामी के नेतृत्व में उत्तराखंड ने कई ऐतिहासिक पड़ाव पार किए हैं।
यूसीसी और तीर्थस्थलों का विकास
स्वामी अवधेशानंद गिरि ने कहा कि उत्तराखंड देश का पहला राज्य है जिसने समान नागरिक संहिता (UCC) विधेयक पारित किया और सभी नागरिकों को समान अधिकार देने की दिशा में ठोस कदम उठाया। उन्होंने इसे एक ऐतिहासिक निर्णय बताया जो राज्य की पहचान को राष्ट्रीय स्तर पर मज़बूत करता है।
उन्होंने यह भी बताया कि राज्य के प्रमुख धार्मिक स्थलों — बद्रीनाथ, केदारनाथ, यमुनोत्री, गंगोत्री और हरिद्वार — में अभूतपूर्व विकास कार्य हुए हैं। घाटों को सुंदर बनाया गया है और तीर्थयात्रियों के लिए बुनियादी सुविधाओं में उल्लेखनीय सुधार हुआ है।
कुंभ की तैयारियाँ और संतों से बैठकें
स्वामी अवधेशानंद गिरि के अनुसार, आगामी कुंभ मेले को लेकर मुख्यमंत्री धामी उत्साहित हैं और उन्होंने संतों के साथ कई दौर की बैठकें भी की हैं। उनका कहना था कि कुंभ की तैयारियाँ पूरी तत्परता से चल रही हैं और राज्य सरकार इस आयोजन को सफल बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।
रोज़गार, शिक्षा और कनेक्टिविटी
स्वामी जी ने कहा कि राज्य में अपराध दर में कमी आई है, शिक्षा के क्षेत्र में विकास हुआ है और उत्तराखंड एक शिक्षा हब के रूप में उभर रहा है। रोज़गार के अवसर बढ़े हैं, रेल सुविधाओं का विस्तार हुआ है और राज्यभर में सड़कों का जाल बिछाया गया है। उनके अनुसार, मुख्यमंत्री धामी के नेतृत्व में राज्य सरकार सुशासन की दिशा में बेहतर काम कर रही है।
परमार्थ निकेतन और अन्य शुभकामनाएँ
परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानंद सरस्वती ने भी मुख्यमंत्री धामी को जन्मदिन की शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा, 'देवभूमि उत्तराखंड के कर्मठ एवं कर्मयोगी मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को परमार्थ निकेतन, ऋषिकेश की ओर से जन्मदिवस की अनंत मंगलकामनाएँ। माँ गंगा और हिमालय की पावन धरती की दिव्य कृपा सदैव आपके जीवन पर बनी रहे।' उन्होंने मुख्यमंत्री के लिए आरोग्य, आनंद, यश, शक्ति और दीर्घायु की कामना की।
इसके अलावा, राष्ट्रीय दृष्टि दिव्यांगजन सशक्तिकरण संस्थान की बालिकाओं ने भी मुख्यमंत्री धामी को जन्मदिन की शुभकामनाएँ दीं। बालिकाओं द्वारा व्यक्त किए गए स्नेह और भावनाओं से मुख्यमंत्री भावुक हो गए और उनकी आँखें नम हो गईं। यह भावनात्मक क्षण मुख्यमंत्री के जनसंपर्क और जन-जुड़ाव को दर्शाता है।
आगे देखा जाए तो धामी सरकार के लिए कुंभ 2025 की सफल मेज़बानी और UCC के क्रियान्वयन की निगरानी दो प्रमुख कसौटियाँ होंगी।