यूपीटीईटी-2026: परीक्षा देने वाले सेवारत शिक्षकों को 2, 3 और 4 जुलाई को मिलेगा विशेष अवकाश
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश सरकार ने यूपीटीईटी-2026 में भाग लेने वाले बेसिक शिक्षा विभाग के सेवारत शिक्षकों को परीक्षा तिथि पर विशेष अवकाश देने का निर्णय लिया है। यह परीक्षा उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा 2, 3 एवं 4 जुलाई 2026 को आयोजित की जा रही है। सरकार का स्पष्ट उद्देश्य है कि कोई भी पात्र शिक्षक सेवा-संबंधी दायित्वों के कारण इस महत्वपूर्ण परीक्षा से वंचित न रह जाए।
शासनादेश का विवरण
विशेष सचिव अवधेश कुमार तिवारी ने शिक्षा निदेशक (बेसिक) को जारी पत्र में यह जानकारी दी। पत्र में स्पष्ट किया गया है कि परीक्षा में प्रतिभाग करने वाले शिक्षकों को केवल उनके संबंधित परीक्षा दिवस पर विशेष अवकाश अनुमन्य होगा। शासन स्तर पर विचारोपरांत लिया गया यह निर्णय शिक्षकों के व्यावसायिक विकास को प्रोत्साहित करने की नीति का हिस्सा है।
किन अधिकारियों को भेजी गई प्रति
शासनादेश की प्रति स्कूल शिक्षा महानिदेशक, उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा परिषद के सचिव तथा प्रदेश के सभी जिला बेसिक शिक्षा अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के लिए भेजी गई है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि पात्र शिक्षकों को समय पर अवकाश उपलब्ध कराया जाए और परीक्षा के दौरान किसी प्रकार की प्रशासनिक बाधा न उत्पन्न हो।
आम शिक्षकों पर असर
बेसिक शिक्षा विभाग में बड़ी संख्या में ऐसे सेवारत शिक्षक हैं जो यूपीटीईटी-2026 में अभ्यर्थी के रूप में पंजीकृत हैं। इस निर्णय से उन्हें अपनी नियमित ड्यूटी और परीक्षा के बीच चुनाव नहीं करना पड़ेगा। गौरतलब है कि शिक्षक पात्रता परीक्षा उत्तीर्ण करना कई श्रेणियों में पदोन्नति और नियुक्ति के लिए अनिवार्य योग्यता है।
आगे की राह
शिक्षा निदेशक (बेसिक) को इस निर्णय का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। जिला स्तर पर अधिकारियों से अपेक्षा की गई है कि वे पात्र शिक्षकों की सूची तैयार कर अवकाश की प्रक्रिया समय से पूरी करें, ताकि परीक्षा संचालन निर्बाध रहे।