सचिन सिवाच ने CWG 2026 में 60 किग्रा बॉक्सिंग गोल्ड जीता, 3-2 स्प्लिट डिसीजन से नामीबिया को हराया
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय मुक्केबाज सचिन सिवाच ने 2 अगस्त 2026 को कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के पुरुषों की 60 किग्रा बॉक्सिंग फाइनल में नामीबिया के ट्राईअगेन मोर्नी न्डेवेलो को 3-2 के करीबी स्प्लिट डिसीजन से हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया। ग्लासगो में खेले गए इस मुकाबले में तीन जजों ने सचिन के पक्ष में और दो ने न्डेवेलो के पक्ष में फैसला सुनाया, जो इस भिड़ंत की असाधारण प्रतिस्पर्धात्मकता को दर्शाता है।
मुख्य मुकाबला: राउंड-दर-राउंड कड़ी टक्कर
बॉक्सिंग प्रतियोगिता के सबसे तीव्र फाइनलों में से एक में, सचिन ने रणनीतिक अनुशासन और मानसिक दृढ़ता का परिचय दिया। तीनों राउंड में मुकाबला बराबरी का रहा — नामीबियाई मुक्केबाज ने हर पंच का जवाब देने की कोशिश की, लेकिन सचिन ने आखिरी घंटी तक अपना संयम बनाए रखा। अंततः पाँच में से तीन जजों ने भारतीय मुक्केबाज को विजेता घोषित किया।
भारत की बॉक्सिंग में ऐतिहासिक सफलता
सचिन का यह गोल्ड शनिवार को बॉक्सिंग में भारत द्वारा जीते गए आठ पदकों में से एक है, जिनमें छह गोल्ड और दो सिल्वर शामिल हैं। अरुंधति, प्रिया, साक्षी, प्रीति और जैस्मिन ने भी गोल्ड मेडल जीते, जबकि लवलीना और जादुमणी सिंह ने सिल्वर पदक हासिल किए। गौरतलब है कि भारत के कुल 10 मुक्केबाजों ने फाइनल के लिए क्वालीफाई किया है, जिससे आने वाले दिनों में और पदकों की उम्मीद बनी हुई है।
मेडल टैली में भारत की स्थिति
बॉक्सिंग की इस शानदार सफलता के साथ-साथ पुरुषों के शॉट पुट F57 में 1-2 की फिनिश और जूडो में ब्रॉन्ज मेडल ने भारत को समग्र मेडल टैली में चौथे स्थान पर पहुँचा दिया है। भारत के अब तक कुल 35 पदक हो गए हैं — 11 गोल्ड, 16 सिल्वर और 8 ब्रॉन्ज।
आगे क्या
बॉक्सिंग प्रतियोगिता के अंतिम चरण में भारत के शेष मुक्केबाजों के फाइनल मुकाबले बाकी हैं। यदि प्रदर्शन इसी स्तर पर रहा, तो भारत की कुल पदक संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि की संभावना है। CWG 2026 में भारतीय मुक्केबाजी का यह प्रदर्शन देश के बॉक्सिंग भविष्य के लिए एक मजबूत संकेत है।