पीएम मोदी का कार्यकाल: अनुशासन, जनसेवा और समर्पण का अनूठा उदाहरण
सारांश
Key Takeaways
- पीएम मोदी का कार्यकाल 8,931 दिनों का है।
- यह कार्यकाल जनसेवा और अनुशासन का प्रतीक है।
- कौसर जहां ने इस उपलब्धि पर गर्व व्यक्त किया।
- भाजपा नेता शाहनवाज हुसैन ने पीएम मोदी की उपलब्धियों की सराहना की।
नई दिल्ली, 22 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। प्रधानमंत्री मोदी ने भारत में सबसे लंबे समय तक शासन करने का एक नया रिकॉर्ड स्थापित किया है। इस उपलब्धि पर दिल्ली हज कमेटी की चेयरपर्सन कौसर जहां ने कहा कि यह हम सभी के लिए गर्व का क्षण है कि प्रधानमंत्री ने जनसेवा में एक और मील का पत्थर स्थापित किया है।
राष्ट्र प्रेस से बातचीत में कौसर जहां ने कहा कि यह केवल एक अंक नहीं है, बल्कि यह उनकी कठिन मेहनत, अनुशासन और देश के प्रति असीमित समर्पण का संकेत है। जिस तेज़ी से उन्होंने विकास को आगे बढ़ाया है—चाहे वह आधुनिक बुनियादी ढांचा हो, डिजिटल बदलाव हो, सरकारी योजनाएं हो या गरीबों के कल्याण के लिए उठाए गए कदम—उसने सच में भारत की तस्वीर को बदल कर रख दिया है।
पीएम मोदी के नेतृत्व में हर भारतीय अपने को सुरक्षित महसूस करता है। यह स्थिरता और विश्वास समावेशी विकास का प्रतीक बन चुका है। मैं पीएम मोदी को दिल से बधाई देती हूं। मुझे पूरा विश्वास है कि उनके नेतृत्व में भारत और भी ऊँचाइयों को छुएगा।
एक्स पोस्ट में कौसर जहां ने बताया कि पीएम मोदी ने 8,931 दिनों का अभूतपूर्व कार्यकाल पूरा करते हुए भारत के सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले प्रधानमंत्री का रिकॉर्ड बनाया है। गरीब परिवार से निकलकर देश के सर्वोच्च पद तक पहुँचने की यह यात्रा समर्पण, ईमानदारी और राष्ट्रहित के प्रति अटूट प्रतिबद्धता का प्रतीक है। लगातार 3 बार जनता का आशीर्वाद और भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व में एक मजबूत सरकार, यही विश्वास ‘विकसित भारत’ की दिशा तय कर रहा है। यह सफर केवल समय का नहीं, बल्कि विश्वास, विकास और विश्व में भारत के बढ़ते सम्मान का प्रतीक है।
भाजपा नेता शाहनवाज हुसैन ने कहा कि यह हमारे लिए गर्व की बात है कि हमारे नेता नरेंद्र मोदी के नाम अब देश में सबसे लंबे समय तक सार्वजनिक पद पर रहने का रिकॉर्ड दर्ज हो गया है। मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के रूप में लगातार सेवा करते हुए, वे 8,931 दिनों से भी अधिक समय तक पद पर रहे हैं। यह रिकॉर्ड इतना महत्वपूर्ण है कि देश में सबसे लंबे समय तक प्रधानमंत्री रहने और सार्वजनिक पद पर बिताने का रिकॉर्ड उन्हीं के नाम होगा।