HPCL, IOCL, BPCL ने ईंधन-एलपीजी कमी की अफवाहें खारिज कीं, राजस्थान में पेट्रोल आपूर्ति 19% बढ़ी
सारांश
मुख्य बातें
हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एचपीसीएल), इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन (इंडियनऑयल) और भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (बीपीसीएल) — तीनों सरकारी तेल कंपनियों ने गुरुवार, 21 मई 2026 को स्पष्ट किया कि देश में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है। सोशल मीडिया पर फैल रही ईंधन-कमी की अफवाहों को सिरे से नकारते हुए तीनों कंपनियों ने जनता से आग्रह किया कि वे केवल आधिकारिक संचार माध्यमों पर भरोसा करें।
कंपनियों ने क्या कहा
तीनों तेल कंपनियों ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अलग-अलग पोस्ट के ज़रिए स्थिति स्पष्ट की। इंडियनऑयल ने अपनी पोस्ट में कहा, 'इंडियनऑयल का नेटवर्क देश भर में पर्याप्त पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति सुनिश्चित कर रहा है। जिम्मेदारी से गाड़ी चलाएं, शांति से ईंधन भरें और केवल सत्यापित जानकारी पर ही भरोसा करें।' कंपनी ने कहा कि उसके खुदरा नेटवर्क पर पर्याप्त स्टॉक बना हुआ है ताकि उपभोक्ताओं को निर्बाध आपूर्ति मिलती रहे।
एचपीसीएल ने कहा कि ईंधन वितरण नेटवर्क पर्याप्त स्टॉक और नियमित पुनःपूर्ति के साथ सामान्य रूप से काम कर रहे हैं। बीपीसीएल ने भी स्पष्ट किया कि उसके सभी रिटेल आउटलेट्स पर मांग के अनुरूप ईंधन उपलब्ध है।
राज्यवार आपूर्ति की स्थिति
एचपीसीएल के अनुसार, राजस्थान में 1 मई से 20 मई 2026 के बीच पेट्रोल की आपूर्ति ऐतिहासिक बिक्री की तुलना में 19 प्रतिशत बढ़ी, जबकि इसी अवधि में डीजल की आपूर्ति में 24.5 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। जयपुर सहित राजस्थान के सभी खुदरा आउटलेट सामान्य रूप से संचालित हो रहे हैं।
उत्तराखंड के अगस्तमुनि और गुप्तकाशी क्षेत्रों में ईंधन-कमी की खबरों को भी खारिज किया गया। एचपीसीएल ने बताया कि इन क्षेत्रों के आस-पास के रिटेल आउटलेट्स पर पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और बिक्री पर कोई प्रतिबंध नहीं है। बीपीसीएल ने नैनीताल जिले के कालाढुंगी स्थित आउटलेट्स के बारे में कहा कि वहाँ मौजूद स्टॉक लगभग चार दिनों की नियमित बिक्री आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए पर्याप्त है।
कर्नाटक में एलपीजी आपूर्ति के बारे में एचपीसीएल ने कहा कि कालाबाजारी और अनियमितताओं के खिलाफ कार्रवाई जारी रहने के बावजूद आपूर्ति स्थिर बनी हुई है।
कर्नाटक में एलपीजी जब्ती और कार्रवाई
एचपीसीएल ने बताया कि कर्नाटक सरकार ने 19 मई 2026 तक 1,874 एलपीजी सिलेंडर जब्त किए हैं और अनियमित गतिविधियों के खिलाफ मामले दर्ज किए हैं। यह कार्रवाई उस पृष्ठभूमि में हुई है जब राज्य में एलपीजी की कथित कालाबाजारी की शिकायतें सामने आई थीं। गौरतलब है कि इस प्रकार की जब्ती आपूर्ति-श्रृंखला में व्यवधान की ओर नहीं, बल्कि वितरण-स्तर की अनियमितताओं की ओर इशारा करती है।
घबराकर खरीदारी न करें — तेल कंपनियों की अपील
तीनों कंपनियों ने उपभोक्ताओं से स्पष्ट अपील की है कि वे घबराकर ईंधन की अनावश्यक खरीदारी न करें। कंपनियों ने कहा कि ऐसा करने से वास्तविक कमी पैदा हो सकती है, जबकि वास्तव में आपूर्ति श्रृंखला पूरी तरह सुचारू है। यह ऐसे समय में आया है जब भारत-पाकिस्तान तनाव के बीच सोशल मीडिया पर कई तरह की अफवाहें तेज़ी से फैल रही हैं।
आगे की स्थिति पर नज़र रखते हुए तीनों कंपनियाँ नियमित अपडेट जारी करने का आश्वासन दे रही हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि आधिकारिक स्रोतों से समय पर संवाद ऐसी स्थितियों में घबराहट को रोकने में सबसे प्रभावी उपाय है।