मुर्शिदाबाद में ट्रेन ने स्कूल वैन को रौंदा, तीन बच्चों समेत चार की मौत; गेटमैन की लापरवाही बनी वजह
सारांश
मुख्य बातें
पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले में शुक्रवार, 17 जुलाई 2026 की सुबह करीब 7 बजे निमतिता-कटवा लोकल ट्रेन ने एक स्कूल वैन को जोरदार टक्कर मार दी, जिसमें तीन स्कूली बच्चों सहित चार लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। तीन अन्य छात्र और स्कूल वैन चालक गंभीर रूप से घायल हैं और उन्हें बहरामपुर मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस के अनुसार, मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
हादसा कैसे हुआ
प्रारंभिक जाँच में सामने आया है कि गोविंदपुर रेल गेट पर तैनात रेलवे गेटमैन की लापरवाही इस दुर्घटना की मूल वजह बनी। चश्मदीदों के अनुसार, ठीक इससे पहले हावड़ा जाने वाली नबद्वीप एक्सप्रेस उस क्रॉसिंग से गुज़री थी, लेकिन गेटमैन ने रेल-गेट बंद नहीं किया। गेट खुला देख, कई स्कूली बच्चों को ले जा रही वैन ने रेलवे लाइन पार करना शुरू किया। उसी क्षण तेज़ रफ़्तार से आ रही निमतिता-कटवा लोकल ने वैन को सीधी टक्कर मार दी।
चश्मदीदों का बयान
एक चश्मदीद ने बताया, 'स्कूल वैन के ड्राइवर की कोई गलती नहीं थी। वह रेलवे लाइन पार कर रहा था और उसे बिल्कुल भी अंदाज़ा नहीं था कि ट्रेन तेज़ रफ़्तार से आ रही है।' टक्कर इतनी भीषण थी कि स्कूल वैन पूरी तरह चकनाचूर हो गई। स्थानीय लोगों ने तत्काल बचाव कार्य शुरू किया और पुलिस को सूचित किया।
पुलिस और प्रशासन की प्रतिक्रिया
मौके पर पहुँचे एक पुलिस अधिकारी ने बताया, 'तीन स्कूली बच्चों समेत चार लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। तीन अन्य बच्चों और स्कूल वैन के ड्राइवर की हालत गंभीर है। उन्हें बहरामपुर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल ले जाया गया है, जहाँ उनका इलाज जारी है।' पुलिस ने मृतकों के शव अपने कब्ज़े में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
रेलवे गेट सुरक्षा पर सवाल
यह हादसा ऐसे समय में आया है जब देश भर में मानव-रहित और लापरवाही से संचालित रेलवे क्रॉसिंग पर दुर्घटनाओं की संख्या चिंताजनक बनी हुई है। गौरतलब है कि भारतीय रेलवे मानव-रहित फाटकों को बंद करने और स्वचालित प्रणाली अपनाने की दिशा में काम कर रहा है, लेकिन ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में मानव-संचालित गेट अभी भी बड़ी संख्या में मौजूद हैं। आलोचकों का कहना है कि गेटमैन की प्रशिक्षण और जवाबदेही प्रणाली में बड़े सुधार की ज़रूरत है।
आगे क्या होगा
रेलवे अधिकारियों द्वारा मामले की विस्तृत जाँच किए जाने की उम्मीद है। गेटमैन की भूमिका की जाँच के आदेश दिए जाने की संभावना है। घायलों की स्थिति पर नज़र रखी जा रही है और अस्पताल सूत्रों के अनुसार कुछ की हालत अभी भी नाज़ुक बनी हुई है।