कोलकाता होटल अग्निकांड: मिर्जा गालिब स्ट्रीट के 17 और होटलों को नोटिस, कुल 26 पर कार्रवाई
सारांश
मुख्य बातें
पश्चिम बंगाल अग्निशमन विभाग ने शुक्रवार, 22 अगस्त को मिर्जा गालिब स्ट्रीट, मध्य कोलकाता के 17 और होटलों को कारण बताओ नोटिस जारी किए — यह कार्रवाई मंगलवार-बुधवार की दरमियानी रात 'शिखा इन' होटल में लगी भीषण आग के बाद तेज हुई है, जिसमें 9 लोगों की मौत हो गई थी। इससे एक दिन पहले गुरुवार को भी 9 होटलों और गेस्ट हाउसों को नोटिस दिया गया था, यानी अब तक कुल 26 प्रतिष्ठानों को चेतावनी जारी की जा चुकी है।
नोटिस की शर्तें और संभावित कार्रवाई
शुक्रवार को नोटिस पाने वाले 17 होटलों को 24 घंटे के भीतर जवाब देने का निर्देश दिया गया है। अग्निशमन विभाग के अनुसार, यदि ये होटल निर्धारित समय में संतोषजनक उत्तर नहीं देते, तो उन्हें बंद करने का आदेश जारी किया जा सकता है। सभी होटलों पर आग से सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम न रखने का आरोप है।
हादसे का ब्यौरा: 9 मौतें, धुएं से दम घुटा
जिस पाँच मंजिला इमारत में यह त्रासदी हुई, उसमें कई होटल और गेस्ट हाउस संचालित थे। 'शिखा इन' होटल इसी इमारत की तीसरी मंजिल पर 1,100 वर्ग फुट में चल रहा था। हादसे में 7 बांग्लादेशी नागरिकों सहित कुल 9 लोगों की जान गई — जिनमें 6 पुरुष, 2 महिलाएँ और एक बच्चा शामिल हैं। अधिकारियों के अनुसार, सभी की मौत जलने से नहीं, बल्कि धुएँ के कारण दम घुटने से हुई।
गिरफ्तारी और फरार मालिक
पुलिस ने गुरुवार को 'शिखा इन' के लीज धारक अबू जफर को गिरफ्तार किया। उन्हें गुरुवार दोपहर अदालत में पेश किया गया, जहाँ से 2 सितंबर तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया। जानकारी के अनुसार, जफर ने ₹40,000 प्रति माह पर होटल लीज पर लिया था। होटल के असली मालिक बिरेश्वर मित्रा अभी भी फरार हैं। न्यू मार्केट पुलिस थाने ने, जिसके अधिकार क्षेत्र में यह इमारत आती है, स्वतः संज्ञान लेते हुए मामला दर्ज किया है। राज्य के अग्निशमन विभाग ने भी अलग से शिकायत दर्ज कराई है।
राजनीतिक विवाद और सरकार की प्रतिक्रिया
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने इस अग्निकांड के लिए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की सरकार पर लापरवाही का आरोप लगाया है। विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी और नगर निगम मामलों की मंत्री अग्निमित्रा पॉल ने सवाल उठाया है कि बिना पर्याप्त अग्नि सुरक्षा इंतजामों के इन होटलों को ट्रेड लाइसेंस कैसे मिल गया। दूसरी ओर, पश्चिम बंगाल सरकार ने मिर्जा गालिब स्ट्रीट इलाके के सभी होटलों, लॉज और गेस्ट हाउसों का विशेष अग्नि सुरक्षा ऑडिट कराने का ऐलान किया है।
आगे क्या होगा
गौरतलब है कि यह हादसा ऐसे समय में हुआ है जब देश के कई शहरों में पुराने व्यावसायिक भवनों में अग्नि सुरक्षा मानकों की अनदेखी एक बार फिर सवालों के घेरे में है। विशेष ऑडिट के नतीजे और फरार मालिक बिरेश्वर मित्रा की गिरफ्तारी इस मामले की अगली निर्णायक कड़ी होगी।