चुनाव आयोग ने आंध्र प्रदेश और मेघालय में एसआईआर की तारीखें बढ़ाईं, 16 और 26 अक्टूबर को अंतिम सूची
सारांश
मुख्य बातें
भारत निर्वाचन आयोग ने 30 सितंबर 2026 को आंध्र प्रदेश और मेघालय में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के संशोधित कार्यक्रम की घोषणा की, जिसके तहत दावों और आपत्तियों के निपटारे की समय सीमा तथा अंतिम मतदाता सूची प्रकाशन की तारीखें आगे बढ़ा दी गई हैं। आंध्र प्रदेश में दावे-आपत्तियों के निपटारे की अंतिम तिथि अब 10 अक्टूबर 2026 और अंतिम मतदाता सूची प्रकाशन की तिथि 16 अक्टूबर 2026 निर्धारित की गई है। यह निर्णय नई दिल्ली के निर्वाचन सदन में हुई बैठक में लिया गया, जिसमें तीनों चुनाव आयुक्त उपस्थित रहे।
बैठक में कौन रहे उपस्थित
चुनाव आयोग की प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, बुधवार को हुई इस बैठक में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के साथ-साथ चुनाव आयुक्त डॉ. एस.एस. संधू और चुनाव आयुक्त डॉ. विवेक जोशी भी मौजूद थे। बैठक में दोनों राज्यों की एसआईआर प्रक्रिया की समीक्षा के बाद तारीखें संशोधित करने का निर्णय लिया गया।
संशोधित कार्यक्रम की मुख्य तिथियाँ
आंध्र प्रदेश में संशोधित कार्यक्रम के अनुसार, दावों और आपत्तियों के निपटारे की अंतिम तिथि 10 अक्टूबर 2026 तथा अंतिम मतदाता सूची के प्रकाशन की तिथि 16 अक्टूबर 2026 निर्धारित की गई है। मेघालय में अंतिम मतदाता सूची 26 अक्टूबर 2026 को प्रकाशित की जाएगी।
गौरतलब है कि राज्य के सभी विधानसभा क्षेत्रों में मतदाता सूची का ड्राफ्ट पहले 31 जुलाई 2026 को प्रकाशित किया गया था। पात्रता की तारीख 1 जुलाई 2026 निर्धारित की गई थी।
तारीखें क्यों बढ़ाई गईं
आंध्र प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी विवेक यादव के अनुसार, कुछ विधानसभा क्षेत्रों में नो-मैपिंग और तार्किक विसंगतियों से जुड़े मामलों की सुनवाई अभी भी लंबित है। इसके अतिरिक्त फॉर्म-6, फॉर्म-7 और फॉर्म-8 में प्राप्त आवेदनों का निपटारा भी पूरी तरह नहीं हो सका है।
यह ऐसे समय में आया है जब राजनीतिक दलों और जिला निर्वाचन अधिकारियों ने बार-बार समय सीमा बढ़ाने का अनुरोध किया था, और मतदाताओं की ओर से अपेक्षित प्रतिक्रिया भी कम मिली। चुनाव आयोग के अनुसार, समय सीमा बढ़ाने का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी योग्य मतदाता गलती से सूची से बाहर न रह जाए।
तारीखें बदलने का इतिहास
मूल कार्यक्रम में दावे और आपत्तियाँ दाखिल करने की आखिरी तिथि 20 अगस्त 2026 निर्धारित थी। इसके बाद सितंबर की शुरुआत में चुनाव आयोग ने यह समय सीमा पहली बार बढ़ाकर 10 सितंबर की थी और निपटारे की तिथि 5 अक्टूबर तय की गई थी। वर्तमान संशोधन इस क्रम में तीसरा विस्तार है।
यह एसआईआर प्रक्रिया का एक महत्वपूर्ण चरण है, क्योंकि इसके आधार पर ही राज्य की अद्यतन मतदाता सूची तैयार होगी, जो भविष्य के किसी भी चुनाव की नींव बनेगी।
आगे की राह
संशोधित समय सीमाओं के साथ, चुनाव आयोग अब आंध्र प्रदेश में 16 अक्टूबर और मेघालय में 26 अक्टूबर तक मतदाता सूची को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया पूरी करेगा। अधिकारियों के अनुसार, लंबित मामलों के त्वरित निपटारे के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं ताकि निर्धारित तिथि पर अंतिम सूची जारी की जा सके।