राजस्थान विधानसभा की कार्यवाही प्रश्नकाल से होगी शुरू, कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर होगी चर्चा

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राजस्थान विधानसभा की कार्यवाही प्रश्नकाल से होगी शुरू, कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर होगी चर्चा

सारांश

राजस्थान विधानसभा की कार्यवाही का आगाज प्रश्नकाल से होगा, जहां विधायक विभिन्न विभागों के मुद्दों पर सरकार से जवाब मांगेंगे। क्या सरकार इन महत्वपूर्ण सवालों का सामना कर पाएगी? जानें विस्तार से।

Key Takeaways

  • प्रश्नकाल में विधायक सरकार से जवाब मांगेंगे।
  • 22 तारांकित और 24 अतारांकित प्रश्नों पर चर्चा होगी।
  • ध्यानाकर्षण प्रस्ताव भी पेश किए जाएंगे।
  • कई महत्वपूर्ण याचिकाएं भी प्रस्तुत की जाएंगी।
  • विधायी कार्य में महत्वपूर्ण विधेयक पर चर्चा होगी।

जयपुर, 6 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। राजस्थान विधानसभा की कार्यवाही शुक्रवार को प्रश्नकाल से आरंभ होगी, जिसमें विभिन्न विभागों से संबंधित महत्वपूर्ण मुद्दों पर सरकार से उत्तर मांगे जाएंगे। विधानसभा की कार्यसूची के अनुसार, तारांकित प्रश्नों की सूची में 22 प्रश्न और अतारांकित प्रश्नों की सूची में 24 प्रश्न शामिल हैं। इन प्रश्नों के माध्यम से विधायक सरकार के विभिन्न विभागों की कार्यप्रणाली और योजनाओं के बारे में जानकारी प्राप्त करेंगे।

प्रश्नकाल के दौरान उपमुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा से संबंधित विभागों से जुड़े सवाल भी सदन में उठाए जाएंगे। इसके अतिरिक्त, कृषि विभाग, शिक्षा विभाग, जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग, जल संसाधन विभाग, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग, सहकारिता विभाग और नगरीय विकास विभाग से संबंधित मुद्दों पर भी प्रश्न-उत्तर होंगे। इन विभागों की योजनाओं, कार्यों और नीतियों को लेकर विपक्ष और सत्तापक्ष के विधायक सरकार से स्पष्टीकरण मांगेंगे।

सदन में ध्यानाकर्षण प्रस्ताव भी पेश किए जाएंगे। विधायक श्रीचन्द कृपलानी मेवाड़ क्षेत्र के महाविद्यालयों की संबद्धता को राजस्थान स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय, जयपुर से मारवाड़ मेडिकल विश्वविद्यालय, जोधपुर में स्थानांतरित करने के निर्णय पर पुनर्विचार की मांग को लेकर ध्यानाकर्षण प्रस्ताव लाएंगे। वे इस मामले में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री का ध्यान आकर्षित करेंगे और सरकार से इस निर्णय को रद्द करने की मांग करेंगे।

वहीं, कांग्रेस विधायक गोविन्द सिंह डोटासरा पशुपालन विभाग में कथित अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के मुद्दे पर ध्यानाकर्षण प्रस्ताव पेश करेंगे। वे पशुपालन एवं डेयरी मंत्री से इस मामले में स्पष्टीकरण मांगेंगे और विभागीय कार्यप्रणाली पर सवाल उठाएंगे।

इसके अलावा सदन की मेज पर कुछ महत्वपूर्ण पत्र भी रखे जाएंगे। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की एक अधिसूचना सदन के पटल पर रखेंगे। वहीं, उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी राजस्थान पर्यटन विकास निगम लिमिटेड का वार्षिक प्रतिवेदन सदन के पटल पर प्रस्तुत करेंगी।

सदन में कई याचिकाएं भी प्रस्तुत की जाएंगी। विधायक अमित चाचाण नोहर में पशु विज्ञान महाविद्यालय की स्थापना तथा शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र नोहर को शहरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में क्रमोन्नत करने की मांग को लेकर याचिका लगाएंगे। विधायक हमीर सिंह भायल बगरू के ग्राम मुहाना से मदाऊ स्थित संस्कृत विश्वविद्यालय तक सड़क निर्माण की मांग से संबंधित याचिका पेश करेंगे।

विधायक बाबूसिंह राठौड़ शेरगढ़ में नया केंद्रीय विद्यालय खोलने की मांग को लेकर याचिका लगाएंगे, जबकि विधायक चेतन पटेल कोलाना पीपल्दा के सुल्तानपुर और इटावा नगरपालिका क्षेत्रों को आबादी क्षेत्र में परिवर्तित करने की मांग रखेंगे।

इसके साथ ही विधायक संजय कुमार बसेड़ी (धौलपुर) क्षेत्र की कुछ सड़कों और पुलों के निर्माण की स्वीकृति जारी करने की मांग से जुड़ी याचिका प्रस्तुत करेंगे। वहीं विधायक छगनसिंह राजपुरोहित सुनवाड़ा में वन विभाग द्वारा मातृवन (नमो वन) स्थापित करने की मांग को लेकर याचिका पेश करेंगे।

सदन में विधायी कार्य भी होगा, जिसमें ‘विक्षुब्ध क्षेत्रों में स्थावर संपत्ति के अंतरण का प्रतिषेध और परिसरों से किरायेदारों को बेदखली से संरक्षण के लिए उपबंध विधेयक, 2026’ पर चर्चा की जाएगी। चर्चा के बाद इस विधेयक को सदन से पारित किए जाने की संभावना है।

Point of View

NationPress
06/03/2026

Frequently Asked Questions

प्रश्नकाल की प्रक्रिया क्या है?
प्रश्नकाल वह समय होता है जब विधायक विभिन्न विभागों से जुड़े सवाल पूछ सकते हैं और सरकार को उत्तर देना होता है।
कौन-कौन से विभागों के मुद्दों पर चर्चा होगी?
कृषि, शिक्षा, जनस्वास्थ्य, जल संसाधन, सामाजिक न्याय और सहकारिता विभागों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा होगी।
क्या ध्यानाकर्षण प्रस्ताव भी प्रस्तुत किए जाएंगे?
जी हां, विधायक कई ध्यानाकर्षण प्रस्ताव भी पेश करेंगे, जो महत्वपूर्ण मुद्दों पर सरकार का ध्यान आकर्षित करेंगे।
इस कार्यवाही में कौन से विधायी कार्य होंगे?
इस कार्यवाही में 'विक्षुब्ध क्षेत्रों में स्थावर संपत्ति के अंतरण का प्रतिषेध और बेदखली से संरक्षण के लिए उपबंध विधेयक, 2026' पर चर्चा होगी।
क्या इस कार्यवाही में सत्तापक्ष और विपक्ष के विधायक शामिल होंगे?
जी हां, इस कार्यवाही में सत्तापक्ष और विपक्ष दोनों के विधायक शामिल होंगे और सवाल-जवाब करेंगे।
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