नोएडा-ग्रेटर नोएडा में मूसलाधार बारिश से जलभराव, ARTO दफ्तर-अंडरपास डूबे; दादरी में दीवार गिरी
सारांश
मुख्य बातें
नोएडा और ग्रेटर नोएडा में 9 जुलाई की रात से जारी मूसलाधार बारिश ने शहरी जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। सरकारी कार्यालयों, अंडरपास, आवासीय सोसाइटियों, स्कूल परिसरों और निर्माण स्थलों पर गंभीर जलभराव दर्ज किया गया। कई स्थानों पर संरचनाएँ ढहीं, हालाँकि किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।
सरकारी कार्यालय में भरा पानी
नोएडा सेक्टर-33 स्थित एआरटीओ (ARTO) कार्यालय का पूरा परिसर जलमग्न हो गया। कमर्शियल, प्रवर्तन और एआरटीओ कक्ष — सभी में पानी घुस गया, जिससे दिनभर का कामकाज ठप रहा। कार्यालय के बाहर बने नाले की समय पर सफाई न होने के कारण ड्रेनेज सिस्टम पूरी तरह फेल हो गया। एआरटीओ नंद कुमार स्वयं परिसर में पहुँचकर सफाई व्यवस्था का जायजा लेते दिखे और उन्होंने नोएडा प्राधिकरण के अधिकारियों को फोन कर स्थिति से अवगत कराया।
अंडरपास में फँसे वाहन
ग्रेटर नोएडा के न्यू दादरी जंक्शन और शिवालिक होम्स सोसाइटी के निकट बने अंडरपास में भारी मात्रा में पानी भर जाने से कई कारें और वाहन बीच रास्ते में फँस गए। अधिकारियों ने अस्थायी पंप लगाकर पानी निकालने का प्रयास किया, लेकिन आसपास से पानी के लगातार रिसाव के कारण जलभराव बना रहा। स्थानीय निवासियों ने अस्थायी उपायों की बजाय स्थायी जल निकासी प्रणाली की माँग की है।
निर्माण स्थल और दीवारें धराशायी
ग्रेटर नोएडा वेस्ट स्थित श्री राधा स्काई गार्डन सोसाइटी के पास निर्माणाधीन लंदन मार्ट में बेसमेंट निर्माण के दौरान सड़क धँस गई और पूरी बाउंड्रीवाल गिर गई। इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ, परंतु निर्माण कार्य की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठ खड़े हुए हैं। नोएडा सेक्टर-63 के ई-45 में एक कंपनी की दीवार भी ढह गई — बताया जा रहा है कि नाली जाम होने से सड़क पर जमा पानी के दबाव के कारण यह हादसा हुआ। घटना के समय वहाँ कोई मौजूद नहीं था, जिससे जनहानि टल गई।
दादरी क्षेत्र में तेज बारिश के चलते एक मकान की दीवार अचानक गिर गई। हादसे के वक्त परिवार के सदस्य घर के भीतर थे, लेकिन समय रहते बाहर निकल जाने से सभी सुरक्षित रहे। दीवार गिरने के बाद मकान का बड़ा हिस्सा मलबे में तब्दील हो गया और आसपास के लोगों में दहशत का माहौल है।
स्कूल और यातायात प्रभावित
लगातार बारिश के कारण कई इलाकों के स्कूल परिसरों में भी पानी भर गया, जिससे छात्रों और शिक्षकों को परेशानी उठानी पड़ी। प्रमुख सड़कों और अंडरपासों पर जलभराव से यातायात बुरी तरह अवरुद्ध रहा। प्रशासन विभिन्न स्थानों पर पंप लगाकर राहत कार्य में जुटा है, लेकिन लगातार बारिश के बीच हालात सामान्य होने में समय लग सकता है।
स्थायी समाधान की माँग
यह ऐसे समय में आया है जब हर मानसून में नोएडा और ग्रेटर नोएडा की जल निकासी व्यवस्था की पोल खुलती है। गौरतलब है कि नाले की सफाई और ड्रेनेज अपग्रेड की माँग वर्षों से उठती रही है। स्थानीय निवासी अब नोएडा प्राधिकरण और ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण से स्थायी जल निकासी समाधान और निर्माण स्थलों पर सख्त सुरक्षा निगरानी की माँग कर रहे हैं। प्रशासन की अगली कार्रवाई यह तय करेगी कि इस मानसून में राहत मिलती है या नहीं।