मोदी सरकार के 12 साल पर अजय राय का हमला: पेपर लीक, बेरोज़गारी और महंगाई ने किया जनता को परेशान
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने 10 जून 2025 को केंद्र की भारतीय जनता पार्टी (BJP) सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के अवसर पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि BJP जिन 12 वर्षों को 'बेमिसाल' बता रही है, वे दरअसल बेरोज़गारी, महंगाई, पेपर लीक, आर्थिक असमानता और संस्थागत गिरावट के लिए इतिहास में दर्ज होंगे। राय के अनुसार, सरकार उपलब्धियाँ गिनाने के बजाय उत्सव की आड़ में अपनी विफलताएँ छिपाने की कोशिश कर रही है।
शिक्षा और भर्ती व्यवस्था पर आरोप
अजय राय ने बुधवार को जारी बयान में दावा किया कि पिछले 12 वर्षों में देश की शिक्षा और भर्ती व्यवस्था सबसे अधिक प्रभावित हुई है। उनके अनुसार, पूरे देश में 90 से अधिक प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रश्नपत्र लीक हुए, जबकि अकेले उत्तर प्रदेश में दो दर्जन से अधिक भर्ती परीक्षाएँ विवादों में रहीं। उन्होंने कहा कि इससे करोड़ों युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ हुआ है।
रोज़गार और राशन पर सवाल
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि सरकार ने रोज़गार सृजन के बजाय लोगों को सरकारी राशन पर निर्भर बना दिया है। उन्होंने दावा किया कि आज देश के 80 करोड़ लोग मुफ्त राशन लेने को मजबूर हैं, जिनमें उत्तर प्रदेश के लगभग 16 करोड़ लोग शामिल हैं। राय ने कहा, 'सरकार ने लोगों के हाथों से रोज़गार छीनकर उन्हें राशन के झोले थमा दिए हैं।' साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि 2 करोड़ रोज़गार प्रतिवर्ष देने का वादा पूरा नहीं हुआ।
आर्थिक मोर्चे पर केंद्र सरकार को घेरा
राय ने आर्थिक मोर्चे पर भी केंद्र सरकार को निशाने पर लिया। उनके मुताबिक, भारत की अर्थव्यवस्था और प्रतिव्यक्ति आय के कई संकेतक चिंताजनक स्थिति में हैं, और सरकार की आर्थिक नीतियों का लाभ आम नागरिक तक नहीं पहुँच पाया है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत की स्थिति पहले की तुलना में कमज़ोर हुई है।
महंगाई और किसानों की परेशानी
पेट्रोल, डीज़ल और एलपीजी की बढ़ती कीमतों को लेकर राय ने कहा कि इसने आम लोगों की कमर तोड़ दी है। उन्होंने कहा कि खाद और अन्य कृषि उत्पादों की बढ़ती कीमतों से किसान भी परेशान हैं, जबकि आवश्यक वस्तुओं की महंगाई ने मध्यम वर्ग और गरीब तबकों के सामने गंभीर संकट खड़ा कर दिया है।
आगे क्या
अजय राय ने कहा कि केंद्र और प्रदेश की 'डबल इंजन' सरकारें जनता की मूल समस्याओं का समाधान करने में असफल रही हैं। उनका कहना है कि देश की जनता रोज़गार, शिक्षा, महंगाई और किसान हितों से जुड़े मुद्दों पर जवाब चाहती है, लेकिन सरकार इन सवालों से बचने के लिए उत्सव और प्रचार का सहारा ले रही है। आने वाले दिनों में कांग्रेस इन मुद्दों को और अधिक आक्रामक तरीके से उठाने की तैयारी में है।