फीफा विश्व कप 2026: कनाडा ने थॉमस पार्टी का वीजा अस्वीकार किया, घाना ने जताया कड़ा विरोध
सारांश
मुख्य बातें
फीफा विश्व कप 2026 में घाना के स्टार मिडफील्डर थॉमस पार्टी का कनाडा प्रवेश वीजा अस्वीकार कर दिया गया है, जिससे वे 17 जून को पनामा के खिलाफ होने वाले घाना के पहले विश्व कप मैच में हिस्सा नहीं ले पाएंगे। घाना के विदेश मंत्रालय ने इस फैसले की कड़ी आलोचना करते हुए कनाडाई अधिकारियों के समक्ष आधिकारिक विरोध दर्ज कराया है।
वीजा अस्वीकृति का कारण
कनाडाई अधिकारियों ने यूनाइटेड किंगडम (यूके) में थॉमस पार्टी के खिलाफ चल रहे एक आपराधिक मामले को आधार बनाकर उनका वीजा आवेदन नामंज़ूर किया। 32 वर्षीय यह फुटबॉलर फिलहाल स्पेनिश क्लब विलारियल के लिए खेलते हैं और इससे पहले आर्सेनल का भी हिस्सा रह चुके हैं। पार्टी ने ब्रिटेन में अपने खिलाफ लगे रेप और यौन हिंसा के आरोपों को पूरी तरह नकारा है।
घाना सरकार की प्रतिक्रिया
घाना के विदेश मंत्रालय ने इस फैसले को 'बहुत ही गलत' करार देते हुए फैसले की समीक्षा की माँग की। मंत्रालय ने अपने बयान में कहा, 'कनाडा के अपने आव्रजन कानून को लागू करने के संप्रभु अधिकार का सम्मान करते हुए, घाना का मानना है कि न्यायिक फैसले के बिना सबूत वाले आरोपों पर भरोसा करना निष्पक्षता और अनुपात के बुनियादी सवाल खड़े करता है।' मंत्रालय के अनुसार, अनिर्णीत आरोपों के आधार पर एंट्री से इनकार करना पक्षपातपूर्ण और चिंताजनक है।
टूर्नामेंट पर असर
फीफा ने पुष्टि की है कि पार्टी बोस्टन में घाना के टीम बेस से कनाडा की यात्रा नहीं कर पाएंगे। हालाँकि, वे अमेरिका में घाना स्क्वॉड के साथ बने हुए हैं और ग्रुप-स्टेज के शेष मैचों के लिए उपलब्ध हैं। घाना का अगला मुकाबला इंग्लैंड से बोस्टन क्षेत्र में होगा, इसके बाद वे फिलाडेल्फिया में क्रोएशिया से भिड़ेंगे।
विश्व कप में वीजा समस्याओं का बढ़ता सिलसिला
यह घटना फीफा विश्व कप 2026 में खिलाड़ियों और अधिकारियों को प्रभावित करने वाली वीजा अड़चनों की बढ़ती सूची में एक और नाम जोड़ती है। इससे पहले सोमाली रेफरी उमर आर्टन, इराक के अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी आयमान हुसैन और तलाल सलाह, हैती के वुडेनस्की पियरे तथा स्विट्जरलैंड के फॉरवर्ड ब्रील एम्बोलो को भी वर्ल्ड कप यात्रा व्यवस्था से जुड़ी वीजा दिक्कतों का सामना करना पड़ा है। यह ऐसे समय में आया है जब टूर्नामेंट के आयोजन को लेकर प्रशासनिक तैयारियाँ पहले से ही जाँच के दायरे में हैं।
आगे क्या होगा
घाना के विदेश मंत्रालय ने संकेत दिया है कि वह इस मामले को राजनयिक स्तर पर आगे उठाता रहेगा। पार्टी की कानूनी स्थिति — यूके में चल रहे अनिर्णीत आपराधिक मामले के साथ — यह निर्धारित करेगी कि भविष्य में उनके खेलने की संभावनाएँ किस दिशा में जाती हैं।