स्पेससूट: अंतरिक्ष में एस्ट्रोनॉट्स की सुरक्षा का अभेद्य कवच, जानें इसकी विशेषताएँ
सारांश
मुख्य बातें
नई दिल्ली, 27 फरवरी (राष्ट्र प्रेस)। स्पेसवॉक के दौरान, अंतरिक्ष यात्री अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन या यान से बाहर निकलकर महत्वपूर्ण कार्य करते हैं। इस प्रक्रिया में उनकी सुरक्षा का सबसे महत्वपूर्ण कवच 'स्पेससूट' होता है। यह केवल एक पहनावा नहीं है, बल्कि एक सूक्ष्म व्यक्तिगत अंतरिक्ष यान है। यह अंतरिक्ष की प्रतिकूल और खतरनाक परिस्थितियों में यात्रियों को एक अभेद्य सुरक्षा घेरा प्रदान करता है।
स्पेससूट अंतरिक्ष यात्रा का सबसे आवश्यक उपकरण है। यह एस्ट्रोनॉट को अंतरिक्ष के कठिन हालातों में सुरक्षित रखता है। अंतरिक्ष में हवा की अनुपस्थिति, तापमान की चरम सीमाएं, सूरज की तेज किरणें और विकिरण, और छोटी धूल के कण सभी खतरनाक हो सकते हैं। स्पेससूट इन खतरों से सुरक्षा प्रदान करता है। यह ऑक्सीजन की आपूर्ति करता है, कार्बन डाइऑक्साइड को बाहर निकालता है, तापमान को नियंत्रित रखता है, पीने का पानी उपलब्ध कराता है, और एस्ट्रोनॉट को अंतरिक्ष में तैरते हुए कार्य करने की स्वतंत्रता देता है।
स्पेससूट की एक विशेषता यह है कि यह कई परतों से बना होता है। प्रत्येक परत का एक अलग कार्य होता है।
छाती का हिस्सा, जिसे हार्ड अपर टोरसो कहा जाता है, कठोर होता है और सिर, हाथों तथा बैकपैक से जुड़ता है। भुजाएं और दस्ताने हाथों को लचीलापन प्रदान करते हैं, ताकि काम करना आसान हो। हेलमेट सिर की सुरक्षा करता है और इसमें धातु की परत चढ़ा हुआ विजर होता है, जो तेज सूरज की रोशनी से आँखों को बचाता है। पैर और बूट पैरों को ढकते हैं और विभिन्न सतहों पर चलने में सहायता करते हैं। इसमें लिक्विड कूलिंग एंड वेंटिलेशन गारमेंट होता है, जो सूट के नीचे पहना जाने वाला कपड़ा है। इसमें नलियां होती हैं, जिनमें ठंडा पानी बहता है ताकि एस्ट्रोनॉट गर्मी से परेशान न हों।
स्पेससूट में पोर्टेबल लाइफ सपोर्ट सिस्टम भी होता है, जो पीठ पर लगे बैग के समान होता है। इसे सूट का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा माना जाता है। इसमें ऑक्सीजन, बैटरी, पंखा, पानी की टंकी और कार्बन डाइऑक्साइड हटाने की मशीन होती है। यह बैग सूट को बिजली और सांस लेने वाली हवा प्रदान करता है। पीठ के बैग से जुड़ा एक छोटा जेटपैक भी होता है, जिसे सैफर कहा जाता है। इसमें छोटे थ्रस्टर होते हैं। यदि एस्ट्रोनॉट स्टेशन से दूर बह जाए, तो सैफर वापसी में मदद करता है। एक स्पेसवॉक में सूट के कारण 6 से 8 घंटे या उससे अधिक समय तक सुरक्षित रह सकते हैं।
लॉन्च और लैंडिंग के लिए नारंगी एडवांस्ड क्रू एस्केप सूट और सोकोल सूट पहने जाते हैं। नासा आर्टेमिस और मंगल मिशन के लिए नए सूट विकसित कर रहा है। ये सूट अधिक लचीले, हल्के, धूल-प्रतिरोधी और लंबे समय तक चलने वाले होंगे। मंगल पर गुरुत्वाकर्षण अधिक होता है, इसलिए सूट का वजन और डिजाइन अलग होगा। नए सूट एस्ट्रोनॉट को अधिक स्वतंत्रता देंगे और खुरदरी सतह पर कार्य करना आसान बनाएंगे।