मनोज तिवारी ने नक्सलवाद के खिलाफ सरकार की उपलब्धियों को सराहा

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
मनोज तिवारी ने नक्सलवाद के खिलाफ सरकार की उपलब्धियों को सराहा

सारांश

भाजपा सांसद मनोज तिवारी ने नक्सलवाद के खात्मे पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने जो कहा, वह पूरा किया है और भारत अब नक्सलमुक्त हो रहा है।

मुख्य बातें

नक्सलवाद का खात्मा लगभग हो चुका है।
मोदी सरकार ने अपने वादों को पूरा किया है।
अधिकांश नक्सली आत्मसमर्पण कर चुके हैं।
नक्सलवाद के कारण हुए नुकसान की भरपाई हो रही है।
भारत अब एक सुरक्षित और मजबूत राष्ट्र बन रहा है।

नई दिल्ली, 31 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। लोकसभा में सोमवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा नक्सलवाद पर की गई टिप्पणी का भाजपा सांसद मनोज तिवारी ने समर्थन किया। उन्होंने कहा, "यदि सरकार ठान ले, तो कुछ भी असंभव नहीं। आज हमारा भारत नक्सलमुक्त हो रहा है। मोदी सरकार ने जो वादा किया, उसे पूरा किया।"

मनोज तिवारी ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर एक वीडियो साझा करते हुए बताया कि अमित शाह ने पीएम मोदी के नेतृत्व में यह निर्णय लिया था कि 31 मार्च तक देश में नक्सलवाद का पूर्ण रूप से खात्मा कर दिया जाएगा। यह जानकर खुशी होती है कि अब नक्सलवाद लगभग समाप्त हो चुका है।

उन्होंने कहा कि अमित शाह का भाषण सुनना अत्यंत आवश्यक है। जो लोग इसे नहीं सुने, उन्हें आज अवश्य सुनना चाहिए। इस भाषण में जो जानकारी है, वह रोंगटे खड़े कर देती है कि किस प्रकार पश्चिम बंगाल के एक छोटे से गांव से प्रारंभ हुआ नक्सलवाद 14 राज्यों में फैल गया और हमारे सशस्त्र बलों को कई बार गंभीर हानि उठानी पड़ी।

तिवारी ने बताया कि नक्सलवाद के कारण अनेक निर्दोष जीवन समाप्त हुए। अनुमान है कि लगभग 20,000 लोग इस हिंसा में अपनी जान गंवा चुके हैं, लेकिन अब नक्सलवाद लगभग खत्म हो गया है। कुछ लोग अभी भी छिपे हुए हैं, लेकिन कई नक्सली आत्मसमर्पण कर चुके हैं और उनका पुनर्वास किया जा रहा है। जो नहीं माने, उन्हें पकड़कर न्याय के दायरे में लाया गया है और लगभग 700 नक्सली मारे गए हैं।

उन्होंने बताया कि पहले देश के कई हिस्सों में लोग शाम 7 बजे के बाद सुरक्षित नहीं घूम सकते थे। बसों का चलना कठिन था, कोई भी अकेला बाहर नहीं जा सकता था। धनबाद से गिरिडीह जैसे मार्गों पर डर का माहौल था। अब सब कुछ बदल चुका है।

मनोज तिवारी ने कहा कि नक्सलवाद कभी भी आम लोगों के अधिकार या न्याय के लिए शुरू नहीं हुआ। यह एक ऐसी विचारधारा से निकला है जिसमें सत्ता केवल बंदूक की नली से आती है। लेकिन आज भारत ने इस चुनौती को पार कर लिया है। 31 मार्च 2026 का दिन हमारे देश को नक्सलवाद से मुक्त करता है और अब हमारा देश सुरक्षित और मजबूत बन चुका है। यह एक अत्यंत महत्वपूर्ण दिन है, जिसे हर भारतीय को याद रखना चाहिए।

संपादकीय दृष्टिकोण

जो कि एक सकारात्मक दृष्टिकोण है। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि नक्सलवाद से प्रभावित कई निर्दोष लोग मरे हैं, लेकिन वर्तमान में स्थिति में सुधार हो रहा है।
RashtraPress
19 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या भारत नक्सलवाद से मुक्त हो सकता है?
हां, भाजपा सांसद मनोज तिवारी के अनुसार, मोदी सरकार ने नक्सलवाद के खात्मे का वादा किया है और अब स्थिति में सुधार हो रहा है।
नक्सलवाद के कारण कितने लोग मारे गए हैं?
अनुमान के अनुसार, लगभग 20,000 लोग नक्सल हिंसा में अपनी जान गंवा चुके हैं।
क्या सरकार ने नक्सलवाद के खिलाफ ठोस कदम उठाए हैं?
हाँ, सरकार ने नक्सलवाद के खिलाफ कई ठोस कदम उठाए हैं, जिनमें नक्सलियों का आत्मसमर्पण और पुनर्वास शामिल है।
नक्सलवाद का खात्मा कब तक होगा?
मनोज तिवारी के अनुसार, 31 मार्च 2026 तक भारत को नक्सलवाद से मुक्त करने की योजना है।
क्या नक्सलवाद आम लोगों के अधिकारों के लिए शुरू हुआ था?
नहीं, यह एक विचारधारा से निकला जो सत्ता को बंदूक के माध्यम से स्थापित करने का प्रयास करता है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 1 महीना पहले
  6. 1 महीना पहले
  7. 7 महीने पहले
  8. 7 महीने पहले