जेएनयू यौन उत्पीड़न मामला: कांग्रेस सांसद बिमोल अकोइजम को दिल्ली पुलिस का समन, गुरुवार को पूछताछ
सारांश
मुख्य बातें
दिल्ली पुलिस ने जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) में यौन उत्पीड़न के आरोपों के सिलसिले में कांग्रेस सांसद अंगोमचा बिमोल अकोइजम को गुरुवार, 16 अक्टूबर 2026 को पूछताछ के लिए बुलाया है। पुलिस ने 11 अक्टूबर 2026 को जेएनयू के मुख्य सुरक्षा अधिकारी की शिकायत के आधार पर वसंत कुंज नॉर्थ पुलिस स्टेशन में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की थी। अकोइजम इस एफआईआर में नामजद हैं और विश्वविद्यालय द्वारा उन्हें प्रोफेसर पद से बर्खास्त भी किया जा चुका है।
मुख्य आरोप और शिकायतें
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, मई 2026 में 11 छात्राओं ने अकोइजम के खिलाफ यौन उत्पीड़न की शिकायतें दर्ज कराई थीं। शिकायतों में कथित तौर पर आरोप लगाया गया है कि उन्होंने छात्राओं को बैठक या किसी कार्यक्रम का बहाना बनाकर अपने कैंपस स्थित आवास पर बुलाया और उनके साथ यौन उत्पीड़न करने की कोशिश की। कुछ छात्राओं ने यह भी आरोप लगाया है कि उन्होंने कक्षाओं में अश्लील और अनुचित टिप्पणियाँ कीं।
बताया गया है कि विश्वविद्यालय द्वारा उन्हें बर्खास्त किए जाने के निर्णय से पूर्व हुई आंतरिक जांच में इन आरोपों और शिकायतों की पड़ताल की गई थी।
जांच की स्थिति
अधिकारियों के अनुसार, दिल्ली पुलिस इस मामले की सक्रिय जांच कर रही है। एफआईआर वसंत कुंज नॉर्थ पुलिस स्टेशन में दर्ज है और पूछताछ उसी क्रम में अगली कड़ी है। पुलिस ने अभी तक इस विषय पर विस्तृत सार्वजनिक बयान नहीं दिया है।
भाजपा की राजनीतिक प्रतिक्रिया
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने इस मामले को लेकर कांग्रेस और विशेष रूप से लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी पर निशाना साधा है। पार्टी ने सवाल उठाया है कि अकोइजम के खिलाफ अब तक कोई ठोस कार्रवाई क्यों नहीं की गई, और पूछा है कि क्या विपक्ष के नेता का 'पितृसत्ता खत्म करने' का बयान महज राजनीतिक बयानबाजी है।
14 अक्टूबर को भाजपा के कई नेताओं ने राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) की अध्यक्ष विजया रहाटकर से मिलकर एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें कांग्रेस सांसद के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की माँग की गई।
राष्ट्रपति से मुलाकात और इस्तीफे की माँग
13 अक्टूबर को भाजपा की महिला सांसदों के एक प्रतिनिधिमंडल ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात कर अकोइजम के खिलाफ कार्रवाई की माँग रखी। भाजपा की महिला सांसदों का कहना है कि अंगोमचा बिमोल अकोइजम सांसद बने रहने के योग्य नहीं हैं और उन्हें तत्काल इस्तीफा देना चाहिए।
यह मामला ऐसे समय में राजनीतिक तूल पकड़ रहा है जब संसद में महिला सुरक्षा और उच्च शिक्षण संस्थानों में यौन उत्पीड़न रोकथाम के मुद्दे पहले से चर्चा में हैं। दिल्ली पुलिस की पूछताछ के बाद इस मामले में आगे की दिशा स्पष्ट हो सकती है।