मोदी सरकार ने 18,452 गांवों तक पहुंचाई बिजली, 2.86 करोड़ घरों को मिला कनेक्शन
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर एक्स (पूर्व में ट्विटर) हैंडल 'मोदी स्टोरी' ने 21 सितंबर 2026 को एक पोस्ट साझा किया, जिसमें देश के गांवों और घरों तक बिजली पहुंचाने के अभियान का विवरण दिया गया। पोस्ट के अनुसार, जब मोदी 2014 में प्रधानमंत्री बने, तब भारत के 18,452 गांव अभी भी बिजली से वंचित थे। इसके बाद विभिन्न सरकारी योजनाओं के माध्यम से इन सभी गांवों तक बिजली पहुंचाई गई।
दीन दयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना की भूमिका
पोस्ट में दावा किया गया है कि दीन दयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना के अंतर्गत देश के सभी गांवों का शत-प्रतिशत विद्युतीकरण किया गया। यह योजना ग्रामीण विद्युत अवसंरचना को सुदृढ़ करने और कृषि तथा घरेलू उपयोग के लिए अलग-अलग फीडर व्यवस्था बनाने पर केंद्रित थी। इसे ग्रामीण भारत में बिजली आपूर्ति को नियमित और स्थिर बनाने की दिशा में एक अहम कदम माना गया।
सौभाग्य योजना से घर-घर तक बिजली
ग्राम विद्युतीकरण के बाद सरकार ने सौभाग्य योजना के ज़रिये घर-घर बिजली पहुंचाने का अभियान चलाया। पोस्ट के मुताबिक, इस योजना के तहत 2.86 करोड़ परिवारों को नए बिजली कनेक्शन दिए गए। यह उन करोड़ों नागरिकों के लिए बड़ा बदलाव था जो दशकों से बिना बिजली के जीवन जी रहे थे।
गुजरात से शुरू हुई थी पहल
पोस्ट में यह भी दावा किया गया है कि इस अभियान की नींव मोदी के प्रधानमंत्री बनने से पहले ही पड़ चुकी थी। उनके अनुसार, नरेंद्र मोदी ने 2006 में गुजरात के मुख्यमंत्री रहते हुए ज्योतिग्राम योजना शुरू की, जिसके पहले 1,000 दिनों में करीब 20 लाख बिजली के खंभे लगाए गए, एक लाख किलोमीटर बिजली लाइन बिछाई गई और 18,000 से अधिक गांवों का विद्युतीकरण किया गया।
राष्ट्रपति कलाम ने किया गुजरात दौरा
पोस्ट में दावा किया गया है कि ज्योतिग्राम योजना की उपलब्धियों से प्रभावित होकर तत्कालीन राष्ट्रपति डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम गुजरात पहुंचे, एक ज्योतिग्राम गांव का दौरा किया और योजना को राष्ट्र को समर्पित किया। गौरतलब है कि ये सभी दावे 'मोदी स्टोरी' एक्स हैंडल द्वारा साझा पोस्ट पर आधारित हैं और इनकी स्वतंत्र पुष्टि आवश्यक है।
25 वर्षों की सेवा यात्रा का हिस्सा
पोस्ट के अंत में ग्रामीण विद्युतीकरण को प्रधानमंत्री मोदी की 25 वर्षों की सार्वजनिक सेवा यात्रा का एक महत्वपूर्ण अध्याय बताया गया है। यह ऐसे समय में आया है जब सरकार ऊर्जा क्षेत्र में नवीकरणीय ऊर्जा विस्तार और ग्रामीण बिजली आपूर्ति की गुणवत्ता सुधारने पर ज़ोर दे रही है। आने वाले समय में यह देखना अहम होगा कि इन योजनाओं से लाभान्वित परिवारों को निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जा सकती है या नहीं।