अक्टूबर 2026: कमर्शियल LPG, ATF, इलेक्ट्रॉनिक्स और पासपोर्ट फीस बढ़ी, त्योहारी बजट पर दोहरी मार
सारांश
मुख्य बातें
अक्टूबर 2026 की शुरुआत आम उपभोक्ताओं के लिए महंगाई के नए झटके लेकर आई है। कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर, एविएशन टर्बाइन फ्यूल (ATF), घरेलू इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और पासपोर्ट सेवा शुल्क — चारों मोर्चों पर एक साथ हुई बढ़ोतरी ने होटल व्यवसाय, हवाई यात्रियों और त्योहारी खरीदारी की योजना बना रहे परिवारों की जेब पर सीधा दबाव डाला है। यह ऐसे समय में आया है जब अक्टूबर-नवंबर का सीजन देश में खरीदारी, शादी-विवाह और यात्रा के लिहाज से सबसे व्यस्त माना जाता है।
कमर्शियल LPG सिलेंडर: दिल्ली में ₹2,810, पटना में सबसे बड़ा झटका
सरकारी तेल विपणन कंपनियों ने 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमत में ₹62.50 तक की बढ़ोतरी की है। नई दरों के अनुसार नई दिल्ली में कमर्शियल सिलेंडर अब ₹2,810 का हो गया है, जबकि मुंबई में यह ₹2,764 पर पहुँच गया है। पटना में सबसे अधिक ₹71.50 की वृद्धि दर्ज की गई है।
इस बढ़ोतरी का सीधा असर होटल, रेस्तरां, ढाबा और कैटरिंग उद्योग पर पड़ने की संभावना है। उद्योग सूत्रों के अनुसार, त्योहारों और शादी-विवाह के सीजन में खाद्य सेवाओं की माँग के बीच व्यवसायियों की परिचालन लागत बढ़ेगी, और यह बोझ अंततः उपभोक्ताओं तक पहुँच सकता है।
ATF महंगा होने से हवाई किराए पर असर संभव
अक्टूबर से एविएशन टर्बाइन फ्यूल (ATF) की कीमत में भी प्रति लीटर ₹16 तक की बढ़ोतरी की गई है। गौरतलब है कि विमानन उद्योग में ईंधन कुल परिचालन लागत का लगभग 40 प्रतिशत हिस्सा होता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि दशहरा, दीपावली और छठ पूजा के दौरान यात्रियों की माँग में तेज़ उछाल के बीच एयरलाइंस किराए में बढ़ोतरी कर सकती हैं। इस प्रकार ATF का महंगा होना हवाई सफर को पहले की तुलना में और अधिक खर्चीला बना सकता है।
घरेलू इलेक्ट्रॉनिक्स: स्मार्ट TV से AC तक ₹1,200–₹3,500 तक महंगे
त्योहारी खरीदारी की तैयारी कर रहे उपभोक्ताओं के लिए एक और बड़ा झटका घरेलू इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की कीमतों में वृद्धि के रूप में आया है। वैश्विक बाजार में कॉपर, स्टील और एल्युमिनियम जैसे कच्चे माल की कीमतें बढ़ने के कारण कंपनियों ने उत्पाद दर संशोधित किए हैं।
उद्योग सूत्रों के अनुसार, स्मार्ट टीवी, स्प्लिट एसी, रेफ्रिजरेटर और वॉशिंग मशीन जैसी वस्तुओं की कीमतों में 5 से 8 प्रतिशत तक की वृद्धि देखी जा सकती है। उत्पाद के अनुसार उपभोक्ताओं को लगभग ₹1,200 से ₹3,500 तक अतिरिक्त भुगतान करना पड़ सकता है। त्योहारी छूट और ऑफर के बावजूद यह वृद्धि बजट को प्रभावित करने वाली है।
पासपोर्ट फीस में ₹1,000 तक की बढ़ोतरी
सरकार ने सामान्य श्रेणी के पासपोर्ट आवेदन शुल्क में भी संशोधन किया है। नई व्यवस्था के तहत पासपोर्ट बनवाने या नवीनीकरण कराने की लागत में ₹1,000 तक की बढ़ोतरी की गई है। इससे विदेश में शिक्षा, रोजगार या यात्रा की योजना बनाने वाले लोगों पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ पड़ेगा।
आगे क्या — विशेषज्ञों की राय
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि कच्चे माल और ऊर्जा की लागत ऊँची बनी रहती है, तो आने वाले महीनों में अन्य वस्तुओं और सेवाओं की कीमतों पर भी दबाव बढ़ सकता है। फिलहाल त्योहारी सीजन में उपभोक्ताओं को खरीदारी और यात्रा की योजना बनाते समय बढ़ी हुई लागत को ध्यान में रखना होगा। कुल मिलाकर, अक्टूबर 2026 की शुरुआत आम उपभोक्ताओं, व्यापारियों और यात्रियों — सभी के लिए खर्च बढ़ाने वाले बदलावों के साथ आई है।