निर्वाचन आयोग का मीडिया अधिकारियों के लिए राष्ट्रीय सम्मेलन, 350+ प्रतिभागियों ने साझा किए अनुभव
सारांश
मुख्य बातें
भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने 12 जून 2026 को नई दिल्ली में मीडिया और संचार अधिकारियों के लिए एक दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन किया, जिसमें देशभर से 350 से अधिक अधिकारियों ने हिस्सा लिया। इस सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य चुनावी प्रक्रिया के दौरान संचार व्यवस्था को सुदृढ़ करना और सर्वोत्तम कार्यप्रणालियों का आदान-प्रदान करना था।
सम्मेलन में किसने लिया हिस्सा
देश के सभी 36 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से मीडिया नोडल अधिकारी (MNO) और सोशल मीडिया नोडल अधिकारी (SMNO) इस सम्मेलन में शामिल हुए। इसके अतिरिक्त उन राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के जिला मीडिया नोडल अधिकारी तथा जिला जनसंपर्क अधिकारी भी उपस्थित रहे, जहाँ विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision) का तीसरा चरण चल रहा है या निकट भविष्य में चुनाव प्रस्तावित हैं।
मुख्य चुनाव आयुक्त का संबोधन
सम्मेलन को मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार, चुनाव आयुक्त डॉ. सुखबीर सिंह संधू और चुनाव आयुक्त डॉ. विवेक जोशी ने संबोधित किया। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि हाल ही में पाँच राज्यों में संपन्न हुए चुनावों में मतदाताओं की भागीदारी स्वतंत्रता के बाद के सर्वोच्च स्तरों में रही है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जनता तक पहुँचने वाली प्रत्येक जानकारी समय पर, सरल भाषा में और पूरी तरह तथ्यों तथा कानूनों पर आधारित होनी चाहिए।
चुनाव आयुक्त डॉ. सुखबीर सिंह संधू ने कहा कि संचार प्रक्रिया का मूल्यांकन केवल सूचना देने तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि उसके प्रभाव को भी ध्यान में रखा जाना चाहिए। डॉ. विवेक जोशी ने अधिकारियों की भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा कि निर्वाचन आयोग के नियम, निर्देश और दिशानिर्देश आम नागरिकों तक सुलभ और सुगम रूप में पहुँचाना उनकी प्रमुख जिम्मेदारी है।
सम्मेलन में किन विषयों पर हुई चर्चा
सम्मेलन में चुनावी प्रक्रिया के विभिन्न चरणों पर विस्तृत विचार-विमर्श हुआ। मतदाता सूची के पुनरीक्षण से लेकर मतदान प्रक्रिया तक की संचार रणनीतियों, ECINet प्लेटफॉर्म, संवैधानिक प्रावधानों, चुनावी कानूनों और हाल के सर्वोच्च न्यायालय के निर्णयों पर जानकारी साझा की गई। इसके साथ ही प्रेस नोट तैयार करने, मीडिया और सोशल मीडिया के माध्यम से सूचनाओं के प्रसार, भ्रामक सूचनाओं से निपटने और युवा मतदाताओं को जागरूक करने पर व्यावहारिक सत्र आयोजित किए गए।
प्रश्नोत्तर सत्र और आगे की राह
कार्यक्रम के समापन पर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की अध्यक्षता में प्रश्नोत्तर सत्र आयोजित किया गया, जिसमें अधिकारियों ने अपने अनुभव साझा किए और विभिन्न विषयों पर आयोग से मार्गदर्शन प्राप्त किया। निर्वाचन आयोग का मानना है कि इस प्रकार के सम्मेलन चुनावी संचार व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने में निर्णायक भूमिका निभाते हैं। आगामी चुनावों को देखते हुए इस तरह के क्षमता-निर्माण आयोजनों की आवृत्ति बढ़ाए जाने की संभावना है।