जम्मू में 42-43°C तक पहुँचेगा पारा, IMD ने 10 जून तक लू की चेतावनी जारी की
सारांश
मुख्य बातें
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के निदेशक मुख्तार अहमद ने 8 जून 2025 को जानकारी दी कि जम्मू संभाग में अगले दो से तीन दिनों तक तापमान 42 से 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुँच सकता है, जो सामान्य से काफी अधिक है। 10 जून तक मौसम गर्म और शुष्क बना रहेगा, जबकि 11 जून से हल्की बारिश और आंधी-तूफान की संभावना है।
मुख्य मौसम पूर्वानुमान
IMD निदेशक मुख्तार अहमद के अनुसार, 9 और 10 जून को जम्मू संभाग में लू चलने की प्रबल आशंका है। इस दौरान लोगों को घर के अंदर रहने की सलाह दी गई है। श्रीनगर में भी तापमान एक से दो डिग्री सेल्सियस तक बढ़ सकता है।
11 जून से मौसम में बदलाव की उम्मीद है — हल्की बारिश हो सकती है, लेकिन भारी वर्षा की कोई संभावना नहीं है। कुछ जिलों में आंधी-तूफान भी आ सकता है। इस राहत के बाद तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज होने का अनुमान है।
उत्तर भारत में व्यापक लू का प्रकोप
यह ऐसे समय में आया है जब 7 जून को दिल्ली-एनसीआर समेत पूरे उत्तर भारत में लू का अलर्ट जारी किया गया था। IMD ने चेतावनी दी है कि दिल्ली-एनसीआर, पंजाब, हरियाणा, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और राजस्थान के बड़े हिस्से अगले कई दिनों तक भीषण गर्मी की चपेट में रहेंगे।
गौरतलब है कि दक्षिण-पश्चिम मानसून देश के दक्षिणी और पूर्वोत्तर हिस्सों में तेज़ी से आगे बढ़ रहा है, लेकिन उत्तर भारत तक इसकी पहुँच अभी नहीं हुई है — यही कारण है कि इन राज्यों में गर्मी का प्रकोप जारी है।
दिल्ली, पंजाब, हरियाणा में राहत की उम्मीद
IMD के अनुसार, दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़ और पंजाब में 11-12 जून के दौरान कहीं-कहीं हल्की बारिश, गरज-चमक और तेज़ हवाएँ चलने की संभावना है। इन क्षेत्रों में हवाओं की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक रह सकती है, जबकि झोंकों की गति 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुँच सकती है।
विभाग ने 8 से 11 जून के बीच इन राज्यों के कई इलाकों में लू की औपचारिक चेतावनी जारी की है। दिन के तापमान में पुनः बढ़ोतरी की आशंका के चलते उमस और गर्मी से जनजीवन प्रभावित हो सकता है।
आम जनता के लिए सलाह
IMD ने नागरिकों से अपील की है कि वे 10 जून तक दोपहर के समय घर से बाहर निकलने से बचें, पर्याप्त पानी पिएँ और बुजुर्गों व बच्चों का विशेष ध्यान रखें। 11 जून के बाद मौसम में सुधार की उम्मीद है, लेकिन तब तक सतर्कता बरतना ज़रूरी है।