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त्रिपुरा कांग्रेस में बड़ा संगठनात्मक फेरबदल, 9 जिलों में नए DCC अध्यक्षों की नियुक्ति

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त्रिपुरा कांग्रेस में बड़ा संगठनात्मक फेरबदल, 9 जिलों में नए DCC अध्यक्षों की नियुक्ति

सारांश

कांग्रेस ने त्रिपुरा में संगठन को नई धार देने के लिए 2 जून को 9 जिलों के DCC अध्यक्षों की नई टीम घोषित कर दी। AICC महासचिव केसी वेणुगोपाल द्वारा जारी सूची ‘संगठन सृजन अभियान’ का हिस्सा है, जिसके तहत पार्टी पूर्वोत्तर में अपनी खोई ज़मीन वापस पाने की रणनीति पर काम कर रही है।

मुख्य बातें

कांग्रेस ने 2 जून को त्रिपुरा के 9 जिलों के DCC अध्यक्षों की नई सूची जारी की।
AICC महासचिव केसी वेणुगोपाल द्वारा जारी विज्ञप्ति में नियुक्तियों को तत्काल प्रभाव से मंज़ूरी दी गई।
नियुक्तियाँ ‘संगठन सृजन अभियान’ के तहत, AICC पर्यवेक्षकों की रिपोर्ट के आधार पर तय हुईं।
अंबासा में जैकब रोखुम , बेलोनिया में शम्पा दत्ता , बिशालगढ़ में गोपीनाथ साहा , धर्मनगर में निरुपम दे , कैलाशहर में एमडी बदरुज्जमान अध्यक्ष बने।
सदर में तनमय रॉय कार्यकारी अध्यक्ष; सोनामुरा में रोसान अली , तेलियामुरा में प्रद्योत भट्टाचार्य , उदयपुर में थान पॉल नियुक्त।

कांग्रेस पार्टी ने त्रिपुरा में संगठनात्मक ढाँचे को मज़बूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए 2 जून को राज्य के विभिन्न जिलों के लिए जिला कांग्रेस कमेटी (DCC) अध्यक्षों की नई टीम की घोषणा कर दी। यह फेरबदल पार्टी के राष्ट्रव्यापी ‘संगठन सृजन अभियान’ के तहत किया गया है, जिसका मक़सद ज़मीनी स्तर पर पार्टी के नेतृत्व को नई धार देना है।

मुख्य घटनाक्रम

ऑल इंडिया कांग्रेस कमेटी (AICC) के महासचिव केसी वेणुगोपाल द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, कांग्रेस अध्यक्ष ने त्रिपुरा के विभिन्न जिलों के लिए DCC अध्यक्षों की नियुक्ति के प्रस्ताव को तत्काल प्रभाव से मंज़ूरी दे दी है। यह सूची व्यापक समीक्षा प्रक्रिया के बाद अंतिम रूप दी गई।

किसे, कहाँ की मिली ज़िम्मेदारी

घोषित सूची के अनुसार, अंबासा जिले की कमान जैकब रोखुम, बेलोनिया की शम्पा दत्ता, बिशालगढ़ की गोपीनाथ साहा, धर्मनगर की निरुपम दे और कैलाशहर की कमान एमडी बदरुज्जमान को सौंपी गई है, जबकि सत्यबान दास को वहाँ कार्यकारी अध्यक्ष बनाया गया है।

सदर जिले में तनमय रॉय को कार्यकारी अध्यक्ष (वर्किंग प्रेसिडेंट) नियुक्त किया गया है। इसके अलावा सोनामुरा से रोसान अली, तेलियामुरा से प्रद्योत भट्टाचार्य और उदयपुर से थान पॉल के नाम भी सूची में शामिल हैं।

कैसे तय हुए नाम

पार्टी सूत्रों के अनुसार, प्रत्येक जिले के लिए नियुक्त AICC पर्यवेक्षकों ने ज़मीनी स्तर पर व्यापक समीक्षा की, स्थानीय पदाधिकारियों और संबंधित पक्षों से चर्चा की और अपनी विस्तृत रिपोर्ट केंद्रीय नेतृत्व को सौंपी। रिपोर्ट मिलने के बाद नेतृत्व ने हर पर्यवेक्षक और वरिष्ठ नेताओं के साथ अलग-अलग बैठकें कीं, और उसी विचार-विमर्श के आधार पर नए जिला अध्यक्षों के नामों को अंतिम रूप दिया गया।

क्यों मायने रखता है

त्रिपुरा में कांग्रेस लंबे समय से संगठनात्मक कमज़ोरी से जूझ रही है, जहाँ भाजपा सत्ता में है और वामपंथी दल मुख्य विपक्ष की भूमिका में रहे हैं। यह नियुक्तियाँ ऐसे समय में आई हैं जब पार्टी पूर्वोत्तर में अपनी खोई ज़मीन वापस पाने की कोशिश कर रही है। गौरतलब है कि ‘संगठन सृजन अभियान’ कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के कार्यकाल में पार्टी के राष्ट्रव्यापी पुनर्गठन का सबसे बड़ा प्रयास माना जा रहा है।

आगे क्या

पार्टी नेतृत्व का मानना है कि नए जिला अध्यक्ष कार्यकर्ताओं को संगठित करने, जनसंपर्क बढ़ाने और आगामी राजनीतिक चुनौतियों का प्रभावी ढंग से सामना करने में अहम भूमिका निभाएँगे। कांग्रेस ने स्पष्ट किया है कि संगठन सृजन अभियान के माध्यम से पार्टी देशभर में संगठनात्मक ढाँचे को मज़बूत करने और स्थानीय नेतृत्व को अधिक ज़िम्मेदारी देने की दिशा में लगातार काम कर रही है।

संपादकीय दृष्टिकोण

और संगठनात्मक ढाँचा कई जिलों में लगभग निष्क्रिय रहा है। ‘संगठन सृजन अभियान’ की असली परीक्षा नामों की घोषणा नहीं, बल्कि यह है कि क्या नए जिला अध्यक्ष बूथ-स्तर तक संगठन को जीवित कर पाएँगे। पूर्वोत्तर में कांग्रेस की चुनौती सिर्फ़ भाजपा से नहीं, बल्कि स्थानीय क्षत्रप दलों और टीपरा मोथा जैसे नए खिलाड़ियों से भी है। बिना ज़मीनी कैडर पुनर्जीवन के, यह सूची एक और प्रशासनिक कवायद बनकर रह सकती है।
RashtraPress
23 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

कांग्रेस के ‘संगठन सृजन अभियान’ के तहत त्रिपुरा में क्या घोषणा हुई?
कांग्रेस ने 2 जून को त्रिपुरा के 9 जिलों के लिए जिला कांग्रेस कमेटी (DCC) अध्यक्षों की नई टीम की घोषणा की। यह नियुक्तियाँ AICC पर्यवेक्षकों की समीक्षा रिपोर्ट और वरिष्ठ नेताओं के साथ विचार-विमर्श के बाद तय की गईं।
त्रिपुरा कांग्रेस के नए जिला अध्यक्षों की सूची किसने जारी की?
नई सूची ऑल इंडिया कांग्रेस कमेटी (AICC) के महासचिव केसी वेणुगोपाल द्वारा प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से जारी की गई। प्रस्ताव को कांग्रेस अध्यक्ष ने तत्काल प्रभाव से मंज़ूरी दी।
त्रिपुरा के किन जिलों के लिए नए अध्यक्ष नियुक्त हुए हैं?
अंबासा, बेलोनिया, बिशालगढ़, धर्मनगर, कैलाशहर, सदर, सोनामुरा, तेलियामुरा और उदयपुर के लिए नए अध्यक्ष/कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किए गए हैं। कैलाशहर और सदर में अलग से कार्यकारी अध्यक्ष भी बनाए गए हैं।
‘संगठन सृजन अभियान’ का उद्देश्य क्या है?
यह कांग्रेस का राष्ट्रव्यापी संगठनात्मक पुनर्गठन अभियान है, जिसका मक़सद देशभर में पार्टी के ढाँचे को मज़बूत करना और स्थानीय नेतृत्व को अधिक ज़िम्मेदारी देना है। प्रत्येक जिले में AICC पर्यवेक्षक भेजकर ज़मीनी समीक्षा के आधार पर निर्णय लिए जा रहे हैं।
त्रिपुरा में कांग्रेस के लिए यह फेरबदल क्यों अहम है?
त्रिपुरा में कांग्रेस लंबे समय से संगठनात्मक रूप से कमज़ोर रही है, जहाँ भाजपा सत्ता में है। नए जिला अध्यक्षों से पार्टी को कार्यकर्ताओं को संगठित करने, जनसंपर्क बढ़ाने और आगामी चुनावी चुनौतियों का सामना करने में मदद की उम्मीद है।
राष्ट्र प्रेस
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