ड्यूटी पर रील बनाना अनुशासनहीनता: CM योगी की UP पुलिसकर्मियों को कड़ी चेतावनी
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 18 जून 2025 को लखनऊ के लोकभवन सभागार में पुलिसकर्मियों को स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी कि ड्यूटी के दौरान सोशल मीडिया रील बनाना अनुशासनहीनता है और इससे न केवल संबंधित कर्मी, बल्कि पूरे विभाग की छवि धूमिल होती है। उन्होंने यह बातें उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड के नियुक्ति-पत्र वितरण समारोह में कहीं, जहाँ 930 कंप्यूटर ऑपरेटर (ग्रेड-ए) अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र सौंपे गए।
रील संस्कृति पर सख्त रुख
मुख्यमंत्री ने नवनियुक्त कर्मियों को संबोधित करते हुए कहा कि ऐसा कोई कार्य नहीं होना चाहिए जिससे व्यवस्था या विभाग उपहास का विषय बने। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकारी सेवा केवल नौकरी नहीं, बल्कि जनता के प्रति उत्तरदायित्व का अवसर है और सभी कर्मियों को अपने आचरण एवं कार्यशैली से विभाग की गरिमा बढ़ानी चाहिए।
भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता का दावा
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज शासन और प्रशासन में जवाबदेही और पारदर्शिता का नया वातावरण बना है। उनके अनुसार, भर्ती प्रक्रियाओं में न तो किसी प्रकार की सिफारिश चलती है और न ही भेदभाव के लिए कोई स्थान है। उन्होंने दावा किया कि यदि सरकार पूर्ववर्ती सरकारों की तरह निर्णयों को टालती रहती, तो पुलिस विभाग में सवा दो लाख से अधिक भर्तियाँ संभव नहीं हो पातीं।
कानून-व्यवस्था में सुधार के दावे
मुख्यमंत्री ने कहा कि 2017 से पहले प्रदेश में कानून-व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक थी — त्योहारों और धार्मिक आयोजनों से पहले दंगों और कर्फ्यू की आशंका बनी रहती थी। उनके अनुसार, पिछले नौ वर्षों में प्रदेश के किसी भी हिस्से में कर्फ्यू लगाने की आवश्यकता नहीं पड़ी। गौरतलब है कि ये दावे सरकारी आँकड़ों पर आधारित हैं और स्वतंत्र सत्यापन की आवश्यकता है।
तकनीकी सुदृढ़ीकरण और साइबर थाने
योगी ने बताया कि आधुनिक चुनौतियों से निपटने के लिए पुलिस व्यवस्था को तकनीकी रूप से मजबूत किया गया है। पहले प्रदेश में साइबर अपराध से संबंधित केवल एक थाना था, जबकि अब प्रत्येक जिले में साइबर थाना संचालित हो रहा है। उन्होंने पुलिस कमिश्नरेट व्यवस्था को भी महत्वपूर्ण प्रशासनिक सुधार बताया।
आर्थिक प्रगति और रोज़गार
मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था और प्रति व्यक्ति आय में उल्लेखनीय वृद्धि का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि औद्योगिक गतिविधियों के विस्तार से रोज़गार के नए अवसर पैदा हुए हैं और प्रदेश देश की अग्रणी अर्थव्यवस्थाओं में अपनी उपस्थिति दर्ज करा रहा है। आगे भी पुलिस बल के आधुनिकीकरण और विस्तार की प्रक्रिया जारी रहने की संभावना है।