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राहुल गांधी का बालाघाट दौरा: MP सरकार पर स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार में 'शत-प्रतिशत फेल' का आरोप

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राहुल गांधी का बालाघाट दौरा: MP सरकार पर स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार में 'शत-प्रतिशत फेल' का आरोप

सारांश

राहुल गांधी बालाघाट के जगला गांव पहुँचे जहाँ बीमारी और कुपोषण से बच्चों की मौतें हुईं। बैगा आदिवासी परिवारों से मिलकर उन्होंने MP सरकार को 'शत-प्रतिशत फेल' करार दिया और मुआवजे, पट्टे व वन अधिकार का मुद्दा लोकसभा में उठाने का वादा किया।

मुख्य बातें

राहुल गांधी 1 अक्टूबर 2026 को बालाघाट के जगला गांव पहुँचे और बैगा आदिवासी परिवारों से मुलाकात की।
कुपोषण व बीमारी से बच्चों की मौतों के बाद आधे परिवारों को अब तक मुआवजा नहीं मिला: राहुल गांधी।
गांधी ने MP सरकार को स्वास्थ्य, शिक्षा और रोजगार में 'शत-प्रतिशत फेल' बताया।
आरोप: लाडली बहना योजना में आदिवासियों का पैसा अन्य योजनाओं से काटा जा रहा है।
गांधी ने वन अधिकार कानून और मनरेगा का मुद्दा लोकसभा में उठाने का वादा किया।

लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी गुरुवार, 1 अक्टूबर 2026 को मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले के जगला गांव पहुँचे, जहाँ उन्होंने कुपोषण और बीमारियों से अपने बच्चों को खो चुके बैगा आदिवासी परिवारों से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने मध्य प्रदेश सरकार पर स्वास्थ्य, शिक्षा और रोजगार के मोर्चे पर 'शत-प्रतिशत विफल' रहने का गंभीर आरोप लगाया और पीड़ित परिवारों से वादा किया कि वे उनके मुद्दे लोकसभा में उठाएंगे।

मुख्य घटनाक्रम

जगला गांव बैगा आदिवासी समुदाय की बस्ती है, जहाँ के कई परिवारों ने बीमारी और कुपोषण के कारण अपने बच्चों की जानें गँवाई हैं। राहुल गांधी ने पीड़ित परिवारों से सीधे संवाद किया और उनकी व्यथाएं सुनीं। गौरतलब है कि यह दौरा ऐसे समय में हुआ है जब आदिवासी बहुल क्षेत्रों में बाल-मृत्यु दर और कुपोषण का मुद्दा राष्ट्रीय चर्चा में बना हुआ है।

राहुल गांधी के आरोप

संवाददाताओं से बातचीत में राहुल गांधी ने कहा, 'बीमारी और कुपोषण के कारण बच्चों की मौत हुई और जो सरकार को सहयोग करना चाहिए था, वह नहीं किया। स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार बंद पड़ा है।' उन्होंने जमीन के अधिकार, मनरेगा और वन अधिकार कानून के तहत पट्टों की अनदेखी का भी जिक्र किया। किसी का नाम लिए बिना उन्होंने कहा कि '24 घंटे विकास की बात होती है, 24 घंटे भ्रष्टाचार होता है, मगर जब आदिवासी को जरूरत पड़ती है तो सरकार गायब हो जाती है।'

मुआवजे और योजनाओं पर सवाल

राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि बच्चों की मौत के बाद भी 'आधे परिवारों को अब तक मुआवजा नहीं मिला है।' उन्होंने यह भी कहा कि आदिवासियों को एक योजना में धनराशि मिलती है तो लाडली बहना योजना में उनका पैसा काट लिया जाता है। उनका तर्क था कि यदि सरकार दो योजनाएं चला रही है, तो दोनों का फायदा लाभार्थियों को एक साथ मिलना चाहिए।

आदिवासी पहचान और राजनीतिक संदेश

कांग्रेस नेता ने सांस्कृतिक-राजनीतिक रुख अपनाते हुए कहा, 'हम इन्हें वनवासी नहीं कहते, हम इन्हें आदिवासी कहते हैं। आदिवासी इस हिंदुस्तान के पहले मालिक थे।' यह टिप्पणी 'वनवासी' बनाम 'आदिवासी' की उस बहस को सीधे संबोधित करती है जो भारतीय राजनीति में लंबे समय से चली आ रही है। गांधी ने वादा किया कि कांग्रेस की सरकार आने पर वन अधिकार कानून लागू किया जाएगा और आदिवासियों को उनका हक दिलाया जाएगा।

आगे क्या

राहुल गांधी ने स्पष्ट किया कि वे बैगा आदिवासियों से जुड़े मुद्दों — पट्टे, मनरेगा, अस्पताल और स्कूल — को लोकसभा में उठाएंगे। यह दौरा कांग्रेस की उस बड़ी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है जिसमें पार्टी मध्य प्रदेश में आदिवासी समुदायों के बीच अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश कर रही है। मध्य प्रदेश सरकार की ओर से इन आरोपों पर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।

संपादकीय दृष्टिकोण

'मुआवजा न मिलने' और 'दो योजनाओं में पैसा कटने' के आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी बाकी है। असली सवाल यह है कि संसद में मुद्दा उठाने के वादे कितनी बार ठोस नीतिगत बदलाव में बदले हैं — और इस बार क्या अलग होगा।
RashtraPress
1 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

राहुल गांधी बालाघाट क्यों गए?
राहुल गांधी बालाघाट के जगला गांव में उन बैगा आदिवासी परिवारों से मिलने गए जिन्होंने कुपोषण और बीमारी के कारण अपने बच्चों को खोया है। यह दौरा आदिवासी समुदाय की समस्याओं को राष्ट्रीय मंच पर उठाने के उद्देश्य से किया गया।
राहुल गांधी ने MP सरकार पर क्या आरोप लगाए?
उन्होंने मध्य प्रदेश सरकार को स्वास्थ्य, शिक्षा और रोजगार के मोर्चे पर 'शत-प्रतिशत फेल' करार दिया। साथ ही आरोप लगाया कि बच्चों की मौत के बाद भी आधे परिवारों को मुआवजा नहीं मिला और वन अधिकार कानून के तहत पट्टे नहीं दिए गए।
लाडली बहना योजना पर राहुल गांधी ने क्या कहा?
गांधी ने आरोप लगाया कि आदिवासियों को एक योजना में धनराशि मिलती है तो लाडली बहना योजना में उनका पैसा काट लिया जाता है। उनका कहना था कि यदि दो योजनाएं चल रही हैं तो दोनों का लाभ एक साथ मिलना चाहिए।
राहुल गांधी ने आदिवासियों से क्या वादा किया?
उन्होंने वादा किया कि पट्टे, मनरेगा, अस्पताल और स्कूल जैसे मुद्दे वे लोकसभा में उठाएंगे। कांग्रेस की सरकार बनने पर वन अधिकार कानून लागू करने का भी आश्वासन दिया।
'आदिवासी' और 'वनवासी' शब्द पर राहुल गांधी का क्या रुख है?
राहुल गांधी ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस इस समुदाय को 'वनवासी' नहीं बल्कि 'आदिवासी' कहती है। उनका तर्क था कि आदिवासी भारत के 'पहले मालिक' हैं और उन्हें जमीन, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार में प्राथमिकता मिलनी चाहिए।
राष्ट्र प्रेस
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