एफबीआई आरोपों पर लॉरेंस बिश्नोई के चचेरे भाई रमेश का सवाल — 'जेल से नेटवर्क कैसे चलेगा?'
सारांश
मुख्य बातें
गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के चचेरे भाई रमेश बिश्नोई ने 28 अगस्त को अबोहर में अमेरिकी संघीय जाँच एजेंसी फेडरल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (FBI) द्वारा लगाए गए आरोपों पर खुलकर सवाल उठाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि परिवार को भारत की न्याय व्यवस्था और कानून पर पूरा भरोसा है, और अदालत का जो भी फैसला होगा, वे उसे स्वीकार करेंगे।
FBI के आरोपों पर रमेश की आपत्ति
रमेश बिश्नोई ने कहा कि FBI के आरोप भारत से नहीं, बल्कि अमेरिका से संबंधित हैं। उनका तर्क था कि अमेरिका में रंगदारी माँगने या धमकी देने के मामले वहाँ की कानून-व्यवस्था का विषय हैं। उन्होंने कहा, 'यह बात समझ नहीं आती कि जेल में बंद व्यक्ति इस तरह की गतिविधियाँ कैसे अंजाम दे सकता है।'
रमेश ने यह भी बताया कि उनका गाँव तनाववाड़ी, तहसील व जिला फाजिल्का है, और फाजिल्का से जुड़े जिस मामले का हवाला दिया जा रहा है, उसमें एफआईआर पहले ही बंद हो चुकी है।
जेल से नेटवर्क संचालन के दावों पर सवाल
लॉरेंस बिश्नोई के जेल से गैंग चलाने के आरोपों को रमेश ने 'समझ से परे' बताया। उन्होंने कहा कि लॉरेंस को एक उच्च सुरक्षा जेल में रखा गया है, जहाँ 24 घंटे जैमर और सीसीटीवी कैमरे सक्रिय हैं। परिवार के सदस्यों को भी उनसे मिलने की अनुमति आसानी से नहीं मिलती। ऐसे में जेल के भीतर से बड़े पैमाने पर नेटवर्क संचालन के दावे, उनके अनुसार, तर्कसंगत नहीं लगते।
भारत सरकार और प्रत्यर्पण पर रुख
रमेश ने कहा कि भारत सरकार मजबूत है और किसी दूसरे देश के कहने मात्र से किसी नागरिक को देश से ले जाना संभव नहीं है। उन्होंने तर्क दिया कि यदि मामला उतना गंभीर होता जितना मीडिया में दिखाया जा रहा है, तो गृह मंत्री, विदेश मंत्री या प्रधानमंत्री की ओर से इस पर स्पष्ट सार्वजनिक प्रतिक्रिया अवश्य आती। उन्होंने अमेरिका में स्कूलों में होने वाली गोलीबारी का उल्लेख करते हुए वहाँ की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठाए।
सलमान खान विवाद पर बिश्नोई समाज का पक्ष
अभिनेता सलमान खान से जुड़े विवाद पर रमेश ने कहा कि बिश्नोई समाज अहिंसा में विश्वास करता है और कानून को सर्वोच्च मानता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि समाज के नियमों के अनुसार पेड़-पौधों और वन्यजीवों की रक्षा अत्यंत महत्वपूर्ण है। रमेश के अनुसार, यदि सलमान खान गुरु महाराज के समाधि स्थल पर जाकर माफी माँगते हैं, तो समाज उन्हें माफ करने पर विचार कर सकता है। हालाँकि, उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि सलमान खान की ओर से अब तक ऐसी कोई पहल सामने नहीं आई है।
आगे क्या
रमेश बिश्नोई के इन बयानों से स्पष्ट है कि परिवार FBI के आरोपों को भारतीय कानूनी दायरे से बाहर का मामला मानता है और घरेलू अदालती प्रक्रिया पर भरोसा जताता है। यह ऐसे समय में आया है जब लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े मामले अंतरराष्ट्रीय सुर्खियों में हैं और भारत-अमेरिका कानूनी सहयोग पर चर्चा तेज हो रही है।