तुमकुरु कार बम विस्फोट: युवती का अपहरण कर NH-48 पर खुद को उड़ाया, प्रेमी की मौत
सारांश
मुख्य बातें
कर्नाटक के तुमकुरु जिले में 27 जून 2026 को राष्ट्रीय राजमार्ग-48 पर कल्लाम्बेला के निकट एक दिल दहला देने वाली घटना में 30 वर्षीय नागेंद्र ने कथित तौर पर अपनी पूर्व प्रेमिका का अपहरण करने के बाद चलती कार में देसी बम विस्फोट कर जान दे दी। पीड़िता राम्या और टैक्सी चालक प्रवीण बाल-बाल बच निकले।
घटनाक्रम: कैसे हुई यह वारदात
पुलिस के अनुसार, कारवार जिले के अंकोला निवासी नागेंद्र और राम्या लगभग आठ वर्षों से संबंध में थे। बेंगलुरु के राजीव गांधी विश्वविद्यालय में प्रयोगशाला तकनीशियन के पद पर कार्यरत राम्या ने कथित तौर पर आपसी मतभेदों के चलते नागेंद्र का विवाह प्रस्ताव ठुकरा दिया था।
नागेंद्र ने कथित तौर पर उबर के माध्यम से अपने नाम पर एक टैक्सी बुक की और बेंगलुरु स्थित उस पेइंग गेस्ट हाउस में पहुँचा जहाँ राम्या रह रही थीं। इसके बाद उसने राम्या को जबरन अपने साथ ले लिया। घटना की जानकारी मिलते ही राम्या की एक सहेली ने बेंगलुरु के सिद्धापुरा पुलिस स्टेशन में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई।
चलती गाड़ी में हमला, राम्या ने कूदकर बचाई जान
NH-48 पर यात्रा के दौरान दोनों के बीच कहासुनी हुई। टैक्सी चालक प्रवीण के बयान के अनुसार, नागेंद्र ने राम्या पर चाकू से हमला किया। राम्या ने चलती गाड़ी से कूदकर जान बचाई, जिसके बाद प्रवीण ने गाड़ी रोककर उन्हें एक गुजरती मोटरसाइकिल पर सुरक्षित भिजवाया। राम्या ने कथित तौर पर पहले ही चेतावनी दी थी कि नागेंद्र के पास बम हैं।
पुलिस के अनुसार, प्रवीण ने नागेंद्र के हाथ से एक देसी बम छीनकर फेंक दिया। इसके बाद नागेंद्र ने खुद को कार के अंदर बंद कर लिया और दूसरे देसी बम में विस्फोट कर दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई और कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई।
पुलिस की जाँच और बरामदगी
तुमकुरु के पुलिस अधीक्षक अशोक वेंकट ने घटनास्थल का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया। पुलिस ने घटनास्थल से एक बिना फटा देसी बम भी बरामद किया है। टैक्सी चालक प्रवीण का बयान आंशिक रूप से अलग है और पुलिस उसके बयानों की पुष्टि कर रही है।
जाँचकर्ता यह पता लगाने में जुटे हैं कि नागेंद्र ने ये देसी बम कहाँ से और कैसे हासिल किए। यह पहलू जाँच का सबसे अहम बिंदु बना हुआ है।
आम जनता और महिला सुरक्षा पर असर
यह घटना ऐसे समय में आई है जब कर्नाटक में महिलाओं के विरुद्ध अपराध और स्टॉकिंग के मामलों को लेकर पहले से ही चिंता व्यक्त की जा रही है। राम्या के सिर पर चोट आई है और वह उपचाराधीन बताई जा रही हैं। पुलिस उनका बयान दर्ज कर रही है।
आगे क्या होगा
पुलिस ने मामले में अपहरण और विस्फोटक सामग्री के अवैध कब्जे से जुड़ी धाराओं के तहत जाँच शुरू कर दी है। बम की आपूर्ति श्रृंखला का पता लगाना जाँच की प्राथमिकता है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारी स्वयं निगरानी कर रहे हैं।