8 अक्टूबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

महाराष्ट्र सूखा: CM फडणवीस ने अमित शाह को दी जानकारी, 32 जिले प्रभावित; NDRF सहायता की माँग

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
महाराष्ट्र सूखा: CM फडणवीस ने अमित शाह को दी जानकारी, 32 जिले प्रभावित; NDRF सहायता की माँग

सारांश

महाराष्ट्र के 32 जिले गंभीर सूखे की चपेट में हैं और 80% तालुका प्रभावित हैं। CM फडणवीस ने दिल्ली में अमित शाह को ब्रीफ कर NDRF सहायता माँगी। केंद्रीय टीम 8 से 11 अक्टूबर तक दौरा करेगी। राज्य सरकार तब तक अपने संसाधनों से किसानों को राहत देने की तैयारी में है।

मुख्य बातें

CM देवेंद्र फडणवीस ने 7 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली में गृह मंत्री अमित शाह से मिलकर महाराष्ट्र के सूखे की जानकारी दी।
राज्य के 32 जिले गंभीर सूखे से प्रभावित; 80% तालुकाओं पर बुरा असर।
केंद्रीय टीम 8 से 11 अक्टूबर 2026 के बीच महाराष्ट्र का दौरा कर तथ्य-खोज रिपोर्ट देगी।
NDRF के तहत वित्तीय सहायता राज्य प्रस्ताव और केंद्रीय टीम की रिपोर्ट के आधार पर तय होगी।
23,000 गाँवों में फसल सर्वेक्षण पूरा; लगभग 20 तालुकों में राहत प्रक्रिया शुरू।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से नागपुर हवाई अड्डे के लिए 27 एकड़ रक्षा भूमि आवंटन पर भी चर्चा हुई।

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने 7 अक्टूबर 2026 को अपने दो दिवसीय नई दिल्ली दौरे के दौरान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की और उन्हें राज्य में फैले गंभीर सूखे की स्थिति से विस्तारपूर्वक अवगत कराया। फडणवीस ने केंद्र से राष्ट्रीय आपदा राहत कोष (NDRF) के तहत विशेष वित्तीय सहायता का अनुरोध किया, जिसे लेकर शाह ने अधिकतम केंद्रीय सहायता का आश्वासन दिया।

सूखे का दायरा और प्रभावित क्षेत्र

मुख्यमंत्री फडणवीस ने बताया कि महाराष्ट्र के लगभग 32 जिले इस समय गंभीर सूखे की चपेट में हैं, जिनमें से लगभग 80 प्रतिशत तालुका बुरी तरह प्रभावित हैं। राज्य सरकार ने पहले से ही लगभग 20 तालुकों में फसल क्षति के आधार पर सूखा राहत प्रदान करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इसके अलावा, लगभग 23,000 गाँवों में फसल सर्वेक्षण पूरा हो चुका है और शेष कार्य तेज़ी से जारी है।

केंद्रीय टीम का दौरा और आकलन प्रक्रिया

जमीनी हालात का आकलन करने के लिए एक केंद्रीय टीम 8 से 11 अक्टूबर 2026 के बीच महाराष्ट्र के विभिन्न हिस्सों का दौरा करेगी। टीम अपने भौतिक निरीक्षण के आधार पर एक तथ्य-खोज रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी, जिसके आधार पर NDRF के तहत वित्तीय सहायता संबंधी अंतिम निर्णय लिया जाएगा।

गौरतलब है कि यह निर्णय राज्य सरकार के प्रस्ताव और केंद्रीय टीम की आकलन रिपोर्ट — दोनों के संयुक्त आधार पर होगा।

आकलन मानदंड और कृषि मंत्री से चर्चा

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के साथ हुई बातचीत का उल्लेख करते हुए फडणवीस ने स्पष्ट किया कि सूखे के आकलन में उपग्रह इमेजरी मापदंडों के साथ-साथ वर्षा की कमी, भूजल स्तर, फसल क्षति और भौतिक निरीक्षण जैसे कारकों को भी शामिल किया जाएगा। उन्होंने यह भी जोड़ा कि यदि कोई तालुका उपग्रह इमेजरी के मानदंड पूरे नहीं करता, तो भी उसे अन्य मापदंडों के आधार पर राहत के दायरे में रखा जाएगा — यह किसानों के हक में एक महत्वपूर्ण लचीलापन है।

राज्य सरकार की तत्काल राहत योजना

चूँकि केंद्रीय सहायता पहुँचने में समय लग सकता है, इसलिए मुख्यमंत्री ने कहा कि महाराष्ट्र सरकार अपने उपलब्ध संसाधनों से किसानों को तत्काल राहत देने की तैयारी में है। यह ऐसे समय में आया है जब राज्य के कृषक समुदाय पर मानसून की कमी का दोहरा बोझ — फसल नुकसान और पेयजल संकट — एक साथ पड़ रहा है।

नागपुर हवाई अड्डे के विस्तार की राह भी साफ़

सूखा राहत के अलावा, मुख्यमंत्री फडणवीस ने नागपुर हवाई अड्डे के नए टर्मिनल भवन के लिए आवश्यक 27 एकड़ रक्षा भूमि के अधिग्रहण के मुद्दे पर केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से भी महत्वपूर्ण चर्चा की। इस बैठक से परियोजना के लिए ज़रूरी भूमि आवंटन का मार्ग प्रशस्त होने की संभावना बताई जा रही है। आगे आने वाले हफ्तों में केंद्रीय टीम की रिपोर्ट और NDRF के तहत सहायता की मात्रा तय करना राज्य सरकार के लिए सबसे बड़ी प्राथमिकता होगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

फिर भी दीर्घकालिक जल प्रबंधन ढाँचा अभी भी कमज़ोर बना हुआ है। केंद्रीय टीम का दौरा और NDRF प्रक्रिया ज़रूरी है, लेकिन असली परीक्षा यह है कि राहत राशि किसानों तक कितनी तेज़ी से और कितनी पारदर्शिता के साथ पहुँचती है — पिछले वर्षों में इसी अंतिम कड़ी में सबसे अधिक देरी हुई है। उपग्रह इमेजरी के साथ-साथ भौतिक निरीक्षण को मान्यता देने का निर्णय सकारात्मक है, पर 23,000 गाँवों के सर्वेक्षण को अभी पूरा करने की चुनौती बाकी है।
RashtraPress
8 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

महाराष्ट्र में सूखे की वर्तमान स्थिति क्या है?
महाराष्ट्र के लगभग 32 जिले इस समय गंभीर सूखे की चपेट में हैं और इनमें से लगभग 80 प्रतिशत तालुका बुरी तरह प्रभावित हैं। 23,000 से अधिक गाँवों में फसल सर्वेक्षण पूरा हो चुका है और 20 तालुकों में राहत प्रक्रिया पहले से शुरू है।
केंद्र सरकार महाराष्ट्र को NDRF से सहायता कब देगी?
NDRF के तहत वित्तीय सहायता का निर्णय राज्य सरकार के प्रस्ताव और केंद्रीय टीम की आकलन रिपोर्ट दोनों के आधार पर होगा। केंद्रीय टीम 8 से 11 अक्टूबर 2026 के बीच महाराष्ट्र का दौरा करेगी और उसके बाद रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी।
CM फडणवीस ने दिल्ली में किन नेताओं से मुलाकात की?
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने 7 अक्टूबर 2026 को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान से सूखे पर चर्चा की। इसके अलावा, उन्होंने नागपुर हवाई अड्डे के विस्तार के लिए रक्षा भूमि के मुद्दे पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से भी मुलाकात की।
सूखे का आकलन किस आधार पर किया जाएगा?
सूखे के आकलन में उपग्रह इमेजरी के साथ-साथ वर्षा की कमी, भूजल स्तर, फसल क्षति और भौतिक निरीक्षण जैसे कारक शामिल होंगे। यदि कोई तालुका उपग्रह इमेजरी मानदंड पूरे नहीं करता, तो भी अन्य मापदंडों के आधार पर उस पर राहत के लिए विचार किया जाएगा।
नागपुर हवाई अड्डे के विस्तार का क्या अपडेट है?
CM फडणवीस ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से नागपुर हवाई अड्डे के नए टर्मिनल भवन के लिए आवश्यक 27 एकड़ रक्षा भूमि के आवंटन पर महत्वपूर्ण चर्चा की। इस बैठक से परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण का मार्ग प्रशस्त होने की संभावना बताई जा रही है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 9 घंटे पहले
  2. 1 सप्ताह पहले
  3. 2 सप्ताह पहले
  4. 2 सप्ताह पहले
  5. 2 सप्ताह पहले
  6. 3 सप्ताह पहले
  7. 10 महीने पहले
  8. 1 साल पहले