'हर घर तिरंगा' अभियान शहीदों के बलिदान का सम्मान: UP मंत्री जयवीर सिंह
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री जयवीर सिंह ने 12 अगस्त 2026 को लखनऊ में कहा कि 'हर घर तिरंगा' अभियान केवल एक राष्ट्रीय आयोजन नहीं, बल्कि उन अमर शहीदों के प्रति कृतज्ञता की अभिव्यक्ति है जिन्होंने स्वतंत्रता के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील का समर्थन करते हुए कहा कि देश से प्रेम करने वाले प्रत्येक नागरिक को अपने घर पर तिरंगा अवश्य फहराना चाहिए।
तिरंगे का महत्व और स्वतंत्रता दिवस का संदेश
जयवीर सिंह ने कहा कि तिरंगा देश की आन, बान और शान का प्रतीक है। उनके अनुसार, 15 अगस्त का दिन उन बलिदानी सपूतों को नमन करने का अवसर है जिनकी कुर्बानी से भारत को स्वतंत्रता मिली। उन्होंने कहा, 'यह दिन संविधान, स्वतंत्रता और राष्ट्र को प्रणाम करने का अवसर है।' यह ऐसे समय में आया है जब देश अपनी आज़ादी की वर्षगाँठ मनाने की तैयारी में है।
FCRA और विदेशी फंडिंग पर सरकार का रुख
विदेशी अंशदान विनियमन अधिनियम (FCRA) में प्रस्तावित बदलावों पर मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि विदेशी धन के ज़रिए राष्ट्रविरोधी गतिविधियों, धर्म परिवर्तन और सामाजिक विद्वेष फैलाने वाले तत्वों पर प्रभावी अंकुश लगाना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि ऐसी गतिविधियों के वित्तपोषण को रोकने के लिए कड़ी व्यवस्था बनाई जानी चाहिए। गौरतलब है कि FCRA को लेकर विपक्षी दलों और कई नागरिक समाज संगठनों में पहले से ही बहस जारी है।
झारखंड छात्र आंदोलन और विपक्ष पर निशाना
रांची में छात्रों पर कथित लाठीचार्ज के मुद्दे पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी को घेरते हुए जयवीर सिंह ने कहा कि छात्रों की समस्याओं का समाधान होना चाहिए, लेकिन इस पर 'पिक एंड चूज' की राजनीति नहीं चलनी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष ठोस मुद्दों पर चर्चा के बजाय सस्ती लोकप्रियता की राह चुन रहा है। उनके अनुसार, देश की जनता इस रवैये को माफ नहीं करेगी।
मंत्री दानिश अंसारी का संदेश: एकता और कृतज्ञता
उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री दानिश अंसारी ने 'हर घर तिरंगा' अभियान पर कहा कि प्रधानमंत्री की अपील का मूल भाव यह है कि देश ने हमें बहुत कुछ दिया है, इसलिए हमें भी देश के लिए कुछ लौटाना चाहिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में बड़ी संख्या में नागरिक — युवा और नारी शक्ति दोनों — इस अभियान से जुड़ रहे हैं।
विपक्ष की चुप्पी पर सवाल
दानिश अंसारी ने झारखंड के रांची में छात्रों पर कथित लाठीचार्ज को लेकर विपक्ष की चुप्पी को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि दिल्ली में युवाओं की बात करने वाले विपक्षी नेता रांची के छात्रों के मुद्दे पर मौन हैं। उनका सुझाव था कि यदि राहुल गांधी वास्तव में युवाओं के हितैषी हैं, तो उन्हें रांची जाकर छात्रों की समस्याएँ सुननी चाहिए। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर राजनीतिक हलचल और तेज़ होने की संभावना है।