एशियन पैरा गेम्स 2026: भाग्यश्री जाधव ने शॉट पुट एफ34 में 8.19 मीटर के पर्सनल बेस्ट के साथ सिल्वर जीता
सारांश
मुख्य बातें
भारत की भाग्यश्री जाधव ने 21 अक्टूबर 2026 को आइची-नागोया, जापान में आयोजित एशियन पैरा गेम्स 2026 में महिलाओं की शॉट पुट एफ34 स्पर्धा में 8.19 मीटर का व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ थ्रो कर सिल्वर मेडल अपने नाम किया। यह उनके लिए इस प्रतियोगिता में लगातार दूसरा सिल्वर मेडल है, जो पैरा-एथलेटिक्स में उनकी निरंतर उत्कृष्टता को रेखांकित करता है।
मुख्य घटनाक्रम
भाग्यश्री जाधव ने अपनी तीसरी कोशिश में 8.19 मीटर का सर्वश्रेष्ठ थ्रो कर रजत पदक सुनिश्चित किया। इससे पहले उन्होंने दूसरे प्रयास में 8.14 मीटर का थ्रो किया था। स्वर्ण पदक चीन की लिजुआन जू ने 9.07 मीटर के गेम्स रिकॉर्ड थ्रो के साथ जीता, जबकि कांस्य पदक कैयुन जुओ के नाम रहा, जिन्होंने 7.56 मीटर का थ्रो किया।
खेल मंत्री की बधाई
केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने भाग्यश्री की उपलब्धि पर एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर बधाई संदेश साझा किया। उन्होंने लिखा, 'भाग्यश्री जाधव को एशियन पैरा गेम्स 2026 में महिलाओं की शॉट पुट एफ34 में सिल्वर मेडल जीतने पर हार्दिक बधाई।' यह बधाई राष्ट्रीय स्तर पर इस उपलब्धि की पहचान को दर्शाती है।
भाग्यश्री की प्रतिक्रिया और संघर्ष की कहानी
मेडल जीतने के बाद भाग्यश्री ने कहा, 'मुझे बहुत अच्छा लग रहा है। मेडल जीतना और अपना पर्सनल बेस्ट भी हासिल करना मेरे लिए बहुत बड़ी बात है।' उन्होंने बताया कि उनकी तैयारी का पूरा रोडमैप उनके कोच और टीम ने तैयार किया था, और वे प्रैक्टिस के लिए प्रतिदिन सुबह 5:30 बजे मैदान पर पहुँचती थीं।
गौरतलब है कि इस महाद्वीपीय आयोजन से पहले भाग्यश्री एक छोटी-सी चोट की चपेट में आ गई थीं। एक कार्यक्रम के दौरान गिरने से लगी चोट ने उनकी तैयारी की लय को अस्थायी रूप से बाधित किया, लेकिन वे जल्द स्वस्थ होकर अभ्यास में वापस लौट आईं। उन्होंने जोर दिया कि शरीर की रिकवरी और आहार दोनों पर विशेष ध्यान दिया गया।
कोच और परिवार का योगदान
भाग्यश्री ने अपनी जीत का श्रेय अपने कोच सत्य सर और पुष्पा मैम को दिया, जो इवेंट के दौरान उनके साथ मौजूद थे। उन्होंने बताया, 'मेरे मन में बस एक ही बात थी कि मुझे अपने कोच और मेरी माँ — जो स्टैंड में भी थीं — को गर्व महसूस कराना है। जीत के बाद जब मैंने उन्हें देखा, तो मेरी आँखों में आँसू थे।'
आगे का लक्ष्य
एशियन पैरा गेम्स के इस प्रदर्शन के बाद भाग्यश्री जाधव ने अपना अगला बड़ा लक्ष्य स्पष्ट कर दिया है — लॉस एंजिल्स पैरालंपिक में पदक जीतना। यह ऐसे समय में आया है जब भारतीय पैरा-एथलेटिक्स वैश्विक मंच पर लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रहा है और भाग्यश्री जैसी खिलाड़ी आने वाली पीढ़ी के लिए प्रेरणा बन रही हैं।