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सत्ता परिवर्तन की साजिश नाकाम होगी: BJP बिहार अध्यक्ष संजय सरावगी ने भागवत के बयान का किया समर्थन

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सत्ता परिवर्तन की साजिश नाकाम होगी: BJP बिहार अध्यक्ष संजय सरावगी ने भागवत के बयान का किया समर्थन

सारांश

BJP बिहार अध्यक्ष संजय सरावगी ने RSS प्रमुख मोहन भागवत के विजयादशमी बयान को सही ठहराते हुए कहा — विदेशी फंडिंग से भारत में अस्थिरता फैलाने और सत्ता परिवर्तन की साजिश रचने वाले कभी सफल नहीं होंगे। साथ ही OTT पर अश्लील कंटेंट को युवाओं के खिलाफ साजिश बताया।

मुख्य बातें

BJP बिहार अध्यक्ष संजय सरावगी ने 20 अक्टूबर 2026 को पटना में RSS प्रमुख मोहन भागवत के विजयादशमी बयान का पूर्ण समर्थन किया।
सरावगी ने आरोप लगाया कि विदेशी फंडिंग के जरिए भारत में बांग्लादेश, नेपाल और फ्रांस जैसे हालात पैदा करने की साजिश हो रही है।
उन्होंने राहुल गांधी और सीजेपी समेत विपक्षी दलों पर विदेशी फंडिंग से अस्थिरता फैलाने का आरोप लगाया।
OTT प्लेटफॉर्म पर अश्लील कंटेंट को युवा पीढ़ी के विरुद्ध साजिश बताया गया।
सरावगी ने कहा कि सत्ता का रास्ता अराजकता से नहीं, जनता के विश्वास से होकर गुजरता है।

भारतीय जनता पार्टी (BJP) के बिहार प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने 20 अक्टूबर 2026 को पटना में कहा कि विदेशी ताकतों के इशारे पर भारत में सत्ता परिवर्तन का सपना देखने वालों के मंसूबे कभी पूरे नहीं होंगे। उन्होंने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक मोहन भागवत द्वारा नागपुर में विजयादशमी के अवसर पर दिए गए बयान का पूरी तरह समर्थन किया।

भागवत के बयान पर सरावगी का रुख

सरावगी ने कहा, 'नागपुर में RSS के स्थापना दिवस कार्यक्रम में सरसंघचालक द्वारा दिया गया संबोधन बिल्कुल सही था। उन्होंने लोगों को राष्ट्रीय एकता, सामाजिक सद्भाव, आत्मनिर्भरता और राष्ट्रीय चरित्र को मजबूत करने के लिए प्रेरित किया।' सरावगी के अनुसार, भागवत ने यह भी चेतावनी दी कि शासन परिवर्तन के नाम पर देश में अस्थिरता पैदा करने के प्रयासों को लेकर सतर्क रहने की जरूरत है।

विदेशी फंडिंग और अस्थिरता पर आरोप

BJP प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि भारत में अशांति फैलाने की साजिश विदेशी फंडिंग के जरिए की जा रही है। उन्होंने दावा किया कि जो लोग बांग्लादेश, नेपाल या फ्रांस जैसे हालात भारत में पैदा करना चाहते हैं, वे अपने मंसूबों में कभी सफल नहीं होंगे। उन्होंने यह भी कहा कि एक अमेरिकी सिंगर ने खुद स्वीकार किया है कि विदेशी फंडिंग के माध्यम से अस्थिरता फैलाने की साजिश की जा रही है।

विपक्ष पर सीधा निशाना

सरावगी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी और संगठन सीजेपी (Citizens for Justice and Peace) सहित विपक्षी दलों पर विदेशी फंडिंग के माध्यम से देश में अस्थिरता फैलाने में संलिप्तता का आरोप लगाया। उन्होंने विपक्ष से सवाल किया, 'सत्ता परिवर्तन की बेचैनी में देश की स्थिरता और विकास को दांव पर क्यों लगा रहे हैं?' यह स्पष्ट करते हुए उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक रूप से चुनी गई सरकार को संवैधानिक तरीके से कमजोर करने या सड़कों पर अशांति फैलाकर गिराने की कोशिश कभी सफल नहीं होगी।

OTT प्लेटफॉर्म पर अश्लील कॉन्टेंट का मुद्दा

ओटीटी प्लेटफॉर्म पर अश्लील कंटेंट को लेकर भागवत के बयान का समर्थन करते हुए सरावगी ने कहा कि OTT प्लेटफॉर्म पर परोसी जा रही अनियंत्रित सामग्री और नशे का जहर युवा पीढ़ी की मेधा और विवेक को कुंद करने की साजिश है। उन्होंने कहा कि देश के युवाओं के भविष्य और सामाजिक मूल्यों की रक्षा के लिए स्पष्ट रोडमैप जरूरी है। यह मुद्दा सामाजिक और राजनीतिक दोनों दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण बताया गया।

आगे का राजनीतिक परिदृश्य

सरावगी का यह बयान ऐसे समय आया है जब RSS की विजयादशमी रैली के बाद भागवत के विभिन्न बयान राष्ट्रीय राजनीतिक बहस का केंद्र बने हुए हैं। गौरतलब है कि यह बयान बिहार में आगामी राजनीतिक गतिविधियों की पृष्ठभूमि में आया है। भारत की जनता जागरूक है और अपने विवेक से फैसला करती है — यह उनका अंतिम संदेश था।

संपादकीय दृष्टिकोण

और सत्तारूढ़ दल की वैचारिक रेखा की प्रतिध्वनि अधिक है। 'विदेशी फंडिंग' के आरोप गंभीर हैं, लेकिन स्रोत के रूप में केवल एक अनाम 'अमेरिकी सिंगर' का हवाला कमजोर साक्ष्य आधार दर्शाता है। विपक्ष पर बिना ठोस दस्तावेज़ी सबूत के लगाए गए ऐसे आरोप मीडिया में तो सुर्खियाँ बटोरते हैं, पर जवाबदेही की कसौटी पर खरे नहीं उतरते। साथ ही OTT नियमन की माँग एक वैध सामाजिक बहस है — लेकिन इसे 'साजिश' के फ्रेम में प्रस्तुत करना नीतिगत विमर्श को राजनीतिक रंग देता है।
RashtraPress
20 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

संजय सरावगी ने मोहन भागवत के किस बयान का समर्थन किया?
RSS प्रमुख मोहन भागवत ने नागपुर में विजयादशमी पर विदेशी फंडिंग के जरिए भारत में सत्ता परिवर्तन की साजिश की चेतावनी दी थी। BJP बिहार अध्यक्ष संजय सरावगी ने 20 अक्टूबर 2026 को इस बयान को पूरी तरह सही ठहराया और कहा कि ऐसी साजिशें कभी सफल नहीं होंगी।
सरावगी ने विपक्ष पर क्या आरोप लगाए?
सरावगी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी, सीजेपी और अन्य विपक्षी दलों पर विदेशी फंडिंग के माध्यम से देश में अस्थिरता फैलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सत्ता परिवर्तन की बेचैनी में देश की स्थिरता और विकास को दांव पर लगाना देश हित में नहीं है।
OTT प्लेटफॉर्म पर सरावगी ने क्या कहा?
BJP बिहार अध्यक्ष ने OTT प्लेटफॉर्म पर अश्लील और अनियंत्रित कंटेंट को युवा पीढ़ी की मेधा और विवेक को कुंद करने की साजिश बताया। उन्होंने भागवत के इस बयान का समर्थन करते हुए कहा कि सामाजिक मूल्यों की रक्षा के लिए स्पष्ट रोडमैप जरूरी है।
मोहन भागवत का विजयादशमी भाषण क्यों चर्चा में है?
RSS प्रमुख मोहन भागवत ने नागपुर में विजयादशमी पर राष्ट्रीय एकता, आत्मनिर्भरता के साथ-साथ विदेशी फंडिंग से लोकतांत्रिक सरकारों को अस्थिर करने की कथित साजिश पर देश को सतर्क रहने का आह्वान किया। इस बयान ने राष्ट्रीय राजनीतिक बहस छेड़ दी है और विभिन्न दलों की प्रतिक्रियाएँ सामने आ रही हैं।
क्या सरावगी के आरोपों पर विपक्ष ने प्रतिक्रिया दी है?
स्रोत में विपक्ष की तत्काल प्रतिक्रिया का उल्लेख नहीं है। हालाँकि भागवत के मूल बयान पर विपक्षी नेताओं की राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिक्रियाएँ आने की संभावना है, जो इस राजनीतिक बहस को आगे बढ़ा सकती हैं।
राष्ट्र प्रेस
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