क्या स्टार्टअप इंडिया योजना ने मधुबनी की तस्वीर बदल दी?
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मधुबनी, 6 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। बिहार के मधुबनी जिले के पंडौल इंडस्ट्रियल एरिया में स्टार्टअप इंडिया के तहत एक नई केमिकल और गैस कंपनी ने रोजगार के अवसर पैदा कर तस्वीर बदल दी है। महज डेढ़ साल पहले स्थापित इस कंपनी में आज 80 लोगों को अपने गृह जिले में ही रोजगार मिल रहा है।
कंपनी के ऑनर और इंजीनियर अभिषेक कुमार ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की स्टार्टअप योजना के कारण ही उनका यह सपना साकार हो पाया।
अभिषेक कुमार ने राष्ट्र प्रेस से कहा, "मैंने 2022 में इस प्रोजेक्ट के लिए जमीन के लिए अप्लाई किया था। हमें 32 हजार स्क्वायर फीट यानी करीब एक एकड़ जमीन केवल 32 लाख रुपए में मिली। इस निवेश के जरिए ही आज हम स्थानीय लोगों को रोजगार दे पा रहे हैं। राज्य सरकार की ओर से मिले इंसेंटिव हमारे प्रोजेक्ट के कुल मूल्य के बराबर हैं। पिछले डेढ़ साल में हमें किसी प्रकार की समस्या का सामना नहीं करना पड़ा।"
अभिषेक ने यह भी बताया कि केंद्र और राज्य सरकार के समन्वय से स्टार्टअप इंडिया के तहत जो प्रोग्राम आए, उन्हीं के जरिए यह सफलता मिल पाई। उनकी कंपनी में कुल 80 कर्मचारी हैं, जिनमें से लगभग 60 बिहार के ही हैं।
कंपनी के असिस्टेंट प्लांट मैनेजर इंजीनियर नुपुर झा ने कहा, "पहले मैं गुजरात में काम करती थी, लेकिन अब बिहार में ही काम कर मुझे बहुत खुशी मिल रही है। यहां मुझे सैलरी में कोई कमी नहीं करनी पड़ी और सहकर्मी बहुत सहयोगी हैं। पीएम मोदी का मैं धन्यवाद करती हूं कि उन्होंने स्टार्टअप इंडिया को बढ़ावा दिया।"
सुपरवाइजर संतोष शर्मा ने कहा, "मैं पीएम मोदी को धन्यवाद दूंगा कि इस कंपनी की शुरुआत स्टार्टअप इंडिया के तहत हुई। यहां काम करना मेरे लिए गर्व और संतोष का अनुभव है। यहां का माहौल परिवार जैसा है।"
स्थानीय लोगों और कर्मचारियों का कहना है कि इस कंपनी के आने से न केवल उन्हें रोजगार मिला है, बल्कि क्षेत्र की आर्थिक स्थिति में भी सुधार हुआ है। युवा इंजीनियरों की मेहनत और सरकारी योजनाओं के सहयोग से मधुबनी में आज स्टार्टअप इंडिया की सफलता का उदाहरण देखने को मिल रहा है।