8 अक्टूबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

कनॉट प्लेस में मोदी समर्थक युवक की कथित पिटाई, पीड़ित फहीम नजीर बोले — 'राहुल को गाली नहीं दी'

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
कनॉट प्लेस में मोदी समर्थक युवक की कथित पिटाई, पीड़ित फहीम नजीर बोले — 'राहुल को गाली नहीं दी'

सारांश

दिल्ली के कनॉट प्लेस में मोदी का नारा लगाना एक युवक के लिए महंगा पड़ा — कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन के बीच कथित पिटाई, वायरल वीडियो और राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप। पीड़ित फहीम नजीर का एक ही सवाल: गाली का वीडियो दिखाओ।

मुख्य बातें

8 अक्टूबर 2026 को कनॉट प्लेस, नई दिल्ली में मोदी समर्थक फहीम नजीर के साथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कथित तौर पर मारपीट की।
घटना ECI की SIR प्रक्रिया के खिलाफ कांग्रेस के तीसरे दिन के विरोध प्रदर्शन के दौरान हुई।
पीड़ित फहीम नजीर ने कहा कि उन्होंने राहुल गांधी के खिलाफ कोई अपशब्द नहीं कहे और वीडियो सबूत माँगा।
BJP नेता प्रदीप भंडारी ने वायरल वीडियो शेयर कर कांग्रेस पर 'अराजक मानसिकता' का आरोप लगाया।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने BJP समर्थकों से विरोध स्थल पर न आने की अपील की।
अब तक किसी भी पक्ष की ओर से पुलिस में औपचारिक शिकायत दर्ज होने की पुष्टि नहीं।

दिल्ली के कनॉट प्लेस में 8 अक्टूबर 2026 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समर्थन में नारे लगाने वाले श्रीनगर निवासी युवक फहीम नजीर के साथ कथित तौर पर मारपीट की गई। यह घटना भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) के उस विरोध प्रदर्शन के दौरान हुई जो चुनाव आयोग (ECI) की 'स्पेशल इंटेंसिव रिविजन' (SIR) प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं के विरुद्ध लगातार तीसरे दिन जारी था। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद राजनीतिक विवाद गहरा गया है।

घटनाक्रम: क्या हुआ कनॉट प्लेस में

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार कनॉट प्लेस स्थित एक रेस्टोरेंट के बाहर कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन के दौरान फहीम नजीर ने प्रधानमंत्री मोदी के समर्थन में नारे लगाए। इसके बाद कथित तौर पर कांग्रेस समर्थकों ने उन्हें घेरकर धक्का दिया और मारपीट की। वायरल वीडियो में एक व्यक्ति को बार-बार मारते-पीटते देखा जा सकता है।

पीड़ित फहीम नजीर ने कहा, 'मैंने राहुल गांधी को गाली नहीं दी। मेरे साथ बुरी तरह मारपीट की गई। अगर किसी के पास कोई वीडियो है जिसमें मैंने अपशब्द कहे हों, तो वह दिखाया जाए — तब मैं पूरे देश से माफी मांग लूंगा।' उन्होंने यह भी कहा कि वह अभिव्यक्ति की आजादी के अधिकार के तहत अपनी बात रख रहे थे और उन्होंने कोई बदतमीजी नहीं की।

पीड़ित का पक्ष और राजनीतिक बयान

फहीम नजीर ने स्वयं को प्रधानमंत्री मोदी का समर्थक बताते हुए कहा कि मोदी ने जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद के विरुद्ध काम किया है, जबकि कांग्रेस दशकों तक सत्ता में रहने के बावजूद इस समस्या को खत्म नहीं कर सकी। उन्होंने ECI और EVM पर विपक्ष के आरोपों को भी सवाल के घेरे में लिया और कहा कि ये सवाल केवल तब उठाए जाते हैं जब केंद्र सरकार चुनाव जीतती है।

फहीम ने यह भी कहा, 'देश को नेपाल, श्रीलंका या बांग्लादेश जैसा बनाने की साजिश चल रही है और मैं ऐसी कोशिशों को कभी सफल नहीं होने दूंगा।' प्रधानमंत्री मोदी के 'सबका साथ, सबका विकास' के नारे का जिक्र करते हुए उन्होंने सरकार की नीयत पर भरोसा जताया।

कांग्रेस कार्यकर्ताओं का जवाब

कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने सफाई देते हुए कहा कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) का कोई कार्यकर्ता उनके विरोध प्रदर्शन में क्यों आएगा। उनका कहना था कि यदि कोई व्यक्ति राहुल गांधी के खिलाफ अपनी बात रखना चाहता है, तो वह कहीं और जाकर ऐसा कर सकता है। उन्होंने हाथ जोड़कर अपील की कि BJP कार्यकर्ता उनके प्रदर्शन में न आएं और हिंसा न भड़काएं।

गौरतलब है कि कांग्रेस की ओर से यह स्पष्ट नहीं किया गया कि मारपीट की घटना उनके अधिकृत कार्यकर्ताओं ने की या अन्य लोगों ने।

BJP का पलटवार और वायरल वीडियो

BJP नेता प्रदीप भंडारी ने वायरल वीडियो शेयर करते हुए कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा, 'कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर शर्म आती है! जब भारत के एक नागरिक ने पीएम मोदी के समर्थन में नारे लगाए, तो कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उसे घेर लिया और पीटा। अराजक कांग्रेस अब भारत के लोगों पर हमला कर रही है।' यह वीडियो शेयर होने के बाद सोशल मीडिया पर तीखी बहस छिड़ गई, जिसमें दोनों पक्षों के समर्थक अपने-अपने तर्क सामने रख रहे हैं।

आगे क्या होगा

अभी तक किसी भी पक्ष की ओर से पुलिस में औपचारिक शिकायत दर्ज होने की पुष्टि नहीं हुई है। यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब दिल्ली में ECI की SIR प्रक्रिया को लेकर विपक्ष और सत्तापक्ष के बीच पहले से तनाव बना हुआ है। राजनीतिक पर्यवेक्षकों का मानना है कि इस मामले की जांच और आगे की कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी रहेंगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

चाहे गलती किसी की भी हो। पीड़ित का वीडियो-सबूत माँगना और कांग्रेस का 'BJP ने हिंसा भड़काई' वाला बचाव — दोनों दावे अभी तक स्वतंत्र रूप से सत्यापित नहीं हैं, फिर भी वायरल वीडियो से आख्यान तय हो चुका है। मुख्यधारा की कवरेज जो चूकती है वह यह है कि इस तरह की घटनाओं में जवाबदेही का सवाल गौण हो जाता है और वे केवल दलीय प्रचार का उपकरण बन जाती हैं। जब तक पुलिस जांच और स्वतंत्र साक्ष्य सामने नहीं आते, तब तक किसी भी पक्ष को क्लीनचिट देना जल्दबाजी होगी।
RashtraPress
8 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

कनॉट प्लेस में मोदी समर्थक की पिटाई की घटना क्या है?
8 अक्टूबर 2026 को दिल्ली के कनॉट प्लेस में श्रीनगर निवासी फहीम नजीर ने कथित तौर पर प्रधानमंत्री मोदी के समर्थन में नारे लगाए, जिसके बाद कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन में मौजूद कार्यकर्ताओं ने उनके साथ मारपीट की। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
पीड़ित फहीम नजीर ने क्या कहा?
फहीम नजीर ने दावा किया कि उन्होंने राहुल गांधी के खिलाफ कोई अपशब्द नहीं कहे और उनकी पिटाई अकारण की गई। उन्होंने कहा कि यदि ऐसा कोई वीडियो सबूत है तो दिखाया जाए, अन्यथा वे अपनी अभिव्यक्ति की आजादी के अधिकार के तहत बोल रहे थे।
यह विरोध प्रदर्शन किस मुद्दे पर हो रहा था?
कांग्रेस सहित विपक्षी दलों का यह प्रदर्शन चुनाव आयोग (ECI) की 'स्पेशल इंटेंसिव रिविजन' (SIR) प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं के विरुद्ध था। 8 अक्टूबर को यह विरोध प्रदर्शन लगातार तीसरे दिन जारी था।
BJP ने इस घटना पर क्या प्रतिक्रिया दी?
BJP नेता प्रदीप भंडारी ने वायरल वीडियो शेयर कर कांग्रेस पर 'अराजक मानसिकता' का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ता अब 'भारत के लोगों' पर हमला कर रहे हैं।
क्या इस मामले में कोई पुलिस कार्रवाई हुई है?
अभी तक किसी भी पक्ष की ओर से पुलिस में औपचारिक शिकायत दर्ज होने की पुष्टि नहीं हुई है। मामले की जांच और आगे की कार्रवाई का इंतजार है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 39 मिनट पहले
  2. 4 घंटे पहले
  3. 2 दिन पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 1 महीना पहले
  6. 1 महीना पहले
  7. 2 महीने पहले
  8. 9 महीने पहले