त्रिपुरा का पहला सार्वजनिक ईवी चार्जिंग स्टेशन अगरतला में शुरू, राज्य में 94 और स्टेशनों का प्रस्ताव
सारांश
मुख्य बातें
त्रिपुरा राज्य विद्युत निगम लिमिटेड (TSECL) ने मंगलवार, 23 जून 2026 को अगरतला के बानामलीपुर पावर हाउस परिसर में राज्य का पहला सार्वजनिक इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) चार्जिंग स्टेशन जनता के लिए चालू कर दिया। यह पूंजीगत व्यय (कैपेक्स) आधारित स्टेशन एक निजी संगठन के सहयोग से स्थापित किया गया है और इसे राज्य में स्वच्छ एवं टिकाऊ परिवहन की दिशा में एक निर्णायक कदम माना जा रहा है।
चार्जिंग स्टेशन की प्रमुख विशेषताएँ
इस स्टेशन में 30 किलोवाट का डीसी फास्ट चार्जर और 7.4 किलोवाट का एसी चार्जर लगाया गया है, जो इसे निजी और व्यावसायिक — दोनों प्रकार के इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए उपयुक्त बनाता है। यह सुविधा पूरी तरह डिजिटल और सेल्फ-सर्विस आधारित है — उपयोगकर्ताओं को किसी कर्मचारी की सहायता की आवश्यकता नहीं पड़ती।
चार्जिंग प्रक्रिया शुरू करने के लिए उपयोगकर्ता को निर्धारित मोबाइल एप्लिकेशन इंस्टॉल करनी होती है, वाहन का मॉडल चुनना होता है, ऑनलाइन भुगतान करना होता है और चार्जिंग गन को वाहन से जोड़ना होता है। इसके बाद चार्जिंग स्वचालित रूप से शुरू हो जाती है और निर्धारित स्तर प्राप्त होते ही बंद भी हो जाती है।
पीएम ई-ड्राइव योजना से जुड़ाव
TSECL केंद्र सरकार की पीएम ई-ड्राइव योजना के लिए राज्य की नोडल एजेंसी है। निगम के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इस योजना के तहत राज्य भर के विभिन्न स्थानों पर 94 सार्वजनिक ईवी चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने का प्रस्ताव पहले ही प्रस्तुत किया जा चुका है। गौरतलब है कि यह पहला स्टेशन उसी व्यापक नेटवर्क की आधारशिला है।
अधिकारी ने इस विकास को मौजूदा ईवी मालिकों के साथ-साथ भविष्य में इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने की योजना बना रहे लोगों के लिए बड़ा प्रोत्साहन बताया।
आम जनता और पर्यावरण पर असर
अधिकारियों के अनुसार, इलेक्ट्रिक वाहनों को अपनाने में हो रही वृद्धि न केवल उपभोक्ताओं के ईंधन खर्च को कम करने में सहायक है, बल्कि पर्यावरण प्रदूषण घटाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। यह ऐसे समय में आया है जब पूर्वोत्तर भारत के अधिकांश राज्य हरित परिवहन अवसंरचना में पिछड़े हुए हैं और त्रिपुरा इस क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभाने की स्थिति में आ रहा है।
आगे की योजना
TSECL के प्रस्ताव में शामिल 94 चार्जिंग स्टेशनों का नेटवर्क तैयार होने के बाद त्रिपुरा के विभिन्न जिलों में ईवी उपयोगकर्ताओं को लंबी दूरी की यात्रा में भी सुविधा मिलेगी। उन्नत चार्जिंग अवसंरचना के विस्तार से राज्य में इलेक्ट्रिक वाहनों की माँग और अपनाने की दर में उल्लेखनीय वृद्धि अपेक्षित है।