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योग और प्राकृतिक चिकित्सा से निवारक स्वास्थ्य को बढ़ावा, आयुष मंत्री प्रतापराव जाधव ने संसदीय समिति को दी जानकारी

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योग और प्राकृतिक चिकित्सा से निवारक स्वास्थ्य को बढ़ावा, आयुष मंत्री प्रतापराव जाधव ने संसदीय समिति को दी जानकारी

सारांश

आयुष मंत्री प्रतापराव जाधव ने संसदीय सलाहकार समिति को बताया कि देश में 70 से अधिक बीएनवाईएस कॉलेज, 5,000 से अधिक योग संस्थान और 7 लाख से अधिक प्रमाणित योग पेशेवर हैं — और सरकार इन्हें निवारक स्वास्थ्य नीति की धुरी बना रही है।

मुख्य बातें

आयुष मंत्री प्रतापराव जाधव ने 25 मई 2026 को नई दिल्ली में संसदीय सलाहकार समिति की चौथी बैठक की अध्यक्षता की।
देश में वर्तमान में 70 से अधिक बीएनवाईएस कॉलेज और 5,000 से अधिक योग प्रशिक्षण संस्थान सक्रिय हैं।
मोरारजी देसाई राष्ट्रीय योग संस्थान ने 6 लाख से अधिक योग स्वयंसेवकों को प्रशिक्षित किया; योग प्रमाणन बोर्ड ने 7 लाख से अधिक पेशेवरों को प्रमाणित किया।
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस अब 190 से अधिक देशों में मनाया जाता है।
बैठक में समिति सदस्यों ने योग और प्राकृतिक चिकित्सा को वैश्विक स्तर पर और मज़बूत करने का समर्थन किया।

केंद्रीय आयुष राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) प्रतापराव जाधव ने 25 मई 2026 को नई दिल्ली में आयुष मंत्रालय की संसदीय सलाहकार समिति की चौथी बैठक की अध्यक्षता की। बैठक का केंद्रीय विषय 'भारत में योग और प्राकृतिक चिकित्सा' रहा, जिसमें निवारक स्वास्थ्य देखभाल को सुदृढ़ करने और भारत की पारंपरिक स्वास्थ्य प्रणालियों की वैश्विक पहुँच बढ़ाने पर विस्तृत विचार-विमर्श हुआ।

बैठक का मुख्य घटनाक्रम

समिति सदस्यों को संबोधित करते हुए जाधव ने कहा कि योग और प्राकृतिक चिकित्सा समग्र एवं निवारक स्वास्थ्य देखभाल में भारत का शाश्वत योगदान हैं और अब ये वैश्विक आरोग्य आंदोलन के महत्वपूर्ण स्तंभ बन चुके हैं। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आयुष मंत्रालय ने निवारक, संवर्धक और जीवनशैली-आधारित स्वास्थ्य देखभाल को राष्ट्रीय प्राथमिकता के रूप में स्थापित किया है।

मंत्री ने यह भी रेखांकित किया कि गैर-संचारी रोगों, तनाव और मानसिक स्वास्थ्य विकारों के प्रबंधन में योग और प्राकृतिक चिकित्सा को तेज़ी से प्रभावी पूरक उपायों के रूप में मान्यता मिल रही है।

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की वैश्विक उपलब्धि

संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा 2014 में 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस घोषित किए जाने का उल्लेख करते हुए जाधव ने इसे भारत की सांस्कृतिक कूटनीति और वैश्विक नेतृत्व की ऐतिहासिक उपलब्धि बताया। उन्होंने जानकारी दी कि अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस अब 190 से अधिक देशों में मनाया जाता है, जो दुनिया भर के करोड़ों लोगों को योग से जोड़ रहा है।

संस्थागत ढाँचा और प्रशिक्षण की स्थिति

जाधव ने समिति को बताया कि देश में वर्तमान में 70 से अधिक प्राकृतिक चिकित्सा और योग विज्ञान में स्नातक (बीएनवाईएस) कॉलेज और 5,000 से अधिक योग प्रशिक्षण संस्थान सक्रिय हैं। इसके अतिरिक्त, मोरारजी देसाई राष्ट्रीय योग संस्थान ने 6 लाख से अधिक योग स्वयंसेवकों को प्रशिक्षित किया है, जबकि योग प्रमाणन बोर्ड के ढाँचे के तहत 7 लाख से अधिक योग पेशेवरों और स्वयंसेवकों को प्रमाणित किया जा चुका है।

मंत्री ने यह भी रेखांकित किया कि योग और प्राकृतिक चिकित्सा भारत की आरोग्य अर्थव्यवस्था, रोज़गार सृजन, स्वास्थ्य पर्यटन और वैश्विक सांस्कृतिक प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।

विशेषज्ञ प्रस्तुति और सदस्यों की भागीदारी

आयुष मंत्रालय की संयुक्त सचिव मोनालिसा दास ने भारत में योग और प्राकृतिक चिकित्सा क्षेत्र की वर्तमान स्थिति, संस्थागत ढाँचा, शैक्षिक अवसंरचना, अनुसंधान पहल और उभरते अवसरों पर विस्तृत प्रेजेंटेशन दी। बैठक में स्वामी एस. हरि साक्षी, लक्ष्मीकांत वाजपेयी, धर्मशिला गुप्ता, परषोत्तमभाई रूपाला, नीलेश डी. लंके, रेणुका चौधरी और अष्टीकर पाटिल एन. बापुराव सहित समिति के वरिष्ठ सदस्यों ने सक्रिय भागीदारी निभाई।

आगे की दिशा

बैठक का समापन सदस्यों के इस संकल्प के साथ हुआ कि योग और प्राकृतिक चिकित्सा को विश्व स्तर पर मान्यता प्राप्त निवारक स्वास्थ्य प्रणालियों के रूप में और अधिक सुदृढ़ किया जाएगा। गौरतलब है कि यह बैठक ऐसे समय में हुई जब भारत सरकार पारंपरिक चिकित्सा को मुख्यधारा स्वास्थ्य नीति में एकीकृत करने की दिशा में लगातार प्रयासरत है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन 7 लाख प्रमाणित पेशेवरों और 5,000 संस्थानों के बावजूद इन सेवाओं की ज़मीनी पहुँच — विशेषकर ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमज़ोर तबकों तक — अभी भी सीमित है। संसदीय समिति की बैठकें विमर्श का मंच देती हैं, परंतु इन पहलों के मापनीय स्वास्थ्य परिणामों पर स्वतंत्र डेटा अभी पर्याप्त सार्वजनिक नहीं है। आरोग्य अर्थव्यवस्था और स्वास्थ्य पर्यटन में योगदान के दावों को तब तक पूरी तरह स्वीकार नहीं किया जा सकता, जब तक कि इन्हें सत्यापन-योग्य आँकड़ों से नहीं जोड़ा जाता।
RashtraPress
10 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

आयुष मंत्रालय की संसदीय सलाहकार समिति की चौथी बैठक में क्या हुआ?
25 मई 2026 को नई दिल्ली में हुई इस बैठक में 'भारत में योग और प्राकृतिक चिकित्सा' विषय पर चर्चा हुई, जिसमें निवारक स्वास्थ्य देखभाल को मज़बूत करने और इन प्रणालियों की वैश्विक पहुँच बढ़ाने की सरकारी पहलों की समीक्षा की गई। बैठक की अध्यक्षता आयुष मंत्री प्रतापराव जाधव ने की।
भारत में कितने योग प्रशिक्षण संस्थान और बीएनवाईएस कॉलेज हैं?
आयुष मंत्री के अनुसार देश में वर्तमान में 70 से अधिक बीएनवाईएस (प्राकृतिक चिकित्सा और योग विज्ञान स्नातक) कॉलेज और 5,000 से अधिक योग प्रशिक्षण संस्थान सक्रिय हैं।
योग प्रमाणन बोर्ड के तहत कितने पेशेवरों को प्रमाणित किया गया है?
योग प्रमाणन बोर्ड के ढाँचे के तहत अब तक 7 लाख से अधिक योग पेशेवरों और स्वयंसेवकों को प्रमाणित किया जा चुका है। इसके अलावा मोरारजी देसाई राष्ट्रीय योग संस्थान ने 6 लाख से अधिक योग स्वयंसेवकों को प्रशिक्षित किया है।
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस कितने देशों में मनाया जाता है?
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस अब 190 से अधिक देशों में मनाया जाता है। संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 2014 में 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के रूप में घोषित किया था।
योग और प्राकृतिक चिकित्सा किन बीमारियों में सहायक माने जा रहे हैं?
आयुष मंत्री के अनुसार गैर-संचारी रोगों, तनाव और मानसिक स्वास्थ्य विकारों के प्रबंधन में योग और प्राकृतिक चिकित्सा को प्रभावी पूरक उपायों के रूप में तेज़ी से मान्यता मिल रही है। ये निवारक और एकीकृत स्वास्थ्य देखभाल को बढ़ावा देने में सहायक बताए गए हैं।
राष्ट्र प्रेस
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