वाइब्रेंट गुजरात 2027: मांडविया का आह्वान — हरित हाइड्रोजन, सेमीकंडक्टर और डाटा सेंटर में करें निवेश
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय मंत्री मनसुख मांडविया ने 31 अगस्त 2026 को नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित वाइब्रेंट गुजरात ग्लोबल समिट (VGGS) 2027 के कर्टेन रेजर कार्यक्रम में निवेशकों से गुजरात में हरित हाइड्रोजन, हाइड्रोजन स्टोरेज, डाटा सेंटर और सेमीकंडक्टर जैसे उभरते क्षेत्रों में निवेश की संभावनाएँ तलाशने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि गुजरात की सुदृढ़ कारोबारी संस्कृति और बदलती वैश्विक परिस्थितियों के अनुरूप ढलने की क्षमता उसे निवेश के लिए एक विशिष्ट गंतव्य बनाती है।
मुख्य घटनाक्रम
मांडविया ने इस अवसर पर गुजरात की ऐतिहासिक व्यापारिक विरासत का उल्लेख करते हुए कहा कि लोथल सभ्यता के काल से ही राज्य का वैश्विक वाणिज्य से गहरा नाता रहा है। उन्होंने कहा, 'गुजरात का औद्योगिक इकोसिस्टम अब भारतीय उद्यमियों और बहुराष्ट्रीय कंपनियों दोनों के लिए व्यापक अवसर प्रदान करता है।' उनके अनुसार, उद्यमिता और व्यापार यहाँ की संस्कृति में गहराई से रचे-बसे हैं, जिसने राज्य को देश के प्रमुख औद्योगिक एवं निवेश केंद्रों में स्थान दिलाया है।
नए निवेश क्षेत्रों पर जोर
मंत्री ने विशेष रूप से निवेशकों से पारंपरिक उद्योगों से आगे बढ़कर नई तकनीकों, ऊर्जा प्रणालियों और डिजिटल बुनियादी ढाँचे से उभरते अवसरों का लाभ उठाने का आग्रह किया। उन्होंने हरित हाइड्रोजन, हाइड्रोजन स्टोरेज, डाटा सेंटर और सेमीकंडक्टर क्षेत्रों को गुजरात में निवेश के प्रमुख स्तंभ बताया। यह ऐसे समय में आया है जब भारत वैश्विक सेमीकंडक्टर आपूर्ति श्रृंखला में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाने की दिशा में सक्रिय रूप से काम कर रहा है।
वैश्विक आर्थिक परिदृश्य और भारत की स्थिति
मांडविया ने कोविड-19 महामारी के बाद उत्पन्न वैश्विक चुनौतियों — रूस-यूक्रेन संघर्ष और पश्चिम एशिया में अस्थिरता — का उल्लेख करते हुए कहा कि इन विपरीत परिस्थितियों के बावजूद भारत की अर्थव्यवस्था लगातार आगे बढ़ रही है। उनके अनुसार, यही वह संदर्भ है जिसमें आगामी वाइब्रेंट गुजरात ग्लोबल समिट निवेशकों के लिए भविष्य के अवसरों की पहचान करने का एक महत्वपूर्ण मंच बनेगी।
समिट में उपस्थित प्रमुख हस्तियाँ
इस कर्टेन रेजर कार्यक्रम में गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल, उपमुख्यमंत्री हर्ष सांघवी, केंद्रीय राज्य मंत्री नीमूबेन बंभानिया, वरिष्ठ सरकारी अधिकारी और उद्योग जगत के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। गौरतलब है कि वाइब्रेंट गुजरात ग्लोबल समिट 2027 का आयोजन 10 से 12 जनवरी 2027 तक किया जाएगा।
आगे की राह
मांडविया ने उद्योग जगत के नेताओं से VGGS-2027 में सक्रिय भागीदारी का आग्रह किया और कहा कि वाइब्रेंट गुजरात समिट के पिछले संस्करणों ने न केवल निवेश के नए अवसर पैदा किए, बल्कि निवेशकों का विश्वास भी मजबूत किया है। आने वाले महीनों में गुजरात सरकार इन क्षेत्रों में नीतिगत रूपरेखा और प्रोत्साहन पैकेज की विस्तृत जानकारी सामने रखने की उम्मीद है।