क्या पश्चिम बंगाल में टीएमसी के गुंडे बीएलओ को धमका रहे हैं? प्रतुल शाहदेव
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रांची, 29 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। पश्चिम बंगाल की मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) पर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने शनिवार को ममता सरकार पर तीखा हमला किया।
प्रतुल शाहदेव ने राष्ट्र प्रेस से बातचीत में कहा, "ममता बनर्जी की सरकार एसआईआर पर विवाद खड़ा कर रही है। टीएमसी की सरकार बीएलओ पर दबाव डाल रही है कि कुछ व्यक्तियों के नाम सूची में रखें, जबकि अन्य को हटा दें। जो बीएलओ फील्ड में जाकर यह सुनिश्चित करना चाह रहे हैं कि सब कुछ ठीक चल रहा है, उन्हें धमकाया जा रहा है।"
उन्होंने आगे कहा, "पश्चिम बंगाल में पूरी तरह से अराजकता का माहौल है। चुनाव आयोग को अपने कार्य को पूर्ण निष्पक्षता के साथ करना चाहिए। बीएलओ पर जो दबाव डाला जा रहा है, वह लोकतंत्र को बहुत गलत संदेश दे रहा है।"
चुनाव आयोग द्वारा बंगाल के डीजीपी को दिए गए हालिया निर्देश पर उन्होंने कहा, "टीएमसी के गुंडे बीएलओ पर बिना किसी कारण के अनैतिक दबाव बना रहे हैं। वे घुसपैठियों का नाम जोड़ने के लिए कह रहे हैं। बीएलओ राज्य सरकार की मशीनरी का हिस्सा होते हैं, लेकिन वे चुनाव आयोग के लिए काम कर रहे हैं।"
भाजपा प्रवक्ता ने बताया, "राज्य में बीएलओ से मारपीट की घटनाओं की खबरें आ रही हैं। पुलिस को चाहिए कि वह राज्य में जनसुरक्षा को बनाए रखे ताकि आयोग निष्पक्षता से एसआईआर के कार्य को आगे बढ़ा सके। पहले ममता बनर्जी फर्जीवाड़ा करके चुनाव जीतती थीं, लेकिन अब जब वे एसआईआर के जरिए वास्तविक मतदाता की प्रक्रिया को देख रही हैं, तो यह उन्हें पच नहीं रहा है।"
इससे पहले केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने ममता बनर्जी पर विदेशी घुसपैठियों के सहारे चुनाव जीतने और पश्चिम बंगाल को बांग्लादेश बनाने का गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने कहा, "ममता बनर्जी के मुद्दे अलग हैं, और राहुल गांधी के मुद्दे अलग हैं। ममता बनर्जी विदेशी घुसपैठियों की मदद से पश्चिम बंगाल में अपना शासन चाहती हैं। वह बंगाल को 'बांग्लादेश' बनाने की कोशिश कर रही हैं। आज, विदेशी घुसपैठियों ने एक दर्जन जिलों में अपना दबदबा बना लिया है, और हिंदुओं के लिए करो या मरो वाली स्थिति बन गई है।"