नेटफ्लिक्स अगले सप्ताह ~5% कर्मचारियों की करेगी छंटनी, सैकड़ों नौकरियाँ खतरे में
सारांश
मुख्य बातें
वीडियो स्ट्रीमिंग की दिग्गज कंपनी नेटफ्लिक्स अपने कुल कर्मचारियों में से करीब 5 प्रतिशत की छंटनी करने पर विचार कर रही है, जिससे सैकड़ों नौकरियाँ प्रभावित हो सकती हैं। मामले से जुड़े सूत्रों के हवाले से आई रिपोर्टों के अनुसार, यह घोषणा अगले सप्ताह की शुरुआत में की जा सकती है। 2025 के अंत तक कंपनी में करीब 16,000 कर्मचारी कार्यरत थे, यानी इस छंटनी से लगभग 800 से अधिक पद खत्म हो सकते हैं।
मुख्य घटनाक्रम
रिपोर्टों के अनुसार, नेटफ्लिक्स की यह छंटनी अगले सप्ताह औपचारिक रूप से घोषित की जा सकती है। कंपनी ने अभी तक इन रिपोर्टों पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है। गौरतलब है कि 2022 में भी नेटफ्लिक्स ने एक बड़े दौर की छंटनी की थी, जब सब्सक्राइबर संख्या में गिरावट और धीमी वृद्धि के बीच सैकड़ों कर्मचारियों को नौकरी गँवानी पड़ी थी।
यह ऐसे समय में आया है जब 2026 में वैश्विक प्रौद्योगिकी क्षेत्र में छंटनी की रफ्तार तेज हो रही है। मई में आई एक रिपोर्ट के अनुसार, इस साल की पहली तिमाही में ही वैश्विक तकनीकी उद्योग में 80,000 से अधिक नौकरियाँ खत्म हो चुकी थीं और पूरे वर्ष में यह आँकड़ा 3 लाख से अधिक पहुँचने की आशंका है।
प्रतिस्पर्धा और विस्तार की चुनौतियाँ
नेटफ्लिक्स को इस समय स्ट्रीमिंग उद्योग में कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ रहा है। बड़ी मीडिया कंपनियाँ एकीकरण की दिशा में आगे बढ़ रही हैं, जबकि गूगल के स्वामित्व वाला यूट्यूब दर्शकों और विज्ञापन खर्च का बढ़ता हिस्सा अपनी ओर खींच रहा है।
इस दबाव के बावजूद नेटफ्लिक्स ने अपने पारंपरिक सब्सक्रिप्शन मॉडल से आगे बढ़ते हुए विज्ञापन-आधारित प्लान, लाइव प्रोग्रामिंग और गेमिंग जैसे नए क्षेत्रों में कदम रखा है। विश्लेषकों के अनुसार, यह विविधीकरण एक दीर्घकालिक रणनीति है, लेकिन इससे परिचालन लागत भी बढ़ी है।
ओरेकल और अन्य तकनीकी कंपनियाँ भी कर रही हैं छंटनी
नेटफ्लिक्स अकेली नहीं है — ओरेकल, अमेज़न और मेटा जैसी बड़ी तकनीकी कंपनियाँ भी इस दौर में कर्मचारी कटौती में सबसे आगे हैं। कंपनी की ओर से दाखिल दस्तावेजों के अनुसार, 31 मई 2026 को समाप्त वित्त वर्ष में ओरेकल के कर्मचारियों की संख्या में करीब 21,000 यानी 13 प्रतिशत की गिरावट आई।
छंटनी के इस नए दौर से पहले ओरेकल में करीब 1,41,000 कर्मचारी थे। कंपनी एक ओर वेतन और मानव-संसाधन लागत घटाना चाहती है, तो दूसरी ओर डेटा सेंटर क्षमता और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) कंप्यूटिंग के लिए अरबों डॉलर के निवेश की प्रतिबद्धता भी जता रही है।
आम जनता और उद्योग पर असर
यह छंटनी का दौर बड़ी प्रौद्योगिकी कंपनियों पर बढ़ते दोहरे दबाव को उजागर करता है — परिचालन लागत नियंत्रण और AI इंफ्रास्ट्रक्चर में तेज निवेश। आलोचकों का कहना है कि AI से होने वाली उत्पादकता वृद्धि का लाभ अभी तक कर्मचारियों तक नहीं पहुँचा, बल्कि उनकी नौकरियाँ जाने का खतरा बढ़ा है।
वैश्विक तकनीकी उद्योग में जारी यह छंटनी का रुझान अगले कुछ महीनों में और तेज होने की आशंका है, और नेटफ्लिक्स की संभावित घोषणा इस प्रवृत्ति का ताज़ा उदाहरण बन सकती है।