पीएमईजीपी योजना से धमतरी के शाकिर खान ने खड़ा किया होटल व्यवसाय, 6-7 लोगों को दे रहे रोजगार
सारांश
मुख्य बातें
केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (पीएमईजीपी) योजना छत्तीसगढ़ के युवाओं के लिए आत्मनिर्भरता का एक सशक्त माध्यम बन रही है। धमतरी जिले के शाकिर खान इस योजना के एक प्रेरणादायक उदाहरण हैं, जिन्होंने बैंक ऋण और सब्सिडी की सुविधा का लाभ उठाकर अपना होटल व्यवसाय स्थापित किया और आज 6 से 7 लोगों को रोजगार भी प्रदान कर रहे हैं। 9 अक्टूबर 2026 को सामने आई उनकी यह कहानी राज्य में उद्यमिता की नई बयार की गवाह है।
कैसे बदली शाकिर खान की ज़िंदगी
शाकिर खान के अनुसार, पहले वे एक छोटी-सी झोपड़ी में रहकर जीवनयापन करते थे और आर्थिक स्थिति बेहद कमज़ोर थी। पीएमईजीपी योजना की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने आवश्यक दस्तावेज़ तैयार किए और बैंक से संपर्क किया। प्रक्रिया पूरी होने पर उन्हें योजना के तहत ऋण प्राप्त हुआ, जिसने उनके उद्यमी बनने के सपने को साकार किया।
आज शाकिर खान का अपना पक्का मकान है और होटल का कारोबार लगातार विस्तार पा रहा है। उन्होंने बताया कि ऋण की किस्तें छोटी-छोटी होने के कारण वे धीरे-धीरे पूरा कर्ज़ चुका चुके हैं। यह ऐसे समय में उल्लेखनीय है जब छत्तीसगढ़ के ग्रामीण और अर्ध-शहरी इलाकों में युवाओं के लिए रोजगार के अवसर सीमित हैं।
योजना की संरचना और क्रियान्वयन
पीएमईजीपी एक प्रमुख ऋण-आधारित सब्सिडी कार्यक्रम है, जिसका उद्देश्य गैर-कृषि क्षेत्र में सूक्ष्म उद्यमों की स्थापना के ज़रिए स्वरोजगार के अवसर सृजित करना है। राष्ट्रीय स्तर पर नोडल एजेंसी के रूप में खादी और ग्राम उद्योग आयोग (केवीआईसी) इस योजना का संचालन करती है। राज्य स्तर पर राज्य केवीआईसी निदेशालयों, राज्य खादी और ग्राम उद्योग बोर्डों (केवीआईबी), जिला उद्योग केंद्रों (डीआईसी) और बैंकों के सहयोग से इसे लागू किया जाता है।
लाभार्थी की प्रतिक्रिया
शाकिर खान ने कहा कि यदि यह योजना नहीं होती, तो उद्यमी बनने का उनका सपना शायद अधूरा रह जाता। उन्होंने इसे युवाओं को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने वाली एक महत्त्वपूर्ण पहल बताया और योजना के तहत मिले ऋण एवं सब्सिडी के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति आभार व्यक्त किया।
आम जनता और युवाओं पर असर
गौरतलब है कि पीएमईजीपी जैसी योजनाएँ न केवल एक व्यक्ति को उद्यमी बनाती हैं, बल्कि उसके माध्यम से समाज में रोजगार की एक पूरी श्रृंखला तैयार होती है। शाकिर खान का उदाहरण यह दर्शाता है कि सही सहयोग और सरल प्रक्रिया से ग्रामीण युवा भी सफल व्यवसायी बन सकते हैं। छत्तीसगढ़ में इस योजना के और लाभार्थियों के सामने आने की संभावना है, क्योंकि जागरूकता अभियान तेज़ हो रहे हैं।