इंद्रायणी बाढ़: CM फडणवीस ने वारकरियों से आलंदी-देहू न जाने की अपील, चारों पुल डूबे
सारांश
मुख्य बातें
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सोमवार, 6 जुलाई को इंद्रायणी नदी में आई विकराल बाढ़ के मद्देनज़र वारकरियों और श्रद्धालुओं से तत्काल अपील जारी की कि वे आलंदी और देहू की ओर न बढ़ें और जहाँ हैं वहीं सुरक्षित रुक जाएँ। आलंदी को जोड़ने वाले चारों पुल पूरी तरह जलमग्न हो चुके हैं, जिससे तीर्थनगरी तक पहुँचना फ़िलहाल जानलेवा हो गया है।
मुख्यमंत्री की सीधी अपील
मुख्यमंत्री फडणवीस ने स्पष्ट शब्दों में कहा, 'वारकरियों और नागरिकों को प्रशासन, पुलिस और आपदा प्रबंधन टीमों के निर्देशों का सख्ती से पालन करना चाहिए।' उन्होंने श्रद्धालुओं से आग्रह किया कि वे देहू और आलंदी जाने के बजाय पुणे शहर में आयोजित 'वारी' जुलूस में ही सम्मिलित हों। जो वारकरी दल पुणे पहुँच चुके हैं, उन्हें शहर की सीमा के भीतर ही रहने का निर्देश दिया गया है।
बाढ़ की स्थिति और मौसम अलर्ट
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने महाराष्ट्र के कई ज़िलों के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। 70 से 90 किमी/घंटा की रफ़्तार से चलने वाली आँधी-तूफ़ानी हवाओं ने पहले ही व्यापक तबाही मचाई है — कई पेड़ धराशायी हुए हैं और इमारतों को भारी क्षति पहुँची है। राज्य विधानसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि सभी आपातकालीन सेवाओं को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
राहत एवं बचाव तंत्र
मुख्यमंत्री फडणवीस ने घोषणा की कि नेशनल डिज़ास्टर रिस्पॉन्स फोर्स (NDRF), स्टेट डिज़ास्टर रिस्पॉन्स फोर्स (SDRF) और स्थानीय निकाय पूरी क्षमता के साथ मैदान में हैं। उन्होंने कहा, 'हम एक गंभीर और लगातार बदलते प्राकृतिक संकट का सामना कर रहे हैं। अभी हमारी सबसे बड़ी प्राथमिकता जान-माल के नुकसान को रोकना और बचाव कार्य चलाना है।' प्रशासन को भूस्खलन की आशंका वाले और संवेदनशील इलाकों में रहने वाले नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के विशेष निर्देश दिए गए हैं।
SMS अलर्ट और हेल्पलाइन नंबर
राज्य के स्वचालित तंत्र के ज़रिये सर्वाधिक प्रभावित इलाकों में फँसे लोगों को हर तीन घंटे में सीधे आपातकालीन SMS अलर्ट भेजे जा रहे हैं। नागरिकों को केवल आधिकारिक स्रोतों की जानकारी पर भरोसा करने और अफ़वाहों से बचने की सलाह दी गई है। आपातकालीन सहायता के लिए निम्नलिखित नंबर चालू हैं — राज्य स्तरीय कंट्रोल रूम (टोल-फ्री): 1070; मोबाइल: 09321587143; टेलीफोन: 022-22027990 / 022-22794229; ज़िला स्तरीय कंट्रोल रूम (टोल-फ्री): 1077।
आगे क्या
बाढ़ का स्तर कम होने तक वारकरी यात्रा पर अनिश्चितकालीन रोक बनी रह सकती है। प्रशासन स्थिति की लगातार निगरानी कर रहा है और पुलों के सुरक्षित होने पर ही तीर्थयात्रियों को आगे बढ़ने की अनुमति दी जाएगी।