लॉरेंस बिश्नोई गैंग का गैंगस्टर हरि बॉक्सर अमेरिका में हिरासत में, राजस्थान पुलिस ने शुरू की प्रत्यर्पण प्रक्रिया
सारांश
मुख्य बातें
राजस्थान पुलिस को संगठित अपराध के खिलाफ अपने अंतरराष्ट्रीय अभियान में बड़ी सफलता मिली है — लॉरेंस बिश्नोई गैंग के सक्रिय और वांछित सदस्य हरिचंद जाट उर्फ 'हरि बॉक्सर' को अमेरिका में हिरासत में ले लिया गया है। 7 नवंबर 2026 को सामने आई इस कार्रवाई के साथ ही उसे भारत वापस लाने की प्रक्रिया भी औपचारिक रूप से शुरू कर दी गई है। पुलिस के अनुसार यह देश के बाहर सक्रिय संगठित आपराधिक नेटवर्क के खिलाफ चल रहे अभियान की एक महत्वपूर्ण कड़ी है।
कार्रवाई की पृष्ठभूमि और समन्वय
पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) राजीव कुमार शर्मा के निर्देश पर चल रहे इस अभियान में अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (एडीजीपी) दिनेश एमएन के मार्गदर्शन में राजस्थान एंटी-गैंगस्टर टास्क फोर्स (एजीटीएफ) ने केंद्रीय भूमिका निभाई। एंटी टेररिज्म स्क्वॉड (एटीएस) के पुलिस उपमहानिरीक्षक और इंटरपोल संपर्क अधिकारी योगेश यादव की निगरानी में एक विशेष टीम ने फरार आरोपी को ट्रेस करने के लिए अहम खुफिया जानकारी जुटाई।
गौरतलब है कि राजस्थान पुलिस ने हरि बॉक्सर के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी कराने में सहयोग किया था और उसकी लोकेशन सुनिश्चित करने के लिए पाँच देशों में इंटरपोल को 14 अलग-अलग रेफरेंस भेजे गए थे।
हिरासत को मज़बूत बनाने की प्रक्रिया
हिरासत की कार्रवाई को कानूनी रूप से पुख्ता करने के लिए पुलिस ने संबंधित अमेरिकी अधिकारियों को अस्थायी गिरफ्तारी अनुरोध, आरोपी का विस्तृत और अद्यतन डोजियर तथा उसके फिंगरप्रिंट उपलब्ध कराए। यह प्रक्रिया प्रत्यर्पण संधि के तहत भारत वापसी का रास्ता खोलती है।
हरि बॉक्सर: किसान के बेटे से गैंगस्टर तक का सफर
हरिचंद जाट का जन्म और पालन-पोषण राजस्थान के कोटपूतली-बहरोड़ जिले के बांसूर क्षेत्र में हुआ। उनके पिता गिरधारी जाट एक सामान्य किसान हैं। कथित तौर पर अपराध की दुनिया में आने से पहले वह सामान्य जीवन जीता था और भारतीय सेना या राजस्थान पुलिस में भर्ती होने का सपना देखता था।
प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के सिलसिले में वह जयपुर आया, जहाँ उसने पेशेवर बॉक्सिंग का प्रशिक्षण लिया और बाद में युवाओं को बॉक्सिंग कोचिंग भी देने लगा। बॉक्सिंग रिंग से जुड़ाव और कोच के रूप में पहचान के कारण ही उसे 'हरि बॉक्सर' नाम मिला — जो पहले दोस्तों और सोशल मीडिया पर प्रचलित हुआ और बाद में आपराधिक जगत में उसकी पहचान बन गया। यह ऐसे समय में सामने आया है जब लॉरेंस बिश्नोई गैंग देश की सुरक्षा एजेंसियों के निशाने पर है।
राजस्थान पुलिस की प्रतिक्रिया और आगे की राह
पुलिस के अनुसार हरि बॉक्सर की हिरासत को राजस्थान पुलिस के लिए एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई साबित करती है कि विदेश में छिपे गैंगस्टर भी कानून की पहुँच से बाहर नहीं हैं। अब भारत वापस लाने की औपचारिक प्रक्रिया सक्रिय है और आने वाले हफ्तों में प्रत्यर्पण की दिशा में अगले कदम उठाए जाने की उम्मीद है।