9 सितंबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

एशियन गेम्स 2026: जूडोका अस्मिता डे का गोल्ड का संकल्प, पवन सहरावत और BCCI भी आश्वस्त

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
एशियन गेम्स 2026: जूडोका अस्मिता डे का गोल्ड का संकल्प, पवन सहरावत और BCCI भी आश्वस्त

सारांश

कॉमनवेल्थ गेम्स की गोल्ड मेडलिस्ट जूडोका अस्मिता डे से लेकर कबड्डी स्टार पवन सहरावत और BCCI तक — एशियन गेम्स 2026 के लिए भारत का पूरा दल स्वर्ण के संकल्प के साथ नागोया रवाना हो रहा है। 19 सितंबर से शुरू होने वाले इन खेलों में भारत की उम्मीदें हर खेल में ऊँची हैं।

मुख्य बातें

एशियन गेम्स 2026 की शुरुआत 19 सितंबर से जापान के आइची और नागोया में होगी।
जूडोका अस्मिता डे ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के 48 किलोग्राम वर्ग में गोल्ड जीतकर इतिहास रचा और अब एशियन गेम्स में भी स्वर्ण का लक्ष्य रखती हैं।
टेबल टेनिस खिलाड़ी पायस जैन ने 22वीं राष्ट्रमंडल चैंपियनशिप में मेंस सिंगल्स सिल्वर जीता; टीम 5 दिन पहले जापान रवाना होगी।
कबड्डी खिलाड़ी पवन सहरावत ने 8-9 महीने के कैंप के बाद गोल्ड दोहराने का भरोसा जताया।
BCCI उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने पुरुष और महिला दोनों क्रिकेट टीमों के गोल्ड जीतने का दावा किया।
हॉकी इंडिया अध्यक्ष दिलीप टिर्की ने महिला टीम के वर्ल्ड कप प्रदर्शन की सराहना की और पुरुष टीम से बेहतर खेल की उम्मीद जताई।

भारतीय जूडोका अस्मिता डे ने एशियन गेम्स 2026 में स्वर्ण पदक जीतने का दृढ़ संकल्प जताया है। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के 48 किलोग्राम भारवर्ग में ऐतिहासिक गोल्ड जीतने वाली अस्मिता अब 19 सितंबर से जापान के आइची और नागोया शहरों में शुरू होने वाले एशियन गेम्स में भी उसी सफलता को दोहराने की तैयारी में जुटी हैं। नई दिल्ली में आयोजित विदाई समारोह में उन्होंने अपनी तैयारियों और चुनौतियों पर खुलकर बात की।

अस्मिता डे का संकल्प और चुनौतियाँ

विदाई समारोह के दौरान अस्मिता डे ने कहा, "एशियन गेम्स में अब ज्यादा दिन नहीं बचे हैं, इसलिए मैं अपनी पूरी कोशिश कर रही हूं। अगले 2-3 दिनों में जापान जाऊंगी, जहाँ मैं बहुत अच्छी ट्रेनिंग करूंगी।" उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि एशियन गेम्स में जापान, चीन और मंगोलिया जैसे देशों के खिलाड़ी कड़ी प्रतिस्पर्धा पेश करेंगे, लेकिन उनका इरादा देश के लिए मेडल जीतने का है। गौरतलब है कि अस्मिता कॉमनवेल्थ गेम्स में जूडो के 48 किलोग्राम वर्ग में गोल्ड जीतने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी हैं।

टेबल टेनिस: पायस जैन की उम्मीदें

अंडर-17 और अंडर-19 वर्ग में देश के नंबर-1 खिलाड़ी रह चुके पायस जैन ने 22वीं राष्ट्रमंडल टेबल टेनिस चैंपियनशिप में मेंस सिंगल्स में सिल्वर मेडल जीता है। उन्होंने बताया, "हम 5 दिन पहले वहाँ जा रहे हैं, ताकि माहौल को समझ सकें और ज़रूरी बदलाव कर सकें। हमारी तैयारियाँ काफी मज़बूत रही हैं और इस बार हमें काफी उम्मीद है।" पायस ने स्वीकार किया कि यह मुश्किल प्रतियोगिता होगी, लेकिन मेडल जीतने का विश्वास बरकरार है।

हॉकी इंडिया: दिलीप टिर्की का आकलन

हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप टिर्की ने महिला और पुरुष दोनों टीमों पर अपनी राय रखी। उन्होंने कहा कि हाल के वर्ल्ड कप में महिला टीम ने चीन, इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया जैसी टीमों के खिलाफ ड्रॉ खेलकर उम्मीद से बेहतर प्रदर्शन किया, हालाँकि नीदरलैंड के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा। पुरुष टीम के बारे में उन्होंने कहा कि वर्ल्ड कप में वह अपेक्षाओं पर खरी नहीं उतरी, लेकिन खिलाड़ी अपनी कमियाँ जानते हैं। टिर्की ने हरमनप्रीत सिंह के शानदार प्रदर्शन का ज़िक्र करते हुए उम्मीद जताई कि पुरुष टीम एशियन गेम्स में वर्ल्ड कप से बेहतर खेल दिखाएगी।

कबड्डी: पवन सहरावत का गोल्ड का वादा

भारतीय कबड्डी खिलाड़ी पवन सहरावत ने आत्मविश्वास से भरा बयान दिया। उन्होंने कहा, "तैयारियाँ बहुत अच्छी हैं। हम पिछले 8-9 महीनों से कैंप में हैं। उम्मीदें वैसी ही हैं जैसी 2023 में थीं, जब हमने गोल्ड मेडल जीता था, और हम फिर से गोल्ड मेडल जीतकर लाएंगे।" यह ऐसे समय में आया है जब भारतीय कबड्डी टीम एशिया में अपनी सर्वोच्चता बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है।

क्रिकेट: BCCI का गोल्ड का दावा

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) के उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने पुरुष और महिला दोनों क्रिकेट टीमों से गोल्ड जीतने का भरोसा जताया। उन्होंने कहा, "हम एशियन गेम्स के लिए पूरी तरह तैयार हैं। हम गोल्ड मेडल जीतकर लाएंगे, इसमें कोई शक नहीं है। हमारी पुरुष और महिला टीमें गोल्ड जीतेंगी।" एशियन गेम्स 2026 में क्रिकेट की वापसी भारत के लिए एक बड़ा अवसर है, और BCCI का यह आत्मविश्वास भारतीय खेल प्रेमियों में उत्साह भर रहा है। 19 सितंबर से शुरू होने वाले इन खेलों में भारतीय दल का प्रदर्शन तय करेगा कि यह आत्मविश्वास कितना सार्थक साबित होता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन एशियन गेम्स में जूडो, कबड्डी और क्रिकेट में एशिया की शीर्ष शक्तियों — जापान, चीन, दक्षिण कोरिया — से मुकाबला होगा, जो कॉमनवेल्थ गेम्स से कहीं अधिक कठिन है। अस्मिता डे का 48 किग्रा वर्ग में जापान और चीन के खिलाफ प्रदर्शन असली परीक्षा होगी। हॉकी में पुरुष टीम का वर्ल्ड कप में औसत प्रदर्शन एक चेतावनी है — महज़ आत्मविश्वास नहीं, रणनीतिक सुधार ज़रूरी है। BCCI का 'गोल्ड निश्चित है' वाला दावा क्रिकेट की एशियाई प्रतिस्पर्धा की जटिलता को कम आँकने का जोखिम उठाता है।
RashtraPress
9 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

एशियन गेम्स 2026 कब और कहाँ होंगे?
एशियन गेम्स 2026 की शुरुआत 19 सितंबर से जापान के आइची और नागोया शहरों में होगी। ये खेल 4 अक्टूबर तक चलेंगे।
अस्मिता डे कौन हैं और एशियन गेम्स में उनकी क्या उम्मीदें हैं?
अस्मिता डे एक भारतीय जूडोका हैं, जिन्होंने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के 48 किलोग्राम भारवर्ग में गोल्ड जीतकर इतिहास रचा। वे एशियन गेम्स 2026 में भी स्वर्ण पदक जीतने का लक्ष्य लेकर जापान रवाना हो रही हैं, हालाँकि उन्होंने जापान, चीन और मंगोलिया की चुनौती को स्वीकार किया है।
पवन सहरावत ने एशियन गेम्स के लिए क्या कहा?
कबड्डी खिलाड़ी पवन सहरावत ने बताया कि टीम पिछले 8-9 महीनों से कैंप में है और 2023 की तरह इस बार भी गोल्ड मेडल जीतने का पूरा भरोसा है।
हॉकी इंडिया के अध्यक्ष ने टीम के प्रदर्शन पर क्या कहा?
हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप टिर्की ने महिला टीम के वर्ल्ड कप में चीन, इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ ड्रॉ को सराहनीय बताया। पुरुष टीम के वर्ल्ड कप प्रदर्शन पर उन्होंने कहा कि खिलाड़ी अपनी कमियाँ जानते हैं और एशियन गेम्स में बेहतर खेल की उम्मीद है।
BCCI ने एशियन गेम्स 2026 में क्रिकेट को लेकर क्या दावा किया?
BCCI उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने दावा किया कि भारत की पुरुष और महिला दोनों क्रिकेट टीमें एशियन गेम्स 2026 में गोल्ड मेडल जीतेंगी। उन्होंने कहा कि टीम पूरी तरह तैयार है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 सप्ताह पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 1 महीना पहले
  6. 1 महीना पहले
  7. 1 महीना पहले
  8. 1 महीना पहले