एटा सड़क हादसा: कैंटर की टक्कर से रोडवेज बस के 4 यात्रियों की मौत, 11 घायल
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के एटा जिले में 3 जुलाई की देर रात एक भीषण सड़क दुर्घटना में 4 यात्रियों की मौत हो गई और 11 अन्य घायल हो गए, जिनमें से एक की स्थिति गंभीर बनी हुई है। एटा के जिलाधिकारी अरविंद सिंह ने इस हादसे की आधिकारिक पुष्टि की है।
मुख्य घटनाक्रम
बागवाला थाना क्षेत्र में किलरमऊ के नजदीक एटा डिपो की एक रोडवेज बस — जो फर्रुखाबाद से दिल्ली जा रही थी — रास्ते में खराब हो गई और सड़क किनारे मरम्मत के लिए रोकी गई थी। इसी दौरान एक तेज रफ्तार कैंटर ने पीछे से बस को जोरदार टक्कर मार दी, जिससे मौके पर चीख-पुकार मच गई।
जिलाधिकारी अरविंद सिंह के अनुसार, जब हादसा हुआ उस समय अधिकतर यात्री बस से बाहर सड़क किनारे खड़े थे, जबकि कुछ यात्री बस के भीतर बैठे थे। उन्होंने बताया कि जब कैंटर बस के नजदीक पहुँचा, उसी समय सामने से एक ट्रक भी आ गया। बचाव के प्रयास में कैंटर ने पीछे से ट्रक को टक्कर मार दी।
हताहतों का ब्योरा
बस के भीतर बैठे यात्रियों को मामूली चोटें आई हैं, किंतु सड़क किनारे खड़े यात्री गंभीर रूप से घायल हुए। सभी घायलों को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ चिकित्सकों ने चार यात्रियों को मृत घोषित किया। कुल 11 यात्री घायल हैं और एक यात्री की हालत नाजुक बनी हुई है। अब तक मृतकों की पहचान नहीं हो सकी है।
प्रशासन की प्रतिक्रिया
घटना की सूचना मिलते ही एसपी सिटी, एसडीएम, सीओ सिटी और सीओ सदर समेत पुलिस-प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी अस्पताल पहुँचे। पुलिस टीम ने मौके पर पहुँचकर घायलों को एम्बुलेंस से अस्पताल भिजवाया। जिलाधिकारी अरविंद सिंह ने कहा कि हादसे के सही कारणों की पड़ताल के लिए जाँच शुरू की जाएगी और आगे की कार्रवाई जारी है।
आम जनता पर असर
यह हादसा ऐसे समय में आया है जब उत्तर प्रदेश के राजमार्गों पर रात्रिकालीन सड़क दुर्घटनाओं की संख्या लगातार चिंताजनक बनी हुई है। खराब वाहन को सड़क किनारे बिना पर्याप्त सुरक्षा चेतावनी के खड़ा रखना और तेज रफ्तार भारी वाहनों का संयोजन इस त्रासदी की जड़ में दिखता है। गौरतलब है कि रोडवेज बसों की मरम्मत के दौरान यात्रियों की सुरक्षा को लेकर कोई स्पष्ट प्रोटोकॉल न होना एक पुरानी समस्या रही है।
क्या होगा आगे
जिला प्रशासन ने जाँच के आदेश दे दिए हैं। अस्पताल में गंभीर रूप से घायल यात्री का उपचार जारी है और उनकी स्थिति पर नजर रखी जा रही है। मृतकों की पहचान की प्रक्रिया भी जारी है।