8 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

पीएम मोदी को झालमुड़ी खिलाने वाले विक्रम साहू को पाकिस्तान-बांग्लादेश से जान से मारने की धमकी

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
पीएम मोदी को झालमुड़ी खिलाने वाले विक्रम साहू को पाकिस्तान-बांग्लादेश से जान से मारने की धमकी

सारांश

पीएम मोदी को झालमुड़ी खिलाकर रातोंरात मशहूर हुए कोलकाता के दुकानदार विक्रम साहू के लिए यह शोहरत अब खतरे में बदल गई है — पाकिस्तान और बांग्लादेश से बम से उड़ाने की धमकियाँ मिल रही हैं। पुलिस जाँच शुरू, सुरक्षा तैनात।

मुख्य बातें

विक्रम साहू — जिन्होंने पश्चिम बंगाल चुनाव प्रचार के दौरान पीएम मोदी को झालमुड़ी खिलाई थी — को जान से मारने की धमकियाँ मिल रही हैं।
धमकियाँ पाकिस्तान और बांग्लादेश के अंतरराष्ट्रीय नंबरों से फोन, वीडियो कॉल और व्हाट्सएप के ज़रिए आ रही हैं।
धमकी देने वाले बम से उड़ाने की बात कर रहे हैं और खौफनाक इशारों के साथ हथियार दिखा रहे हैं।
विक्रम और उनका परिवार डरे हुए हैं; उन्होंने सरकार से पर्याप्त सुरक्षा की अपील की है।
पुलिस ने जाँच शुरू की और विक्रम को पुलिस सुरक्षा प्रदान की गई है।

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को झालमुड़ी खिलाने वाले कोलकाता के दुकानदार विक्रम साहू को अब जान से मारने की धमकियाँ मिल रही हैं। विक्रम के अनुसार, पाकिस्तान और बांग्लादेश से अंतरराष्ट्रीय नंबरों के ज़रिए रोज़ाना धमकी भरे फोन और वीडियो कॉल आ रहे हैं। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जाँच शुरू कर दी है और विक्रम को सुरक्षा प्रदान की गई है।

कैसे बने विक्रम साहू चर्चा का केंद्र

चुनाव प्रचार के दौरान प्रधानमंत्री मोदी विक्रम की दुकान पर रुककर झालमुड़ी का स्वाद चखने आए थे। दोनों के बीच हुई बातचीत और वह पल पूरे चुनाव अभियान में चर्चा का विषय बना रहा। रातोंरात मिली इस सुर्खियों ने विक्रम को एक जाना-पहचाना चेहरा बना दिया — लेकिन यही पहचान अब उनके लिए खतरे का सबब बन गई है।

धमकियों का स्वरूप और विक्रम का बयान

विक्रम साहू ने बताया कि उन्हें पाकिस्तान से वीडियो और फोन कॉल के ज़रिए बार-बार जान से मारने की धमकियाँ मिल रही हैं। उनके अनुसार, 'मुझे बम से उड़ाने की धमकी दी जा रही है।' उन्होंने आगे कहा कि फोन करने वाले खौफनाक इशारे करते हैं और हथियार दिखाते हैं, साथ ही चेतावनी देते हैं कि 'तुम्हें इसके गंभीर परिणाम भुगतने पड़ेंगे।'

विक्रम ने बताया कि बांग्लादेश से भी इसी तरह की धमकियाँ आ रही हैं। फोन करने वाले पहले धार्मिक अभिवादन करते हैं और फिर जान से मारने की धमकी देते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि व्हाट्सएप पर संदेश मिले हैं जिनमें लिखा है — 'तुम्हें बम धमाके में मार दिया जाएगा।' कई कॉल न उठाने के बावजूद फोन की घंटी बजनी बंद नहीं हुई।

परिवार की सुरक्षा को लेकर चिंता

विक्रम साहू ने कहा कि वह और उनका परिवार इन अंतरराष्ट्रीय नंबरों से आ रही धमकियों से भयभीत हैं। उन्हें डर है कि धमकी देने वाले उनके खिलाफ कोई साजिश रच सकते हैं। उन्होंने सरकार से अपील की है कि उन्हें पर्याप्त और दीर्घकालिक सुरक्षा मुहैया कराई जाए।

पुलिस की कार्रवाई

स्थानीय पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जाँच शुरू कर दी है। विक्रम साहू को पुलिस सुरक्षा प्रदान की गई है और उनकी सुरक्षा में पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं। अधिकारियों के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय नंबरों की जाँच की जा रही है।

व्यापक संदर्भ

यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब पश्चिम बंगाल में चुनावी माहौल गर्म है और राजनीतिक घटनाएँ तेज़ी से राष्ट्रीय सुर्खियाँ बनती हैं। गौरतलब है कि यह पहली बार नहीं है जब किसी सामान्य नागरिक को राजनीतिक नेताओं के साथ सार्वजनिक संपर्क के बाद निशाना बनाया गया हो। विक्रम साहू का मामला अब सोशल मीडिया पर भी व्यापक रूप से चर्चित हो रहा है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

विक्रम साहू कौन हैं और उन्हें धमकियाँ क्यों मिल रही हैं?
विक्रम साहू कोलकाता के एक झालमुड़ी विक्रेता हैं, जो पश्चिम बंगाल चुनाव प्रचार के दौरान पीएम मोदी को अपनी दुकान पर झालमुड़ी खिलाने के बाद रातोंरात चर्चित हो गए थे। उनके अनुसार, यह धमकियाँ तभी से आनी शुरू हुईं जबसे यह घटना सुर्खियों में आई।
विक्रम साहू को किस तरह की धमकियाँ मिल रही हैं?
विक्रम साहू के अनुसार, उन्हें पाकिस्तान और बांग्लादेश के अंतरराष्ट्रीय नंबरों से फोन, वीडियो कॉल और व्हाट्सएप संदेशों के ज़रिए जान से मारने और बम से उड़ाने की धमकियाँ मिल रही हैं। धमकी देने वाले हथियार दिखाते हैं और खौफनाक इशारे करते हैं।
क्या पुलिस ने इस मामले में कोई कार्रवाई की है?
हाँ, पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जाँच शुरू कर दी है। विक्रम साहू को पुलिस सुरक्षा प्रदान की गई है और उनकी सुरक्षा में पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं।
विक्रम साहू ने सरकार से क्या अपील की है?
विक्रम साहू ने कहा है कि सरकार को उन्हें और उनके परिवार को पर्याप्त सुरक्षा मुहैया करानी चाहिए। वह और उनका परिवार अंतरराष्ट्रीय नंबरों से आ रही इन धमकियों से भयभीत हैं।
पीएम मोदी और विक्रम साहू की मुलाकात कब और कहाँ हुई थी?
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान प्रधानमंत्री मोदी विक्रम साहू की दुकान पर रुककर झालमुड़ी का स्वाद चखने आए थे। दोनों के बीच हुई बातचीत पूरे चुनाव अभियान में चर्चा का विषय बनी रही।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 महीने पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 2 महीने पहले
  4. 2 महीने पहले
  5. 2 महीने पहले
  6. 3 महीने पहले
  7. 3 महीने पहले
  8. 5 महीने पहले