दिल्ली दशहरा पर 30 फुट कॉकरोच पुतला विवाद: आप ने एलजी और पुलिस कमिश्नर से FIR की मांग की
सारांश
मुख्य बातें
आम आदमी पार्टी (AAP) के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने 20 अक्टूबर 2026 को दिल्ली के उपराज्यपाल और पुलिस कमिश्नर को औपचारिक शिकायत भेजी, जिसमें पीतमपुरा स्थित एनएसपी में आयोजित दशहरा महोत्सव के दौरान रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतलों के साथ 30 फुट ऊंचा कॉकरोच का पुतला जलाए जाने पर कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने इस घटना को सनातन परंपराओं और धार्मिक भावनाओं का अपमान करार देते हुए तत्काल कानूनी कार्रवाई की मांग की।
मुख्य घटनाक्रम
श्री केशव रामलीला समिति द्वारा आयोजित इस दशहरा कार्यक्रम में पारंपरिक पुतलों के अतिरिक्त 30 फुट का कॉकरोच का पुतला भी दहन किया गया। यह आयोजन दिल्ली के पीतमपुरा क्षेत्र के नेताजी सुभाष प्लेस (एनएसपी) में हुआ। घटना से संबंधित फोटो, वीडियो और प्रचार सामग्री समाचार चैनलों, डिजिटल पोर्टलों और एक्स, फेसबुक तथा यूट्यूब जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों पर तेज़ी से प्रसारित हुई।
भारद्वाज ने अपनी शिकायत में श्री केशव रामलीला समिति के आयोजकों, समिति के अध्यक्ष अशोक गोयल देवराहा और दिल्ली सरकार के मंत्री कपिल मिश्रा के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं में प्राथमिकी (FIR) दर्ज करने की माँग की है।
आप की आपत्ति और आरोप
भारद्वाज ने कहा कि विजयदशमी हिंदू धर्म का एक महत्वपूर्ण पर्व है, जो बुराई पर अच्छाई की विजय का प्रतीक है। उनके अनुसार, इस धार्मिक अवसर पर कॉकरोच का पुतला शामिल करना सनातन परंपराओं को विकृत करने और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुँचाने का प्रयास है।
उन्होंने शिकायत में यह भी आरोप लगाया कि यह घटना कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) को लेकर चल रही राजनीतिक और सामाजिक चर्चाओं के बीच सामने आई है। कथित तौर पर उन्होंने आशंका जताई कि धार्मिक मंच का उपयोग किसी विशेष समूह को प्रतीकात्मक रूप से निशाना बनाने के लिए किया गया, जिससे सामाजिक वैमनस्य और नफ़रत को बढ़ावा मिल सकता है।
शिकायत में उल्लेख किया गया कि कथित रूप से निशाने पर लिए गए समूह के नेतृत्व में दलित और वंचित पृष्ठभूमि से आने वाले युवा शामिल हैं। भारद्वाज ने कहा कि इस घटनाक्रम से राजधानी में सामाजिक तनाव और आपसी सद्भाव पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है।
प्रशासन से माँगें
भारद्वाज ने दिल्ली के उपराज्यपाल और पुलिस कमिश्नर से तीन प्रमुख माँगें रखी हैं। पहली, आयोजकों को कॉकरोच का पुतला जलाने से रोकने के लिए आवश्यक कानूनी एवं प्रशासनिक निर्देश जारी किए जाएँ। दूसरी, मुख्यधारा के मीडिया संस्थानों, डिजिटल पोर्टलों और एक्स, फेसबुक तथा यूट्यूब को संबंधित सामग्री हटाने के निर्देश दिए जाएँ। तीसरी, यदि कोई प्रकाशक या डिजिटल मंच कानूनी निर्देशों का उल्लंघन करता पाया जाए तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
विस्तृत जाँच की माँग
शिकायत के अंत में आप नेता ने पूरे मामले की विस्तृत जाँच कराने का आग्रह किया है। उनका कहना है कि जाँच में यह स्पष्ट किया जाना चाहिए कि धार्मिक आयोजन में पारंपरिक पुतलों के अतिरिक्त कॉकरोच का पुतला शामिल करने के पीछे क्या उद्देश्य था और क्या इसके माध्यम से किसी सामाजिक या राजनीतिक समूह को निशाना बनाने की कोशिश की गई।
गौरतलब है कि यह विवाद ऐसे समय में सामने आया है जब राजधानी में राजनीतिक प्रतिस्पर्धा तीखी हो चुकी है। भारद्वाज ने अधिकारियों से मामले में तत्काल कार्रवाई करते हुए दिल्ली में शांति, सामाजिक सद्भाव और धार्मिक परंपराओं की गरिमा बनाए रखने की अपील की है। अब देखना यह होगा कि उपराज्यपाल और पुलिस प्रशासन इस शिकायत पर क्या रुख अपनाते हैं।