26 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

आईआईटी खड़गपुर में छात्र ने की आत्महत्या, 8वीं मंजिल से कूदकर ली जान

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
आईआईटी खड़गपुर में छात्र ने की आत्महत्या, 8वीं मंजिल से कूदकर ली जान

सारांश

कोलकाता में आईआईटी खड़गपुर कैंपस में एक और दुखद घटना, जहां एक छात्र ने आत्महत्या कर ली। यह घटना मानसिक स्वास्थ्य और कैंपस सुरक्षा पर सवाल उठाती है।

मुख्य बातें

छात्र आत्महत्या के मामले में बढ़ती चिंता।
मानसिक स्वास्थ्य और कैंपस सुरक्षा पर सवाल।
छात्रों के लिए परामर्श सेवाएं आवश्यक।
आईआईटी में आत्महत्या की बढ़ती दर।

कोलकाता, 18 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। पश्चिम मेदिनीपुर जिले के भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) खड़गपुर कैंपस में एक छात्र की आत्महत्या की घटना सामने आई है।

पुलिस के अनुसार, छात्र जयबीर सिंह डोडिया (21) ने शनिवार को अटल बिहारी वाजपेयी हॉल की आठवीं मंजिल से छलांग लगाई। हालांकि, आईआईटी खड़गपुर प्रशासन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।

खड़गपुर टाउन पुलिस स्टेशन के अंतर्गत हिजली पुलिस स्टेशन के कर्मचारी सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे।

छात्र जयबीर को बीसी रॉय अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। प्रशासन ने मृतक छात्र के परिवार को इस घटना की जानकारी दी है।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मृतक छात्र का निवास अहमदाबाद के घुमा इलाके में है। वह मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग का तीसरे वर्ष का छात्र था और आईआईटी खड़गपुर कैंपस के नेहरू हॉल में रह रहा था।

पुलिस ने सभी पहलुओं की जांच शुरू कर दी है। उन्होंने यह पता लगाने के लिए सीसीटीवी फुटेज की जांच आरंभ की है कि छात्र नेहरू हॉल से कब बाहर निकला था।

आईआईटी कैंपस में छात्रों की बार-बार हो रही मौतों को लेकर चिंताएं उठाई जा रही हैं। हालांकि, इस दुखद घटना पर आईआईटी खड़गपुर प्रशासन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।

शिक्षा जगत में कैंपस की सुरक्षा और छात्रों के मानसिक स्वास्थ्य को लेकर फिर से चिंता बढ़ गई है।

2025 में, आईआईटी खड़गपुर के सात छात्रों की मौत हुई थी, जिनमें से पांच फंदे से लटके पाए गए थे। उस वर्ष 12 जनवरी को शोआन मलिक, 21 अप्रैल को अनिकेत वालकर, 4 मई को मोहम्मद आसिफ कमर, 18 जुलाई को रितम मंडल, 22 जुलाई को चंद्रदीप पवार और 20 सितंबर को हर्ष कुमार पांडे ने आत्महत्या की थी।

इसी प्रकार, 7 दिसंबर को भट्टाराम शरण कुमार का शव खड़गपुर में पुरी रेलवे गेट से बरामद किया गया था। वह ट्रेन की चपेट में आ गया था।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि यह शिक्षा क्षेत्र में मानसिक स्वास्थ्य और सुरक्षा से जुड़ी गंभीर चिंताओं को भी उजागर करती है। छात्रों की आत्महत्याओं की बढ़ती संख्या चिंताजनक है और इस पर ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है।
RashtraPress
26 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

आईआईटी खड़गपुर में आत्महत्या की घटनाओं का क्या कारण है?
आईआईटी खड़गपुर में आत्महत्या की घटनाएं अक्सर मानसिक स्वास्थ्य और छात्रों के दबाव से जुड़ी होती हैं।
छात्रों के मानसिक स्वास्थ्य के लिए क्या कदम उठाए जा रहे हैं?
कैंपस में मानसिक स्वास्थ्य सेवाएं और परामर्श सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती हैं, लेकिन इन्हें और बेहतर बनाने की आवश्यकता है।
इस घटना के बाद प्रशासन ने क्या कार्रवाई की?
अभी तक प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, लेकिन पुलिस जांच जारी है।
आईआईटी खड़गपुर में पिछले वर्ष कितने छात्रों की मौत हुई थी?
पिछले वर्ष आईआईटी खड़गपुर में सात छात्रों की मौत हुई थी, जिनमें से कई आत्महत्या के मामले थे।
क्या छात्र की आत्महत्या का कारण पता चला है?
पुलिस इस मामले की जांच कर रही है और सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 महीने पहले
  2. 3 महीने पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 4 महीने पहले
  5. 6 महीने पहले
  6. 10 महीने पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले