पर्यटन मंत्रालय और इंडिगो का MOU: 'इन्क्रेडिबल इंडिया बाय इंडिगो' अभियान से भारत बनेगा वैश्विक पर्यटन केंद्र
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय पर्यटन मंत्रालय ने 30 जुलाई 2026 को देश की अग्रणी एयरलाइन इंडिगो की मूल कंपनी इंटरग्लोब एविएशन लिमिटेड के साथ एक समझौता ज्ञापन (MOU) पर हस्ताक्षर किए, जिसका उद्देश्य भारत को वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर एक प्रमुख गंतव्य के रूप में स्थापित करना है। यह रणनीतिक साझेदारी गैर-विशिष्ट और गैर-वित्तीय आधार पर की गई है तथा शुरुआती तौर पर दो वर्षों के लिए प्रभावी रहेगी।
समझौते का विवरण और उपस्थित गणमान्य
इस MOU का आदान-प्रदान केंद्रीय पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत की उपस्थिति में हुआ। इस अवसर पर पर्यटन मंत्रालय के सचिव भुवनेश कुमार, मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी और इंडिगो के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे।
शेखावत ने कहा कि यह साझेदारी मंत्रालय के प्रमुख 'इन्क्रेडिबल इंडिया' ब्रांड और इंडिगो के व्यापक घरेलू एवं अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क को एकजुट करके भारत के पर्यटन प्रचार को नई ऊर्जा देगी। उन्होंने यह भी कहा कि ऐसी साझेदारियाँ भारत के पर्यटन संदेश को दुनिया के अधिकाधिक लोगों तक पहुँचाने में सहायक होंगी।
'इन्क्रेडिबल इंडिया बाय इंडिगो' अभियान क्या है
समझौते के तहत पर्यटन मंत्रालय और इंडिगो मिलकर 'इन्क्रेडिबल इंडिया बाय इंडिगो' नाम से एक वैश्विक संचार अभियान चलाएंगे। इस अभियान के ज़रिए भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, प्राकृतिक सौंदर्य, आध्यात्मिक स्थल, वेलनेस टूरिज्म, एडवेंचर टूरिज्म और वन्यजीव पर्यटन को वैश्विक दर्शकों के सामने प्रस्तुत किया जाएगा।
आधिकारिक बयान के अनुसार, इंडिगो विभिन्न पर्यटन स्थलों पर केंद्रित कंटेंट तैयार करेगा और अपने ग्राहक संपर्क प्लेटफॉर्म के माध्यम से भारत के पर्यटन संदेश को व्यापक स्तर पर प्रसारित करेगा।
प्रचार के माध्यम और दायरा
इस अभियान का प्रसार डिजिटल और प्रिंट मीडिया, एयरपोर्ट ब्रांडिंग, इन-फ्लाइट प्लेटफॉर्म, सोशल मीडिया, अंतरराष्ट्रीय ट्रैवल प्रदर्शनियों और अन्य प्रचार माध्यमों के ज़रिए किया जाएगा। पर्यटन मंत्रालय 'इन्क्रेडिबल इंडिया' ब्रांड से जुड़ी प्रचार सामग्री उपलब्ध कराएगा और संबंधित हितधारकों के साथ समन्वय भी करेगा।
गौरतलब है कि दोनों पक्ष विशेष डेस्टिनेशन कैंपेन और आपसी सहमति से तय अन्य गतिविधियों में भी संयुक्त रूप से भाग लेंगे, ताकि देश और विदेश के प्रमुख बाज़ारों में भारत की पर्यटन अपील को और अधिक मज़बूत किया जा सके।
आम जनता और पर्यटन क्षेत्र पर असर
यह साझेदारी ऐसे समय में आई है जब भारत सरकार विदेशी पर्यटकों की संख्या बढ़ाने और पर्यटन को GDP में अधिक योगदान देने वाले क्षेत्र के रूप में विकसित करने पर ज़ोर दे रही है। इंडिगो के व्यापक घरेलू और अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क का उपयोग करने से भारत के पर्यटन संदेश की पहुँच उन बाज़ारों तक संभव होगी जहाँ पारंपरिक सरकारी प्रचार की सीमाएँ हैं।
आगे की राह
यह MOU शुरुआती तौर पर दो वर्षों के लिए लागू रहेगा। मंत्रालय का कहना है कि यह साझेदारी विदेशी पर्यटकों की संख्या बढ़ाने और भारत को वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर एक प्रमुख गंतव्य के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगी। अभियान के पहले चरण की रूपरेखा और लक्षित बाज़ारों की सूची जल्द जारी होने की उम्मीद है।