29 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या मध्य प्रदेश के पर्यटन स्थलों पर योगाभ्यास ने पर्यटकों का ध्यान आकर्षित किया?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या मध्य प्रदेश के पर्यटन स्थलों पर योगाभ्यास ने पर्यटकों का ध्यान आकर्षित किया?

सारांश

मध्य प्रदेश में विश्व योग दिवस के अवसर पर पर्यटन स्थलों पर सामूहिक योगाभ्यास का आयोजन हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में पर्यटकों ने भाग लिया। यह कार्यक्रम न केवल स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाता है, बल्कि प्रदेश के पर्यटन को भी समृद्ध करता है। जानिए इस आयोजन के पीछे की कहानी और इसके महत्व के बारे में।

मुख्य बातें

मध्य प्रदेश के पर्यटन स्थलों पर सामूहिक योगाभ्यास का आयोजन किया गया।
इस आयोजन में पर्यटकों की बड़ी संख्या ने भाग लिया।
योग संगम का उद्देश्य स्वस्थ जीवनशैली को अपनाने के लिए प्रेरित करना है।
योग केवल शारीरिक स्वास्थ्य का साधन नहीं, बल्कि सांस्कृतिक चेतना को भी बढ़ावा देता है।
पर्यटन विभाग का मानना है कि योग के माध्यम से प्रदेश की पहचान को बढ़ावा मिलेगा।

भोपाल, 21 जून (राष्ट्र प्रेस)। विश्व योग दिवस के अवसर पर मध्य प्रदेश के विभिन्न पर्यटन स्थलों पर योगाभ्यास का आयोजन किया गया। इस विशेष आयोजन में बड़ी संख्या में पर्यटकों ने भाग लिया। पर्यटन विभाग ने प्रदेश के प्रमुख पर्यटन स्थलों पर सामूहिक योगाभ्यास के जरिए स्वस्थ जीवनशैली को अपनाने का संदेश दिया।

इन स्थलों पर “योग संगम” का आयोजन किया गया। योग के वैश्विक महत्व को बढ़ावा देने तथा नागरिकों को स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से हुए इस योग संगम में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, कर्मचारियों, स्कूली छात्रों और आम नागरिकों ने भाग लेकर योग साधना की।

प्रदेश के प्रमुख पर्यटन स्थलों जैसे धार जिले के मांडू, ग्वालियर किला, अशोकनगर के चंदेरी, मुरैना के पड़ावली, अनूपपुर जिले के अमरकंटक, रायसेन जिले के भीमबेटका और सांची में योगाभ्यास हुआ। इसके अतिरिक्त, राजधानी भोपाल के केरवा, विंड एंड वेव्स, कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर, उमरिया जिले के बांधवगढ़, छतरपुर जिले के खजुराहो-पश्चिमी मंदिर समूह, निवाड़ी जिले के ओरछा कंचना घाट में भी योगाभ्यास किया गया।

इसी प्रकार, जबलपुर के भेड़ाघाट, उज्जैन के महाकाल लोक, इंदौर के राजवाड़ा, खंडवा जिले के ओंकारेश्वर एकात्म धाम और नर्मदापुरम जिले के पचमढ़ी धूपगढ़ में “योग संगम” के माध्यम से मध्य प्रदेश ने यह संदेश दिया कि योग केवल आत्मिक और शारीरिक संतुलन का साधन नहीं, बल्कि यह सांस्कृतिक चेतना और पर्यटन को बढ़ावा देने का भी एक प्रभावशाली माध्यम है।

पर्यटन एवं संस्कृति के प्रमुख सचिव तथा मध्य प्रदेश टूरिज्म बोर्ड के प्रबंध संचालक शिव शेखर शुक्ला ने कहा कि भारत सरकार द्वारा निर्धारित इस वर्ष की थीम "एक पृथ्वी एवं एक स्वास्थ्य" के लिए योग है, जो योग के समग्र लाभों और वैश्विक कल्याण के प्रति हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाती है। हमारा प्रयास है कि इन आयोजनों के माध्यम से न केवल योग के महत्व को उजागर किया जाए, बल्कि मध्य प्रदेश को एक प्रमुख पर्यटन गंतव्य के रूप में भी बढ़ावा दिया जाए।

पर्यटन विभाग का मानना है कि प्रदेश के ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और प्राकृतिक स्थलों से दिया गया योग का संदेश न केवल नागरिकों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करता है, बल्कि इन स्थलों की वैश्विक पहचान को भी सशक्त करता है। यह आयोजन पर्यटन और योग का एक सुंदर समागम बनकर उभरा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि यह मध्य प्रदेश के पर्यटन को बढ़ावा देने और योग के महत्व को उजागर करने का एक महत्वपूर्ण प्रयास है। इससे न केवल पर्यटकों को आकर्षित किया जा रहा है, बल्कि यह स्थानीय संस्कृति और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता को भी बढ़ावा दे रहा है।
RashtraPress
29 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

योग संगम का आयोजन कब और कहाँ हुआ?
योग संगम का आयोजन 21 जून को मध्य प्रदेश के विभिन्न पर्यटन स्थलों पर हुआ।
इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य क्या था?
इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य योग के वैश्विक महत्व को बढ़ावा देना और नागरिकों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना था।
कौन-कौन से प्रमुख स्थल इस कार्यक्रम में शामिल थे?
धार जिले के मांडू, ग्वालियर किला, चंदेरी, मुरैना, अमरकंटक, भीमबेटका, सांची, भोपाल और अन्य प्रसिद्ध स्थल शामिल थे।
इस वर्ष की योग दिवस की थीम क्या है?
इस वर्ष की थीम 'एक पृथ्वी एवं एक स्वास्थ्य' है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 साल पहले
  4. 1 साल पहले
  5. 1 साल पहले
  6. 1 साल पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले