केरल CM वी.डी. सतीशन की PM मोदी और निर्मला सीतारमण से मुलाकात, वित्तीय संकट और 'नए केरल' के विज़न पर चर्चा
सारांश
मुख्य बातें
केरल के मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन ने पदभार संभालने के बाद 27 मई 2025 को पहली बार नई दिल्ली का आधिकारिक दौरा किया। इस दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से अलग-अलग मुलाकात कर राज्य की गंभीर वित्तीय स्थिति, लंबित विकास परियोजनाओं और 'नए केरल' के निर्माण के रोडमैप पर विस्तृत चर्चा की। यह दौरा ऐसे समय में हुआ जब नवगठित कांग्रेस-नीत यूडीएफ सरकार पूर्ववर्ती वामपंथी सरकार से विरासत में मिले वित्तीय बोझ का आकलन कर रही है।
बैठकों में क्या हुई चर्चा
बैठकों के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री सतीशन ने बताया कि केंद्र सरकार को केरल की प्राथमिकताओं, महत्वाकांक्षी परियोजनाओं और दीर्घकालिक पुनर्निर्माण योजनाओं के लिए आवश्यक सहयोग के बारे में जानकारी दी गई। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह मुलाकात मुख्यतः शिष्टाचार भेंट थी और भविष्य की बैठकों में विशिष्ट मांगों और प्रस्तावों पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा।
सतीशन ने कहा, 'हमने केंद्र सरकार को नए केरल के निर्माण के अपने विज़न के बारे में जानकारी दी है।' उन्होंने यह भी बताया कि जल्द ही सभी विभागों को निर्देश दिए जाएंगे कि वे केंद्र से मिलने वाली बकाया राशि और अब तक प्राप्त धन के उपयोग की स्थिति की व्यापक समीक्षा करें।
वित्तीय संकट और श्वेत पत्र
मुख्यमंत्री ने स्वीकार किया कि केरल गंभीर वित्तीय संकट से गुजर रहा है, हालांकि उन्होंने इस पर विस्तार से बात नहीं की। उन्होंने बताया कि राज्य के वित्त पर सरकार का 'श्वेत पत्र' 1 जून को जारी किया जाएगा, जिसमें नई यूडीएफ सरकार को विरासत में मिली वास्तविक वित्तीय स्थिति को सामने रखा जाएगा।
सतीशन ने केंद्र सरकार से राज्यों द्वारा लिए जाने वाले ऋणों में अधिक लचीलापन देने की मांग की और केरल के वित्तीय संसाधन जुटाने में बाधा डालने वाले प्रतिबंधों को कम करने के लिए हस्तक्षेप का अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि राज्य पहले अपनी प्रमुख बुनियादी ढांचा और विकास परियोजनाओं को आगामी राज्य बजट में शामिल करेगा और बाद में उन्हें औपचारिक रूप से केंद्र के सामने रखेगा।
पश्चिम एशिया तनाव और महंगाई की चिंता
पश्चिम एशिया में बढ़ते वैश्विक तनाव का ज़िक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने चेतावनी दी कि तेल की बढ़ती कीमतें और खाड़ी देशों से आने वाले प्रेषण पर केरल की निर्भरता राज्य की अर्थव्यवस्था पर गंभीर असर डाल सकती है और महंगाई को और बढ़ा सकती है। उन्होंने कहा कि देश में महंगाई पहले से ही काफी अधिक है और ये सभी चिंताएं केंद्र के समक्ष रखी गईं।
पीएम श्री योजना और पुलिस निलंबन
पिछली वामपंथी सरकार द्वारा हस्ताक्षरित विवादित 'पीएम श्री' योजना समझौते के संबंध में सतीशन ने कहा कि नई सरकार इस मामले की समीक्षा कर रही है। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन से जुड़े पाँच पुलिसकर्मियों के निलंबन का भी उल्लेख किया, जो 'नव केरल यात्रा' के दौरान यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर कथित हमले के मामले में किया गया था। उन्होंने बताया कि विशेष जांच दल ने अपनी रिपोर्ट सौंप दी है और ज़रूरत पड़ने पर आगे भी कार्रवाई की जाएगी।
आगे क्या होगा
सतीशन के बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मिलने की संभावना है, जो इस दिल्ली दौरे का अगला अहम पड़ाव होगा। केरल इंफ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट फंड बोर्ड (KIIFB) की बैठक भी जल्द होने की उम्मीद है, जिसके बाद राज्य सरकार आगे की रणनीति तय करेगी। 1 जून को जारी होने वाला श्वेत पत्र यह तय करेगा कि केरल की वास्तविक वित्तीय चुनौती कितनी गहरी है और केंद्र से किस स्तर के सहयोग की दरकार होगी।