पटना मेट्रो 2028 तक पूरी करने का लक्ष्य, CM सम्राट चौधरी ने नेहरू पथ पर दो FOB का दिया निर्देश
सारांश
मुख्य बातें
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने 11 अक्टूबर 2026 को पटना मेट्रो रेल परियोजना के निर्माण स्थलों का स्थलीय निरीक्षण किया और अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि यह परियोजना वर्ष 2028 तक हर हाल में पूरी की जाए। इस दौरान उन्होंने नेहरू पथ पर जेडी विमेंस कॉलेज तथा हाईकोर्ट चौराहा-बिहार म्यूजियम के निकट दो फुट ओवरब्रिज (FOB) निर्मित करने का भी आदेश दिया, जिससे पैदल यात्रियों को सुरक्षित आवागमन सुनिश्चित हो सके।
निरीक्षण में क्या देखा मुख्यमंत्री ने
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने नेहरू पथ पर इनकम टैक्स गोलंबर, हाईकोर्ट चौराहा और हनुमान मंदिर के समीप चल रहे निर्माण कार्यों का बारीकी से जायजा लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से परियोजना की वर्तमान प्रगति और निर्माण की अद्यतन स्थिति की विस्तृत जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने इस दौरान निर्माण की गुणवत्ता और सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया।
आम नागरिकों की सुविधा पर विशेष जोर
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि निर्माण कार्य के दौरान आम नागरिकों को न्यूनतम असुविधा हो। इसके लिए यातायात प्रबंधन और दैनिक आवागमन की व्यवस्था को और सुदृढ़ किया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि निर्माण स्थलों के आसपास नागरिकों की सुरक्षा और सुगम आवाजाही सुनिश्चित करना प्राथमिकता है — विकास और जनसुविधा दोनों साथ-साथ चलेंगे।
विभागों के बीच समन्वय और नियमित निगरानी का निर्देश
पटना मेट्रो रेल परियोजना को राजधानी की परिवहन व्यवस्था के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए मुख्यमंत्री ने सभी संबंधित विभागों और एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने का आह्वान किया। उन्होंने अधिकारियों को नियमित निगरानी और निर्माण की गुणवत्ता पर कड़ी नजर रखने के निर्देश भी दिए। मुख्यमंत्री ने दोटूक कहा कि समय-सीमा, सुरक्षा और जनसुविधाओं में से किसी के साथ भी कोई समझौता स्वीकार्य नहीं होगा।
निरीक्षण में मौजूद रहे वरिष्ठ अधिकारी और मंत्री
इस निरीक्षण दौरे में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, सहकारिता मंत्री रामकृपाल यादव, विज्ञान, प्रावैधिकी एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री शीला कुमारी, पटना के जिलाधिकारी कुंदन कुमार और वरीय पुलिस अधीक्षक कार्तिकेय के. शर्मा सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। इस उच्चस्तरीय निरीक्षण से स्पष्ट है कि राज्य सरकार पटना मेट्रो परियोजना को लेकर पूरी तरह गंभीर है।
आगे क्या
नेहरू पथ पर प्रस्तावित दोनों फुट ओवरब्रिज के निर्माण से क्षेत्र में पैदल यात्रियों को सड़क पार करने में उल्लेखनीय सुविधा मिलने की उम्मीद है। यह ऐसे समय में आया है जब पटना में मेट्रो निर्माण के कारण कई प्रमुख मार्गों पर यातायात दबाव बढ़ा हुआ है। 2028 की समय-सीमा अब सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता बन गई है।