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दिल्ली पुलिस ने डकैती व धोखाधड़ी के दो घोषित अपराधियों को दबोचा, लंबे समय से थे फरार

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दिल्ली पुलिस ने डकैती व धोखाधड़ी के दो घोषित अपराधियों को दबोचा, लंबे समय से थे फरार

सारांश

दिल्ली पुलिस की सेंट्रल जिला एंटी-नारकोटिक्स सेल ने एक ही दिन दो घोषित अपराधियों को दबोचा — एक डकैती व आर्म्स एक्ट का आरोपी, दूसरा धोखाधड़ी के मामले में वांछित। दोनों अदालत की नज़र से बचते हुए लंबे समय से फरार थे।

मुख्य बातें

दिल्ली पुलिस की सेंट्रल जिला एंटी-नारकोटिक्स सेल ने 10 जुलाई को दो घोषित अपराधियों को गिरफ्तार किया।
आकाश उर्फ गोलू (निवासी लोनी, गाजियाबाद) को केकेडी कोर्ट इलाके से दबोचा गया; उस पर डकैती व आर्म्स एक्ट के तहत पाँच पूर्व आपराधिक मामले दर्ज हैं।
55 वर्षीया कांति देवी (निवासी सोनिया विहार) को धोखाधड़ी व जालसाजी ( धारा 420, 468, 471 ) के मामले में गिरफ्तार किया गया।
अभियान इंस्पेक्टर राहुल अधिकारी के नेतृत्व और एसीपी पदम सिंह राणा की निगरानी में संचालित हुआ।
डीसीपी रोहित राजबीर सिंह, आईपीएस ने कहा कि घोषित अपराधियों के विरुद्ध यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।

दिल्ली पुलिस के सेंट्रल जिले की एंटी-नारकोटिक्स सेल ने 10 जुलाई 2026 को घोषित अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत बड़ी कामयाबी हासिल की। पुलिस ने अलग-अलग कार्रवाइयों में डकैती, आर्म्स एक्ट और धोखाधड़ी के मामलों में वांछित दो घोषित अपराधियों को गिरफ्तार किया, जो लंबे समय से अदालती कार्यवाही से बचते हुए फरार चल रहे थे।

अभियान की रूपरेखा

सेंट्रल जिले में घोषित अपराधियों और जिला बदर व्यक्तियों के विरुद्ध लगातार विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में एएसआई मनीष, हेड कांस्टेबल अनुज कुमार और महिला कांस्टेबल हिमांशी की एक विशेष टीम गठित की गई। यह टीम इंस्पेक्टर राहुल अधिकारी के नेतृत्व और एसीपी पदम सिंह राणा की निगरानी में स्थानीय खुफिया सूचना एकत्र करते हुए मैनुअल सर्विलांस के माध्यम से दोनों आरोपियों तक पहुँची।

पहली गिरफ्तारी: आकाश उर्फ गोलू

पुलिस को सूचना मिली कि घोषित अपराधी आकाश उर्फ गोलू (आयु लगभग 30 वर्ष), निवासी लोनी, गाजियाबाद (उत्तर प्रदेश), दिल्ली के केकेडी कोर्ट इलाके में मौजूद है। टीम ने तत्काल छापा मारकर उसे गिरफ्तार कर लिया। 15 अप्रैल को केकेडी कोर्ट की जेएमएफसी-4 अदालत ने उसे घोषित अपराधी घोषित किया था। यह मामला करावल नगर थाना में दर्ज भारतीय न्याय संहिता की धारा 392/34 और आर्म्स एक्ट की धारा 25/27/54 से संबंधित है।

जाँच में सामने आया कि आकाश उर्फ गोलू का आपराधिक इतिहास विस्तृत है — करावल नगर, गीता कॉलोनी और गांधी नगर थानों में डकैती, चोरी, सरकारी कार्य में बाधा समेत पाँच आपराधिक मामले पहले से दर्ज हैं।

दूसरी गिरफ्तारी: कांति देवी

उसी दिन पुलिस को दूसरी सूचना प्राप्त हुई कि 55 वर्षीया कांति देवी, निवासी सोनिया विहार, दिल्ली, अपने इलाके में मौजूद हैं। टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उन्हें भी गिरफ्तार कर लिया। रिकॉर्ड की जाँच में पाया गया कि 30 मई को तीस हजारी कोर्ट के जेएमएफसी-II की अदालत ने एफआईआर संख्या 75/08 में उन्हें घोषित अपराधी घोषित किया था। यह मामला कश्मीरी गेट थाना में दर्ज धारा 420, 468 और 471 के तहत धोखाधड़ी और जालसाजी से जुड़ा है।

आगे की कार्रवाई

सेंट्रल जिला पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) रोहित राजबीर सिंह, आईपीएस ने बताया कि घोषित अपराधियों के विरुद्ध यह विशेष अभियान निरंतर जारी रहेगा। पुलिस का स्पष्ट उद्देश्य ऐसे फरार आरोपियों को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत करना है, ताकि कानून से बचने की कोशिश करने वालों पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सके। दोनों गिरफ्तार आरोपियों को सभी कानूनी औपचारिकताएँ पूरी करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली सवाल यह है कि ये आरोपी वर्षों तक अदालती प्रक्रिया से क्यों बचते रहे। कांति देवी के मामले में एफआईआर वर्ष 2008 की है — यानी मामला डेढ़ दशक से अधिक समय तक लंबित रहा। यह न्यायिक प्रणाली में फरारी की निगरानी के अंतरालों को उजागर करता है, जिन पर ध्यान देना ज़रूरी है।
RashtraPress
12 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दिल्ली पुलिस ने किन दो घोषित अपराधियों को गिरफ्तार किया?
दिल्ली पुलिस ने आकाश उर्फ गोलू (निवासी लोनी, गाजियाबाद) और कांति देवी (निवासी सोनिया विहार, दिल्ली) को गिरफ्तार किया। आकाश डकैती व आर्म्स एक्ट के मामले में और कांति देवी धोखाधड़ी व जालसाजी के मामले में वांछित थीं।
आकाश उर्फ गोलू पर कौन-से मामले दर्ज हैं?
आकाश उर्फ गोलू पर करावल नगर थाना में भारतीय न्याय संहिता की धारा 392/34 और आर्म्स एक्ट की धारा 25/27/54 के तहत मामला दर्ज है। इसके अलावा करावल नगर, गीता कॉलोनी और गांधी नगर थानों में डकैती व चोरी समेत पाँच पूर्व आपराधिक मामले भी उसके नाम हैं।
कांति देवी के खिलाफ क्या मामला है?
कांति देवी के खिलाफ कश्मीरी गेट थाना में एफआईआर संख्या 75/08 के तहत धारा 420, 468 और 471 के तहत धोखाधड़ी और जालसाजी का मामला दर्ज है। तीस हजारी कोर्ट के जेएमएफसी-II ने 30 मई को उन्हें घोषित अपराधी घोषित किया था।
यह गिरफ्तारी किस अभियान के तहत हुई?
यह गिरफ्तारी दिल्ली पुलिस के सेंट्रल जिले में घोषित अपराधियों और जिला बदर व्यक्तियों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत हुई। अभियान इंस्पेक्टर राहुल अधिकारी के नेतृत्व और एसीपी पदम सिंह राणा की निगरानी में संचालित किया गया।
क्या दिल्ली पुलिस का यह अभियान आगे भी जारी रहेगा?
हाँ, डीसीपी रोहित राजबीर सिंह, आईपीएस ने स्पष्ट किया है कि घोषित अपराधियों के विरुद्ध यह विशेष अभियान निरंतर जारी रहेगा। पुलिस का लक्ष्य सभी फरार आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय के सामने पेश करना है।
राष्ट्र प्रेस
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