झारखंड हॉकी यौन उत्पीड़न विवाद: असुंता लाकड़ा बोलीं — 'मेरे पास ऑडियो सबूत हैं, झूठे आरोप क्यों लगाऊंगी'
सारांश
मुख्य बातें
भारत की पूर्व महिला हॉकी कप्तान असुंता लाकड़ा ने 10 जुलाई 2026 को रांची से गंभीर आरोप लगाए हैं कि झारखंड की स्टेट हॉकी एसोसिएशन ने कोच सुधीर गोला के खिलाफ यौन उत्पीड़न की शिकायतों को जानबूझकर दबाया और चिंता जताने वालों को धमकाया। लाकड़ा ने दावा किया कि उनके पास इन आरोपों को पुष्ट करने वाली ऑडियो रिकॉर्डिंग मौजूद हैं और वे ज़रूरत पड़ने पर उन्हें सार्वजनिक करने के लिए तैयार हैं।
मुख्य आरोप और पृष्ठभूमि
लाकड़ा के अनुसार, आरोपी कोच सुधीर गोला तेलंगाना से हैं और उन्हें सरकार ने झारखंड ट्रेनिंग सेंटर की देखरेख के लिए नियुक्त किया था। वे पिछले एक से दो वर्षों से टीम का प्रबंधन कर रहे थे। लाकड़ा और उनके पति भी इस दौरान गोला के साथ काम कर रहे थे।
उन्होंने कहा, 'पहले कई लोगों ने उनके बारे में चिंता जताई थी, लेकिन हमने उन पर विश्वास नहीं किया। उनके व्यवहार को लेकर झगड़े हुए, और हमने उनका बचाव किया क्योंकि हमें नहीं पता था कि पर्दे के पीछे क्या हो रहा है।'
आंतरिक जांच में सामने आई घटनाएँ
लाकड़ा के मुताबिक, सच्चाई तब उजागर होनी शुरू हुई जब एक आंतरिक समिति ने खिलाड़ियों से पूछताछ की। कुछ खिलाड़ियों ने साहस दिखाकर बयान दिए, जबकि कई डर के कारण चुप रहे। उन्होंने कहा, 'जब एक-दो खिलाड़ियों ने बोलने की हिम्मत दिखाई, तो यह साफ हो गया कि आरोप सच थे।'
कथित घटनाओं में विशाखापत्तनम और राजगीर में टूर्नामेंट के दौरान हुई घटनाएँ शामिल हैं। एक खिलाड़ी ने कथित तौर पर बताया कि मैच के बाद बस यात्रा के दौरान कोच ने उसे फोन कर बुलाया। लाकड़ा के अनुसार, यह व्यवहार यात्राओं तक सीमित नहीं था — ट्रेनिंग सेंटर में कार्यक्रमों के दौरान भी कोच ने सीनियर खिलाड़ियों की अनदेखी कर जूनियर लड़कियों को विशेष रूप से बुलाया।
लाकड़ा का पक्ष और सबूतों का दावा
पूर्व कप्तान ने अपने फैसले का बचाव करते हुए कहा, 'टीम मीटिंग के दौरान, जब सब एक साथ खड़े होते थे, तो वह एक जूनियर लड़की के कंधे पर हाथ रखते थे। क्या एक कोच के लिए यह सही बर्ताव है? इतने सालों तक देश का प्रतिनिधित्व करने के बाद, मैं किसी पर झूठे आरोप क्यों लगाऊंगी?'
उन्होंने स्पष्ट किया कि यह 'सिर्फ सुनी-सुनाई बात नहीं है' और उनके पास ऑडियो रिकॉर्डिंग के रूप में ठोस सबूत हैं जो ज़रूरत पड़ने पर पेश किए जा सकते हैं।
हॉकी इंडिया और अधिकारियों पर आरोप
लाकड़ा ने हॉकी इंडिया के सचिव जनरल भोलानाथ सिंह पर भी महिला खिलाड़ियों की सुरक्षा को लेकर चिंता जताने के बाद उन्हें धमकाने और डराने का आरोप लगाया है। उन्होंने झारखंड के खेल मंत्री, मुख्यमंत्री, स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (SAI), भारतीय ओलंपिक संघ की अध्यक्ष पी. टी. उषा और हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप तिर्की को लिखित शिकायतें भेजी हैं।
इन शिकायतों में लाकड़ा ने आरोप लगाया कि जिन पर गलत काम का आरोप है उन्हें बचाया जा रहा है, जबकि मुद्दा उठाने वालों पर चुप रहने का दबाव डाला जा रहा है।
भोलानाथ सिंह का खंडन और आगे की राह
हॉकी इंडिया के सचिव जनरल भोलानाथ सिंह ने इन आरोपों को सिरे से नकारते हुए उन्हें 'बेबुनियाद और साजिश का हिस्सा' बताया है। लाकड़ा ने कहा कि उनकी मुख्य चिंता यह है कि 'किसी भी लड़की को कुछ भी गलत न सहना पड़े।' यह मामला अब उच्च अधिकारियों के पास विचाराधीन है और सभी की निगाहें इस बात पर हैं कि संबंधित अधिकारी इस पर क्या कार्रवाई करते हैं।